राजनाथ सिंह-एडमिरल डोंग जुन मुलाकात: बिश्केक में SCO के इतर भारत-चीन रक्षा वार्ता
सारांश
Key Takeaways
- रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और चीनी रक्षा मंत्री एडमिरल डोंग जुन की बिश्केक में 29 अप्रैल 2025 को द्विपक्षीय बैठक हुई।
- यह मुलाकात शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के रक्षा मंत्रियों की बैठक के इतर आयोजित की गई।
- चर्चा में क्षेत्रीय सुरक्षा, सीमा समन्वय और संचार तंत्र को मज़बूत करने पर ज़ोर दिया गया।
- 2020 में पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर हिंसक झड़प के बाद से दोनों देशों के संबंध तनावपूर्ण रहे हैं।
- राजनाथ सिंह ने विक्ट्री स्क्वायर, बिश्केक पर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की और किर्गिस्तान में भारतीय समुदाय से भी मुलाकात की।
- रक्षा विशेषज्ञों ने इस बैठक को सकारात्मक और रचनात्मक बताया है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और चीन के रक्षा मंत्री एडमिरल डोंग जुन के बीच 29 अप्रैल 2025 को किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में एक महत्वपूर्ण द्विपक्षीय बैठक हुई। यह मुलाकात शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के रक्षा मंत्रियों की बैठक के इतर आयोजित की गई, जिसमें क्षेत्रीय सुरक्षा, सीमा प्रबंधन और आपसी संवाद को मजबूत करने पर विशेष ज़ोर दिया गया। 2020 के पूर्वी लद्दाख गतिरोध के बाद से दोनों देशों के बीच रिश्तों को सामान्य बनाने की दिशा में यह बैठक एक अहम कड़ी मानी जा रही है।
बैठक में क्या हुआ
दोनों रक्षा मंत्रियों ने एशिया की मौजूदा सुरक्षा स्थिति और क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने के उपायों पर विचार-विमर्श किया। सूत्रों के अनुसार, सीमा क्षेत्रों में बेहतर समन्वय और तनाव कम करने के लिए प्रभावी संचार तंत्र को और सुदृढ़ बनाने पर विशेष बल दिया गया। इसके अलावा भारत-चीन के बीच द्विपक्षीय संवाद को और मज़बूती देने जैसे अहम मुद्दों पर भी चर्चा हुई।
राजनाथ सिंह का बयान
बैठक के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि