गांधी मैदान में शान की आवाज का जादू, बिहार दिवस पर देंगे परफॉर्मेंस
सारांश
Key Takeaways
- गांधी मैदान में हो रहा बिहार के स्थापना दिवस का कार्यक्रम
- सिंगर शान और सोना महापात्रा की प्रस्तुति
- संगीत के माध्यम से बिहार की संस्कृति का प्रचार
- बिहार के लोगों के लिए विशेष शुभकामनाएं
- सुधा वर्गीज जैसे सामाजिक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति
पटना, 23 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। 22 मार्च को बिहार के 114वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में पटना के गांधी मैदान में तीन दिवसीय उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इस समारोह में बॉलीवुड के कई प्रसिद्ध गायक अपनी प्रस्तुति देंगे। हाल ही में, सिंगर सोना महापात्रा ने बिहार की धरती को सुरों से महकाने के लिए कदम रखा, और अब सोमवार को सिंगर शान अपनी मधुर आवाज के माध्यम से बिहार की संस्कृति की खुशबू को चारों ओर फैलाएंगे।
सिंगर शान को पटना एयरपोर्ट पर बात करते हुए देखा गया। वे गांधी मैदान में परफॉर्म करने के लिए बहुत उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि भले ही उनके चेहरे पर परफॉर्म करने की खुशी नहीं दिख रही हो, लेकिन दिल से वे बेहद खुश हैं। मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, "चेहरे पर थकावट की वजह से उत्साह नहीं दिख रहा, लेकिन मैं दिल से बिहार आकर बहुत खुश हूं और परफॉर्म करने के लिए पूरी तरह तैयार हूं। आज शाम को बहुत मजा आने वाला है और मैं कई गाने गाऊंगा।"
सिंगर ने बिहार दिवस की शुभकामनाएं भी दी। उन्होंने कहा, "मेरी तरफ से बिहार के सभी प्यारे निवासियों को दिल से बिहार दिवस की शुभकामनाएं।" गायक ने अधिक से अधिक लोगों को कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है।
गौरतलब है कि शान बॉलीवुड में अपने सॉफ्ट और रोमांटिक गानों के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने 'तन्हा दिल', 'चांद सिफारिश', 'जब से तेरे नैना', 'सूनो ना', 'तुम हो तो', और 'मेरे हाथों में' जैसे कई हिट गाने गाए हैं।
इससे पहले, बिहार दिवस के पहले दिन सोना महापात्रा ने भी गांधी मैदान में अपनी कला का प्रदर्शन किया था। आयोजन से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो भी सोना ने सोशल मीडिया पर साझा की थीं। वे बिहार म्यूजियम भी गईं और बिहार शिक्षा विभाग के अधिकारियों से मुलाकात की। सिंगर ने सुधा वर्गीज से भी मुलाकात की, जो बिहार और उत्तर प्रदेश के दलित, अनुसूचित जातियों के उत्थान के लिए काम करती हैं और शिक्षा के लिए भी प्रोत्साहित करती हैं। सुधा बिहार में महिलाओं की स्थिति में सुधार लाने का भी कार्य कर रही हैं। वे खुद का 'नारी गुंजन' गैर सरकारी संगठन भी चलाती हैं।