29 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पवन खेड़ा की असम पुलिस पूछताछ: '25 तारीख को फिर आऊंगा, जांच में सहयोग करता रहूंगा'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पवन खेड़ा की असम पुलिस पूछताछ: '25 तारीख को फिर आऊंगा, जांच में सहयोग करता रहूंगा'

सारांश

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा गुवाहाटी क्राइम ब्रांच में 11 घंटे से अधिक पूछताछ के बाद बाहर निकले और कहा कि 25 मई को फिर आएंगे। मामला मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा की एफआईआर से जुड़ा है। सर्वोच्च न्यायालय ने उन्हें अग्रिम जमानत दे रखी है।

मुख्य बातें

पवन खेड़ा से गुवाहाटी क्राइम ब्रांच ने 14 मई 2026 को 11 घंटे से अधिक पूछताछ की।
खेड़ा को 25 मई को फिर से पूछताछ के लिए बुलाया गया है।
मामला असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा की एफआईआर से जुड़ा है।
सर्वोच्च न्यायालय ने खेड़ा को गिरफ्तारी से राहत देते हुए अग्रिम जमानत दी है।
एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की मानहानि, जालसाजी सहित कई धाराएं शामिल हैं।

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने 14 मई 2026 को गुवाहाटी में असम पुलिस की पूछताछ के बाद पत्रकारों से कहा कि वे जांच में पूरा सहयोग दे रहे हैं और 25 मई को दोबारा बुलाए जाने पर भी उपस्थित होंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि पूछताछ की विषयवस्तु पर बाहर कोई चर्चा नहीं करेंगे।

पूछताछ का ब्यौरा

असम पुलिस की क्राइम ब्रांच ने गुवाहाटी स्थित अपने कार्यालय में खेड़ा से 11 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की। देर शाम कार्यालय से बाहर निकलने के बाद खेड़ा ने मीडिया से कहा, 'मैं पुलिस के साथ सहयोग कर रहा हूं। मैं कानून का पालन करने वाला नागरिक हूं और आगे भी जांच में सहयोग करता रहूंगा।'

खेड़ा ने यह भी कहा, 'एक जांच में जो भी सवाल पूछे जाते हैं, वो मुझसे पूछे गए। मुझे जो भी जवाब देना था, मैंने दिया। जितने सवाल पूछेंगे, उसका जवाब मैं दूंगा।'

मामले की पृष्ठभूमि

यह पूछताछ असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा की ओर से दर्ज कराई गई एफआईआर से जुड़े मामले में हो रही है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि खेड़ा ने सार्वजनिक रूप से दावा किया था कि रिंकी भुइयां सरमा के पास कई विदेशी पासपोर्ट हैं और विदेशों में उनके आर्थिक हित जुड़े हुए हैं।

एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की कई धाराएं लगाई गई हैं, जिनमें चुनाव से जुड़े मामलों में झूठे बयान, धोखाधड़ी, मूल्यवान दस्तावेजों की जालसाजी, सार्वजनिक रिकॉर्ड में फर्जीवाड़ा, फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल, जानबूझकर अपमान और मानहानि शामिल हैं।

सर्वोच्च न्यायालय का हस्तक्षेप

इससे पहले सर्वोच्च न्यायालय ने इस मामले में पवन खेड़ा को अग्रिम जमानत दी थी। न्यायालय ने उन्हें गिरफ्तारी से राहत देते हुए जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया था। खेड़ा ने कहा कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।

आगे क्या होगा

खेड़ा को 25 मई को क्राइम ब्रांच कार्यालय में फिर से उपस्थित होना है। उन्होंने साफ किया कि हर जिम्मेदार नागरिक को जांच में सहयोग देना चाहिए और वे इससे पीछे नहीं हटेंगे। यह मामला कांग्रेस और असम सरकार के बीच राजनीतिक तनाव की एक और कड़ी बनता दिख रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन राजनीतिक दबाव का आकलन अलग से करना होगा। विपक्षी नेताओं पर राज्य एजेंसियों के जरिए दबाव बनाने के आरोप नए नहीं हैं — यह मामला उसी बहस को फिर केंद्र में लाता है। असली सवाल यह है कि क्या आरोपों की जांच स्वतंत्र और पारदर्शी तरीके से होगी, या यह राजनीतिक टकराव का एक और मोर्चा बनकर रह जाएगा।
RashtraPress
29 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पवन खेड़ा से असम पुलिस किस मामले में पूछताछ कर रही है?
असम पुलिस की क्राइम ब्रांच मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा की ओर से दर्ज एफआईआर के सिलसिले में खेड़ा से पूछताछ कर रही है। शिकायत में आरोप है कि खेड़ा ने सार्वजनिक रूप से दावा किया कि रिंकी भुइयां सरमा के पास कई विदेशी पासपोर्ट हैं और विदेशों में उनके आर्थिक हित हैं।
पवन खेड़ा को क्या सर्वोच्च न्यायालय से राहत मिली है?
हाँ, सर्वोच्च न्यायालय ने इस मामले में पवन खेड़ा को अग्रिम जमानत दी है, जिससे उन्हें गिरफ्तारी से राहत मिली हुई है। न्यायालय ने साथ ही उन्हें जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया है।
एफआईआर में कौन-सी धाराएं लगाई गई हैं?
एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की कई धाराएं शामिल हैं — चुनाव से जुड़े मामलों में झूठे बयान, धोखाधड़ी, मूल्यवान दस्तावेजों की जालसाजी, सार्वजनिक रिकॉर्ड में फर्जीवाड़ा, फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल, जानबूझकर अपमान और मानहानि।
पवन खेड़ा को अगली बार कब बुलाया गया है?
पवन खेड़ा को 25 मई को गुवाहाटी क्राइम ब्रांच कार्यालय में फिर से उपस्थित होने के लिए कहा गया है। खेड़ा ने कहा है कि वे उपस्थित होंगे क्योंकि हर जिम्मेदार नागरिक को जांच में सहयोग देना चाहिए।
पवन खेड़ा ने पूछताछ के बाद मीडिया से क्या कहा?
खेड़ा ने कहा कि वे जांच में लगातार सहयोग कर रहे हैं और पूछे गए सभी सवालों के जवाब दे रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पूछताछ की विषयवस्तु पर बाहर कोई चर्चा नहीं करेंगे और न्यायपालिका पर उन्हें पूरा भरोसा है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 2 महीने पहले
  6. 2 महीने पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 2 महीने पहले