19 अक्टूबर 2026
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पाली फैक्ट्री अग्निकांड: तीन मजदूर गंभीर झुलसे, दो लापता; सुमेरपुर-फालना से बुलाई गईं दमकलें

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पाली फैक्ट्री अग्निकांड: तीन मजदूर गंभीर झुलसे, दो लापता; सुमेरपुर-फालना से बुलाई गईं दमकलें

सारांश

राजस्थान के पाली के औद्योगिक क्षेत्र में देर रात भड़की भीषण आग ने 17 में से तीन मजदूरों को गंभीर रूप से झुलसा दिया और दो अभी भी लापता हैं। पाँच जिलों की दमकलें बुलानी पड़ीं, दीवार तोड़कर आग बुझाई गई — कारण और नुकसान की जाँच जारी है।

मुख्य बातें

पाली के औद्योगिक क्षेत्र चतुर्थ फेज , ग्वार गांव स्थित फैक्ट्री में 19 अक्टूबर 2026 की देर रात भीषण आग लगी।
घटना के समय फैक्ट्री में कार्यरत 17 में से 3 मजदूर गंभीर रूप से झुलसे; उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जोधपुर रेफर किया गया।
2 श्रमिक अभी भी लापता हैं — मोबाइल पर रिंग जा रही है पर फोन नहीं उठाया जा रहा।
सुमेरपुर, रानी, फालना और सोजत से अतिरिक्त दमकलें बुलाई गईं; जेसीबी से दीवार तोड़कर आग बुझाई गई।
सीओ सिटी मंगलेश चुण्डावत सहित प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे; आग के कारणों की जाँच बाद में होगी।

राजस्थान के पाली जिले के औद्योगिक क्षेत्र चतुर्थ फेज स्थित ग्वार गांव की एक फैक्ट्री में 19 अक्टूबर 2026 की देर रात भीषण आग भड़क उठी, जिसमें तीन मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए और दो श्रमिकों का अभी तक कोई पता नहीं चला है। झुलसे मजदूरों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें जोधपुर रेफर कर दिया गया।

हादसे का घटनाक्रम

घटना के वक्त फैक्ट्री में कुल 17 श्रमिक कार्यरत थे। देर रात अचानक भड़की आग ने कुछ ही पलों में विकराल रूप ले लिया। धुएँ और लपटों के कारण परिसर में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग और पुलिस प्रशासन तत्काल हरकत में आ गया।

आग की भयावहता इतनी अधिक थी कि पाली की दमकल गाड़ियाँ अपर्याप्त साबित हुईं। इसके चलते सुमेरपुर, रानी, फालना और सोजत से भी दमकल वाहन बुलाए गए। दमकलकर्मियों को आग बुझाने के लिए जेसीबी मशीन की सहायता से फैक्ट्री की दीवार तोड़नी पड़ी, तब जाकर वे अंदर पहुँच सके। तड़के तक आग पर काबू पाया जा सका।

दो मजदूरों की तलाश जारी

हादसे के बाद यह जानकारी सामने आई कि फैक्ट्री में काम करने वाले दो श्रमिक लापता हैं। उनके मोबाइल फोन पर रिंग जा रही है, परंतु कॉल रिसीव नहीं हो रही। इससे उनके साथियों और परिजनों में गहरी चिंता बनी हुई है। प्रशासन और बचाव दल दोनों श्रमिकों की तलाश में जुटे हैं और फिलहाल उनकी स्थिति के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

घटना की सूचना पर औद्योगिक थाना पुलिस और सीओ सिटी मंगलेश चुण्डावत सहित वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लिया। दमकलकर्मियों तथा पुलिस की संयुक्त टीम ने अंदर संभावित रूप से फंसे श्रमिकों की खोज जारी रखी।

आग का कारण और आगे की जाँच

आग किस वजह से लगी, इसका अभी तक पता नहीं चल पाया है। अधिकारियों के अनुसार, आग पूरी तरह बुझने के बाद नुकसान का आकलन और कारणों की जाँच की जाएगी। गौरतलब है कि राजस्थान के औद्योगिक क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल पहले भी उठते रहे हैं।

फिलहाल सबसे बड़ी प्राथमिकता दोनों लापता मजदूरों का पता लगाना है। बचाव अभियान जारी है और स्थिति में किसी भी नए घटनाक्रम पर नजर रखी जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी एकाधिक जिलों की दमकलें बुलानी पड़ीं और दीवार तोड़नी पड़ी — यह बताता है कि परिसर में न पर्याप्त अग्निशमन उपकरण थे, न आपात निकास। दो लापता मजदूरों के मोबाइल पर रिंग जाना और जवाब न मिलना सबसे गहरी चिंता है। जाँच में यदि उचित फायर ऑडिट की अनदेखी सामने आई, तो जिम्मेदारी तय करने का सवाल उठना लाजिमी है।
RashtraPress
19 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पाली फैक्ट्री में आग कब और कहाँ लगी?
आग 19 अक्टूबर 2026 की देर रात पाली के औद्योगिक क्षेत्र चतुर्थ फेज स्थित ग्वार गांव की एक फैक्ट्री में लगी। घटना के समय फैक्ट्री में कुल 17 मजदूर काम कर रहे थे।
कितने मजदूर घायल हुए और उनकी स्थिति क्या है?
आग में तीन मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया और गंभीर हालत को देखते हुए जोधपुर रेफर किया गया।
दो लापता मजदूरों की तलाश कहाँ तक पहुँची?
प्रशासन और बचाव दल उन दोनों की तलाश में जुटे हैं। उनके मोबाइल फोन पर रिंग जा रही है, लेकिन फोन रिसीव नहीं हो रहा। फिलहाल उनके बारे में कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है।
आग बुझाने के लिए क्या-क्या कदम उठाए गए?
पाली के अलावा सुमेरपुर, रानी, फालना और सोजत से दमकल गाड़ियाँ बुलाई गईं। जेसीबी मशीन की मदद से फैक्ट्री की दीवार तोड़ी गई, जिसके बाद दमकलकर्मी अंदर पहुँचे और तड़के तक आग पर काबू पाया।
आग लगने का कारण क्या था?
आग का सटीक कारण अभी तक सामने नहीं आया है। अधिकारियों के अनुसार, आग पूरी तरह बुझने के बाद नुकसान का आकलन और कारणों की विस्तृत जाँच की जाएगी।
राष्ट्र प्रेस
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