राष्ट्रीय रोजगार मेला: 20 संस्करणों में 12.75 लाख नियुक्ति पत्र जारी, PM मोदी ने 51,000 युवाओं को दिया रोजगार
सारांश
मुख्य बातें
केंद्र सरकार के राष्ट्रीय रोजगार मेला अभियान के तहत अब तक आयोजित 20 संस्करणों में करीब 12.75 लाख नियुक्ति पत्र जारी किए जा चुके हैं। सरकार द्वारा 19 सितंबर 2026 को जारी एक फैक्टशीट में यह जानकारी सामने आई। 20वें राष्ट्रीय रोजगार मेले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विभिन्न सरकारी विभागों में चयनित युवाओं को 51,000 से अधिक नियुक्ति पत्र वितरित किए।
अभियान की पृष्ठभूमि और विस्तार
फैक्टशीट के अनुसार, यह पहल अक्टूबर 2022 में 10 लाख सरकारी नौकरियाँ उपलब्ध कराने के लक्ष्य के साथ शुरू की गई थी। तब से यह मिशन मोड में चलने वाला देशव्यापी भर्ती अभियान बन चुका है।
पहले रोजगार मेले में देश भर के 50 स्थानों पर 75,000 से अधिक नियुक्ति पत्र वितरित किए गए थे। उसके बाद से प्रत्येक संस्करण में यह अभियान लगातार विस्तारित होता गया और सरकारी भर्ती प्रक्रिया को तेज करने का प्रमुख माध्यम बन गया।
किन विभागों में मिली नियुक्तियाँ
फैक्टशीट के मुताबिक, चयनित उम्मीदवारों ने रेल मंत्रालय, गृह मंत्रालय, डाक विभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, वित्तीय सेवा विभाग और श्रम एवं रोजगार मंत्रालय सहित कई अन्य विभागों में अपनी जिम्मेदारियाँ संभाली हैं।
भर्ती प्रक्रिया संघ लोक सेवा आयोग (UPSC), कर्मचारी चयन आयोग (SSC) और रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB) जैसी स्थापित भर्ती एजेंसियों के माध्यम से संचालित की गई।
कौशल विकास और उद्यमिता का समन्वय
सरकारी बयान के अनुसार, राष्ट्रीय रोजगार मेला केवल भर्ती तक सीमित नहीं है। यह कौशल विकास, करियर परामर्श और उद्यमिता सहायता को भी एक साथ जोड़ता है। इन आयोजनों को नेशनल स्किल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (NSDC), सेक्टर स्किल काउंसिल्स और प्रधानमंत्री कौशल केंद्रों (PMKK) के सहयोग से संचालित किया जाता है।
गौरतलब है कि इन आयोजनों में निजी क्षेत्र की कंपनियों को भी शामिल किया जाता है, ताकि योग्य उम्मीदवारों को सरकारी पदों के अतिरिक्त निजी रोजगार के अवसर भी सुलभ हों। यह ऐसे समय में आया है जब देश में युवा बेरोजगारी एक गंभीर नीतिगत चुनौती बनी हुई है।
आम युवाओं पर असर
फैक्टशीट के अनुसार, नौकरी तलाशने वालों और नियोक्ताओं के बीच सीधा संवाद स्थापित करने तथा कौशल और रोजगार के बीच बेहतर तालमेल बनाने में रोजगार मेलों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इससे कुशल कार्यबल तैयार करने और युवाओं को सार्वजनिक सेवा में भागीदारी के अवसर देने में मदद मिली है।
यह पहल न केवल सार्वजनिक क्षेत्र में भर्ती की गति बढ़ाने में सहायक रही है, बल्कि युवाओं को राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का अवसर भी देती है। आगे आने वाले संस्करणों में इस अभियान के और विस्तार की संभावना बताई जा रही है।