पश्चिम बंगाल में भाजपा का आगाज, ममता की तानाशाही का अंत: नायब सैनी
सारांश
Key Takeaways
- नायब सैनी का रोड शो भाजपा के लिए समर्थन जुटाने का प्रयास है।
- ममता बनर्जी की सरकार में भ्रष्टाचार और बेरोजगारी की समस्याएं बढ़ी हैं।
- भाजपा ने बंगाल के विकास का वादा किया है।
- जनता को ममता की तानाशाही के खिलाफ खड़ा होना होगा।
- भाजपा का भविष्य बंगाल में उज्ज्वल हो सकता है।
कोलकाता, 7 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने मंगलवार को पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के श्रीरामपुर में भाजपा उम्मीदवारों के समर्थन में एक भव्य रोड शो किया।
सैनी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि बंगाल की जनता ने ममता बनर्जी पर बहुत भरोसा किया था, जबकि इससे पहले 35 वर्षों तक कम्युनिस्टों ने राज्य का शासन किया और इसे पीछे धकेल दिया। भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और मजदूरों के पलायन की समस्या अपने चरम पर थी। बड़े विश्वास के साथ, बंगाल की जनता ने ममता बनर्जी को चुना, लेकिन वह कम्युनिस्टों से भी आगे निकल गईं। आज युवाओं पर अत्याचार हो रहा है, बेरोजगारी बढ़ गई है और मजदूरों को मजबूरन पलायन करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में एक मजबूत भारत के लक्ष्य में बंगाल को उसका खोया हुआ गौरव वापस दिलाना भी शामिल है। बंगाल के लोग सही निर्णय लेंगे। यही मेरी उम्मीद और विश्वास है। ठीक उसी तरह, जैसे उन्होंने 35 वर्षों के कम्युनिस्ट शासन को उखाड़ फेंका था। वे एक बार फिर बंगाल की गरिमा और समृद्धि को हासिल करेंगे।
सीएम सैनी ने कहा कि यह 15 वर्षों का कुशासन है। बंगाल की जनता इसे सहन नहीं करेगी। ममता दीदी ने युवाओं, महिलाओं और गरीबों के खिलाफ जो अत्याचार किए हैं, उनके कारण हाशिए पर पड़े लोग और भी गरीब हो गए हैं। उनके द्वारा किए गए भ्रष्टाचार और गुप्त सौदों का पर्दाफाश होगा। इस चुनाव के बाद ममता दीदी और उनके सहयोगियों को अपने कार्यों का जवाब देना होगा।
उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में हम बंगाल में सरकार बनाने का इरादा रखते हैं। कम्युनिस्टों द्वारा राज्य के शोषण के बाद, लोगों ने ममता दीदी को चुना था। लेकिन ममता दीदी ने कम्युनिस्टों से भी अधिक अत्याचार किए। उन्होंने घुसपैठियों को राज्य में प्रवेश देने का कार्य किया, और उनकी सरकार भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। बंगाल के लोग पीएम मोदी के नेतृत्व में राज्य के विकास की आकांक्षा रखते हैं।