प्रयागराज में कोल्ड स्टोरेज हादसे में बिहार के तीन श्रमिकों की मौत, सीएम नीतीश ने परिवारों को सहायता की घोषणा की
सारांश
Key Takeaways
- प्रयागराज में कोल्ड स्टोरेज की छत गिरने से चार श्रमिकों की मौत हुई।
- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मृतक श्रमिकों के परिवारों को दो-दो लाख रुपए की सहायता राशि देने की घोषणा की।
- घायलों का इलाज स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल में चल रहा है।
- स्थानीय व्यवसायी अंसार अहमद का कोल्ड स्टोरेज था।
- प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
पटना, २४ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में कोल्ड स्टोरेज की छत गिरने की दुःखद घटना में बिहार के तीन श्रमिकों की जान गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस बर्बर घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने इसे अत्यंत दुखद बताते हुए मृतक श्रमिकों के परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से दो-दो लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।
सीएम नीतीश ने बिहार के घायल श्रमिकों के उचित उपचार की व्यवस्था करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया है। उन्होंने हादसे में घायल व्यक्तियों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की है।
मुख्यमंत्री ने स्थानिक आयुक्त नई दिल्ली को मृत श्रमिकों के पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव पहुंचाने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं करने का निर्देश दिया है।
प्रयागराज के फाफामऊ क्षेत्र में सोमवार को एक भयानक हादसा हुआ था, जिसमें कोल्ड स्टोरेज की इमारत तेज धमाके के साथ ढह गई। इस दुर्घटना में चार श्रमिकों की जान गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए थे।
यह घटना प्रयागराज-लखनऊ हाईवे पर स्थित चंदापुर गांव की है, जहां एक निजी कोल्ड स्टोरेज अचानक जोरदार धमाके के बाद धराशायी हो गया। पुलिस कमिश्नर जोगेंद्र कुमार ने बताया कि हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राहत एजेंसियां मौके पर पहुंच गई।
उन्होंने पुष्टि की कि इस दुर्घटना में चार लोगों की मौत हुई है, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं। घायलों को तुरंत एंबुलेंस के माध्यम से स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
प्रशासन के अनुसार, यह कोल्ड स्टोरेज स्थानीय व्यवसायी अंसार अहमद का है। प्रारंभिक जांच में संरचनात्मक लापरवाही की संभावना जताई गई है। इस मामले की जांच जिलाधिकारी स्तर पर की जा रही है, जबकि पुलिस सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है। हादसे के बाद प्रयागराज-लखनऊ हाईवे पर यातायात बाधित हो गया, जिससे मलाक हरहर इलाके में लंबा जाम लग गया था।