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सलमान खान को पान मसाला विज्ञापन मामले में राजस्थान हाईकोर्ट से मिली राहत

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सलमान खान को पान मसाला विज्ञापन मामले में राजस्थान हाईकोर्ट से मिली राहत

सारांश

बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान को पान मसाला विज्ञापन विवाद में राजस्थान हाईकोर्ट से राहत मिली है। अदालत ने जमानती वारंट पर रोक लगाते हुए उन्हें उपभोक्ता आयोग में पेश होने से छूट दी। जानिए इस मामले का पूरा विवरण।

मुख्य बातें

राजस्थान हाईकोर्ट ने सलमान खान के खिलाफ जमानती वारंट पर रोक लगाई।
उपभोक्ता आयोग ने विज्ञापन के लिए अंतरिम रोक लगाई थी।
मशहूर हस्तियों को भी कानून का पालन करना चाहिए।

जयपुर, 7 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान को पान मसाला विज्ञापन विवाद में राजस्थान हाईकोर्ट से महत्वपूर्ण राहत प्राप्त हुई है। हाईकोर्ट ने जयपुर जिला उपभोक्ता आयोग-II द्वारा जारी किए गए जमानती वारंट पर रोक लगा दी है।

जस्टिस अनूप सिंघी की पीठ ने सलमान खान और अन्य द्वारा दायर याचिका की सुनवाई के बाद यह आदेश पारित किया।

कोर्ट के इस निर्णय के बाद सलमान खान को 13 अप्रैल को उपभोक्ता आयोग के समक्ष उपस्थित होने की आवश्यकता नहीं है। पहले यह तिथि अंतिम अवसर निर्धारित की गई थी, और अगर वह उपस्थित नहीं होते तो उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए जाने की संभावना थी।

यह मामला योगेंद्र सिंह बडियाल द्वारा दायर की गई शिकायत से संबंधित है, जिसमें उन्होंने राजश्री पान मसाला और उसके ब्रांड एंबेसडर सलमान खान पर misleading विज्ञापन चलाने का आरोप लगाया है। इन उत्पादों का प्रचार 'केसर-युक्त इलायची' और 'केसर-युक्त पान मसाला' के नाम से किया गया था।

उपभोक्ता आयोग ने 6 जनवरी 2026 को इन उत्पादों के विज्ञापनों पर अंतरिम रोक लगा दी थी, लेकिन 9 जनवरी को जयपुर, कोटा और अन्य शहरों में होर्डिंग्स देखने को मिले, जिसे आयोग ने अपने आदेश का उल्लंघन माना।

आयोग ने टिप्पणी की कि किसी भी मशहूर हस्ती का होना इसका मतलब नहीं है कि वह कानून से ऊपर है। आयोग ने यह भी कहा कि वारंट जारी होने के बावजूद बार-बार अनुपस्थित रहना न्यायिक प्रणाली में जनता का विश्वास कमजोर करता है।

सलमान खान के खिलाफ चार बार जमानती वारंट जारी किए गए, लेकिन उनका तामील नहीं हो सका। हाल की सुनवाई में आयोग ने नाराजगी व्यक्त की थी और सख्त कदम उठाने की चेतावनी दी थी।

सलमान खान की ओर से सीनियर एडवोकेट आर.पी. सिंह, जी.एस. बाफना, दिवेश शर्मा, वरुण सिंह और शिवांग्शु नवल ने अदालत में दलीलें प्रस्तुत कीं।

संपादकीय दृष्टिकोण

क्योंकि यह दिखाता है कि कानून किसी भी व्यक्ति के लिए समान है, चाहे वह कितने भी बड़े सितारे क्यों न हो। यह निर्णय उपभोक्ता अधिकारों की सुरक्षा और कानून के शासन की पुष्टि करता है।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या सलमान खान को पेश होना था?
हां, पहले उन्हें 13 अप्रैल को उपभोक्ता आयोग के सामने पेश होना था, लेकिन हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है।
यह मामला किसके द्वारा दायर किया गया था?
यह शिकायत योगेंद्र सिंह बडियाल द्वारा दायर की गई थी।
आयोग ने सलमान खान के खिलाफ क्या कहा?
आयोग ने कहा कि मशहूर हस्ती होने का मतलब यह नहीं है कि कोई कानून से ऊपर हो जाए।
क्या जमानती वारंट का तामील हुआ?
नहीं, सलमान खान के खिलाफ चार बार जमानती वारंट जारी किए गए, लेकिन उनका तामील नहीं हो सका।
क्या कोर्ट ने कोई सख्त कदम उठाने की चेतावनी दी थी?
हाँ, आयोग ने हाल की सुनवाई में सलमान खान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी थी।
राष्ट्र प्रेस
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