17 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

नवरात्र सातवाँ दिन: PM मोदी ने एक्स पर मां कालरात्रि भजन साझा किया, देश की समृद्धि की प्रार्थना

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
नवरात्र सातवाँ दिन: PM मोदी ने एक्स पर मां कालरात्रि भजन साझा किया, देश की समृद्धि की प्रार्थना

सारांश

नवरात्र के सातवें दिन PM मोदी ने एक्स पर मां कालरात्रि की स्तुति में ओडिया भजन साझा किया और देशवासियों की समृद्धि की कामना की। जानिए मां कालरात्रि के रौद्र-पर शुभंकरी स्वरूप और उनकी उपासना का विशेष महत्व।

मुख्य बातें

PM नरेंद्र मोदी ने 17 अक्टूबर 2026 को शारदीय नवरात्र के सातवें दिन एक्स पर मां कालरात्रि भजन साझा किया।
पोस्ट में लिखा: 'देवी मां की दिव्य कृपा से सबकी समृद्धि हो' — मोदी ने नई ऊर्जा और आत्मविश्वास की कामना की।
भजन 'दुर्गा पूजा स्पेशल' गायिकाओं ज्योतिर्मयी नायक और अंतरा चक्रवर्ती द्वारा गाया गया ओडिया भजन है।
मां कालरात्रि को 'शुभंकरी' कहा जाता है; रौद्र स्वरूप के बावजूद वे भक्तों को शुभ फल देती हैं।
मां को गुड़ का भोग अत्यंत प्रिय; तांत्रिकों और साधकों के लिए यह रात विशेष महत्व की है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार, 17 अक्टूबर 2026 को शारदीय नवरात्र के सातवें दिन एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर मां कालरात्रि की स्तुति से जुड़ा एक भजन साझा किया और देशवासियों की समृद्धि एवं नई ऊर्जा की कामना की। उन्होंने यह भजन एक यूट्यूब लिंक के माध्यम से पोस्ट किया।

पीएम मोदी की पोस्ट और संदेश

अपनी एक्स पोस्ट में प्रधानमंत्री ने लिखा, 'नवरात्र में आज मां कालरात्रि की विशेष उपासना का दिन है। उनके आशीर्वाद से सभी का जीवन नई ऊर्जा और नए आत्मविश्वास से आलोकित हो। देवी मां की दिव्य कृपा से सबकी समृद्धि हो, यही प्रार्थना है।' इस पोस्ट के साथ उन्होंने गायिकाओं ज्योतिर्मयी नायक और अंतरा चक्रवर्ती द्वारा गाए गए 'दुर्गा पूजा स्पेशल' शीर्षक के ओडिया भजन का यूट्यूब लिंक साझा किया। इस भजन में देवी दुर्गा के सभी स्वरूपों की महिमा का गुणगान किया गया है।

मां कालरात्रि का दिव्य स्वरूप

शारदीय नवरात्र के सातवें दिन आदि शक्ति के सातवें स्वरूप मां कालरात्रि की पूजा-अर्चना की जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां कालरात्रि का वर्ण श्याम है, केश खुले हुए हैं और गले में विद्युत की तरह चमकने वाली मुंडमाला सुशोभित है। उनके तीन नेत्र ब्रह्मांड की तरह गोल व प्रकाशमान हैं, जिनसे निरंतर अग्नि की ज्वालाएँ निकलती रहती हैं; श्वास छोड़ने से भी अग्नि की भयंकर लपटें उत्सर्जित होती हैं।

चतुर्भुजी मां कालरात्रि के बाएँ हाथों में खड्ग और वरमुद्रा है, जबकि दाहिना हाथ सदा अभय मुद्रा (भय दूर करने वाली) और वरद मुद्रा (वरदान देने वाली) में रहता है। उनका वाहन गर्दभ (गधा) है। यद्यपि यह स्वरूप रौद्र और भयानक दिखता है, परंतु मां अपने भक्तों को सदा शुभ फल ही देती हैं; इसीलिए उन्हें 'शुभंकरी' भी कहा जाता है।

पूजा विधि और महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां कालरात्रि को गुड़ अत्यंत प्रिय है। गुड़ का भोग लगाने से वे प्रसन्न होती हैं और भक्तों के सभी संकट दूर करती हैं। तांत्रिकों, योगियों और साधकों के लिए नवरात्र की यह रात विशेष रूप से महत्वपूर्ण मानी जाती है। मां कालरात्रि की उपासना से भक्तों में अटूट साहस, शक्ति और मानसिक शांति का संचार होता है।

आम जनता पर असर

गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी प्रत्येक नवरात्र पर एक्स के माध्यम से धार्मिक संदेश और भजन साझा करते हैं, जो लाखों अनुयायियों तक पहुँचते हैं। यह ऐसे समय में आया है जब पूरे देश में नवरात्र उत्सव का माहौल है और लाखों श्रद्धालु नौ दिनों की उपासना में लीन हैं। आगे नवरात्र के आठवें दिन मां महागौरी और नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो राजनीतिक संचार और सांस्कृतिक जुड़ाव का सम्मिश्रण है। यह पोस्ट नीतिगत घोषणा नहीं, बल्कि करोड़ों धार्मिक नागरिकों से सीधा भावनात्मक संवाद है — जिसमें मुख्यधारा की मीडिया अक्सर राजनीतिक रणनीति और वास्तविक आस्था के बीच की रेखा को नज़रअंदाज़ कर देती है। ओडिया भजन का चुनाव उल्लेखनीय है — यह एक विशेष भाषाई समुदाय तक सांस्कृतिक पहुँच का भी संकेत है।
RashtraPress
17 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

PM मोदी ने नवरात्र के सातवें दिन क्या साझा किया?
PM मोदी ने 17 अक्टूबर 2026 को एक्स पर मां कालरात्रि की स्तुति में ज्योतिर्मयी नायक और अंतरा चक्रवर्ती द्वारा गाए ओडिया भजन 'दुर्गा पूजा स्पेशल' का यूट्यूब लिंक साझा किया। साथ ही उन्होंने देशवासियों की समृद्धि और नई ऊर्जा की कामना की।
मां कालरात्रि कौन हैं और उनकी पूजा कब होती है?
मां कालरात्रि आदि शक्ति का सातवाँ स्वरूप हैं और शारदीय नवरात्र के सातवें दिन उनकी विशेष पूजा की जाती है। इनका स्वरूप रौद्र है परंतु ये भक्तों को सदा शुभ फल देती हैं, इसीलिए इन्हें 'शुभंकरी' भी कहा जाता है।
मां कालरात्रि को कौन-सा भोग प्रिय है?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां कालरात्रि को गुड़ का भोग अत्यंत प्रिय है। गुड़ अर्पित करने से वे प्रसन्न होती हैं और भक्तों के सभी संकट दूर होते हैं।
मां कालरात्रि का स्वरूप कैसा है?
मां कालरात्रि का वर्ण श्याम है, केश खुले हुए हैं और गले में विद्युत की तरह चमकने वाली मुंडमाला है। उनके तीन नेत्र प्रकाशमान हैं, उनका वाहन गर्दभ (गधा) है और वे चतुर्भुजी हैं — जिनके हाथों में खड्ग, वरमुद्रा, अभय मुद्रा और वरद मुद्रा हैं।
नवरात्र के बाकी दिन कौन-से देवी स्वरूपों की पूजा होती है?
सातवें दिन मां कालरात्रि के बाद आठवें दिन मां महागौरी और नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है, जो नवरात्र उपासना का समापन करती है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 घंटा पहले
  2. 2 दिन पहले
  3. 3 दिन पहले
  4. 4 दिन पहले
  5. 6 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले