क्या रोजाना 15 मिनट की सुबह की धूप से सेहत को मिलते हैं कई लाभ?
सारांश
Key Takeaways
- 15-20 मिनट की सुबह की धूप से शरीर में विटामिन डी की मात्रा बढ़ती है।
- यह हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करती है।
- सुबह की धूप इम्यूनिटी को बढ़ाती है।
- यह तनाव को कम करती है और खुशी का एहसास कराती है।
- सुबह की धूप में रहना मेटाबॉलिज्म को तेज करता है।
नई दिल्ली, 12 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। आज के तेज़ रफ्तार जीवन में अधिकांश लोग घर या कार्यालय में ही रहते हैं, जहाँ एसी और बंद कमरों में समय बिताते हैं। इससे शरीर में विटामिन डी की कमी एक सामान्य समस्या बन गई है। अच्छी बात यह है कि सुबह की पहली धूप आपके लिए एक प्राकृतिक ऊर्जा बूस्टर का काम करती है।
रोज़ाना केवल 15-20 मिनट सुबह की धूप में बिताने से शरीर और मन दोनों को कई फायदे मिलते हैं। यह विटामिन डी को बढ़ाती है, हड्डियों को मजबूत करती है, मनोदशा को बेहतर बनाती है, इम्यून सिस्टम को सुदृढ़ करती है और पूरे दिन ताजगी एवं ऊर्जा बनाए रखती है।
भारत सरकार के आयुष मंत्रालय के अनुसार, दिन की शुरुआत सूरज की पहली किरणों के साथ करने से शरीर में कई सकारात्मक परिवर्तन होते हैं। यह न केवल विटामिन डी का सबसे अच्छा स्रोत है, बल्कि मेटाबॉलिज्म को बढ़ावा देती है, रक्त संचार को सुधारती है और पूरे दिन की जीवन शक्ति को बढ़ाती है। सुबह के समय सूरज की किरणों में अल्ट्रावॉयलेट (यूवी) किरणें सबसे प्रभावी होती हैं, जो त्वचा में विटामिन डी का निर्माण करती हैं। यह विटामिन हड्डियों को मजबूत करने के साथ-साथ इम्यूनिटी को बढ़ाती है, मूड को अच्छा रखती है और नींद को नियमित करती है।
विशेषज्ञों के अनुसार, सुबह की हल्की धूप शरीर की अग्नि (पाचन शक्ति) को सक्रिय करती है, जिससे मेटाबॉलिज्म तेज होता है और दिनभर ऊर्जा बनी रहती है। यह रक्त संचार को सुधारती है, जिससे ऑक्सीजन और पोषक तत्व पूरे शरीर में बेहतर पहुँचते हैं।
रोज़ाना 10-20 मिनट सुबह की धूप में समय बिताएं। इससे सेरोटोनिन हार्मोन बढ़ता है, जो तनाव को कम करता है और खुशी का अनुभव कराता है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि सुबह 7 से 10 बजे के बीच की धूप सबसे सुरक्षित और लाभकारी होती है, क्योंकि इस समय यूवी किरणें कम हानिकारक होती हैं।
एक्सपर्ट के अनुसार, सर्दियों में सुबह की धूप लेना विशेष रूप से फायदेमंद होता है। यह सरल, मुफ़्त और सबसे प्रभावी तरीका है। इसे अपनी दिनचर्या में शामिल करने से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार होगा, बल्कि मानसिक ताजगी भी मिलेगी।