क्या पति के उत्पीड़न के कारण 28 साल की महिला ने की आत्महत्या?

सारांश
Key Takeaways
- घरेलू हिंसा एक गंभीर समस्या है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
- महिलाओं को सहारा देने के लिए हमें एकजुट होना होगा।
- पुलिस को ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए।
- समाज में सचेतना फैलाने की आवश्यकता है।
- महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना हमारी जिम्मेदारी है।
मुंबई, २९ अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई के गोरेगांव क्षेत्र में २८ वर्षीय सारीका अमोल राउत ने अपने पति के उत्पीड़न से परेशान होकर अपने आवास पर आत्महत्या की। यह घटना गोरेगांव के एसआरपीएफ कैंप में घटित हुई, जहां सारीका अपने परिवार के साथ निवास करती थीं।
पुलिस ने इस मामले में सारीका के पति, अमोल राउत (३४), जो कि स्टेट रिजर्व पुलिस फोर्स (एसआरपीएफ) में कॉन्स्टेबल हैं, को नासिक से गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, सारीका लंबे समय से अपने पति अमोल के व्यवहार से परेशान थीं। अमोल का कथित तौर पर किसी अन्य महिला के साथ संबंध था, जिसके कारण सारीका मानसिक तनाव और अवसाद का शिकार हो गई थीं।
सूत्रों के मुताबिक, अमोल के लगातार उत्पीड़न और भावनात्मक दबाव के चलते सारीका ने यह कठोर कदम उठाया। उन्हें अपने घर में फांसी पर लटका हुआ पाया गया, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया।
सारीका के भाई ने इस मामले में वनराय पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई, जिसमें उन्होंने अमोल पर अपनी बहन को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया।
शिकायत के आधार पर वनराय पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और अमोल राउत को नासिक से गिरफ्तार किया। पुलिस ने अमोल के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है।
सारीका के पड़ोसियों और रिश्तेदारों ने बताया कि वह एक शांत और सौम्य स्वभाव की महिला थीं, जो अपने परिवार के प्रति समर्पित थीं। पति-पत्नी के बीच चल रहे तनाव की बातें पहले भी सुनी गई थीं, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह इतना गंभीर रूप ले लेगा।
मुंबई पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि क्या अमोल का दूसरी महिला के साथ संबंध था और इससे सारीका पर क्या प्रभाव पड़ा। साथ ही, पुलिस सारीका के परिवार और दोस्तों से भी पूछताछ कर रही है ताकि इस दुखद घटना के पीछे की पूरी सच्चाई का पता लगाया जा सके।