क्या बिहार नए वर्ष के जश्न में डूबा है?
सारांश
Key Takeaways
- बिहार में नए वर्ष का जश्न ठंड के बावजूद मनाया गया।
- धूप खिलने से उत्साह बढ़ा।
- मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही।
- पार्कों में लोगों की भीड़ उमड़ी।
- सुरक्षा व्यवस्था को खास ध्यान दिया गया।
पटना, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बिहार में ठंड और शीतलहर के बीच लोग राजधानी पटना और अन्य शहरों में नए वर्ष के आगमन का जश्न मना रहे हैं। पटना में धूप खिलने से लोगों का उत्साह और बढ़ गया है।
राज्य के सभी पर्यटक स्थलों पर नए वर्ष के पहले दिन बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। कई श्रद्धालु भगवान के दर्शन करने के लिए मंदिरों में जा रहे हैं। पटना के संजय गांधी जैविक उद्यान में नव वर्ष मनाने वालों की भीड़ उमड़ी हुई है। यहाँ चिड़ियाघर में रंग-बिरंगे फूलों के साथ लोगों का स्वागत किया जा रहा है। चिड़ियाघर प्रशासन ने अतिरिक्त काउंटर खोले हैं।
राजधानी वाटिका में भी लोग नए वर्ष का जश्न मनाने पहुंचे हैं। कुम्हरार पार्क, वीरकुंवर सिंह आजादी पार्क, नवीन पार्क और अनीसाबाद पार्क जैसे स्थानों पर भी भीड़ दिखाई दे रही है।
पटना के मंदिरों में भी आज नई वर्ष की रौनक देखने को मिल रही है। महावीर मंदिर, पटन देवी और इस्कॉन मंदिर में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी हुई हैं।
नए वर्ष के पहले दिन सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत की गई है। 31 दिसंबर की रात शहर के होटलों और रेस्टोरेंटों में धूमधड़क से नए वर्ष का स्वागत किया गया। रात 12 बजे लोग खुशियों के साथ नए साल का आगाज करते हुए दिखे।
पटना के जेपी गंगा पथ और डाक बंगला चौराहा पर 'हैप्पी न्यू ईयर' की गूंज सुनाई दी और आतिशबाजी ने माहौल को और भी खुशनुमा बना दिया।