क्या मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने सीधी जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया?
सारांश
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सीधी, 17 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने शुक्रवार को संक्षिप्त प्रवास के दौरान सीधी जिले के अस्पताल का औचक निरीक्षण किया, जहां उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं का मूल्यांकन किया। उनके साथ जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ने एक घंटे से अधिक समय तक चिकित्सकों से विस्तृत चर्चा की और अस्पताल की व्यवस्थाओं की गहराई से समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान शुक्ला ने वार्ड, इमरजेंसी कक्ष, लेबर रूम, ओपीडी और डॉक्टर कक्षा का निरीक्षण किया।
उन्होंने मरीजों से उपचार और दवाओं की उपलब्धता पर बातचीत की। इस अवसर पर उन्होंने स्पष्ट कहा कि अस्पताल की सफलता केवल चिकित्सकों पर निर्भर नहीं करती, बल्कि पूरी स्टाफ टीमवर्क पर निर्भर करती है।
उन्होंने कहा, “जितना आवश्यक डॉक्टर और पैरामेडिकल स्टाफ हैं, उतना ही महत्वपूर्ण योगदान आउटसोर्स कर्मियों का भी है। सच्चाई यह है कि जिला अस्पताल उनके बिना नहीं चल सकता।” उपमुख्यमंत्री ने यह भी संकेत दिया कि सरकार आउटसोर्स कर्मियों के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण रखती है और उनके मानदेय और स्थायित्व को लेकर ठोस कदम उठाएगी।
शुक्ला ने बताया कि सरकार जिले में एनेस्थीसिया डॉक्टर की कमी को दूर करने के लिए गंभीर प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही सीधी सहित आसपास के क्षेत्रों में आवश्यक विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति होगी। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता ग्रामीण क्षेत्रों में भी बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध कराना है। इसके लिए नए स्वास्थ्य केंद्रों की स्थापना, डॉक्टरों की पोस्टिंग और टेलीमेडिसिन जैसी तकनीकों पर काम चल रहा है।
निरीक्षण के दौरान उपमुख्यमंत्री ने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिए कि मरीजों को किसी प्रकार की कठिनाई न हो और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि “स्वस्थ प्रदेश के निर्माण में जिला अस्पतालों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है और इस दिशा में सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है।”