सरकार ने जमाखोरों पर कसा शिकंजा: विजय सिन्हा की चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
- जमाखोरी पर सख्त निगरानी
- पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं
- कानूनी कार्रवाई की जाएगी
- ममता बनर्जी पर टिप्पणी
- शिक्षा व्यवस्था में सुधार
पटना, 11 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने उन व्यक्तियों को कठोर चेतावनी दी है जो मध्य पूर्व में चल रहे संघर्ष के बीच पेट्रोल, डीजल और गैस की जमाखोरी कर रहे हैं। उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार ऐसे लोगों पर गहन निगरानी रख रही है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पटना में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने बिहार के नागरिकों को आश्वस्त किया कि पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है। स्थिति नियंत्रण में है और केंद्र सरकार इस मामले पर नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि ऐसे संकट के समय में फर्जी अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए। साथ ही, जो लोग कालाबाजारी में लगे हुए हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि कुछ लोग यह दावा कर रहे हैं कि भारत में तेल और ईंधन की कमी हो सकती है, लेकिन भारत के पास 250 मिलियन बैरल कच्चे तेल और ईंधन का भंडार है। लगभग 7-8 हफ्तों का सुरक्षित भंडार उपलब्ध है और 258 एमएमटीपीए रिफाइनिंग क्षमता के साथ भारत तैयार है।
बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के धरने के समाप्त होने पर उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कहा कि ममता बनर्जी परेशान हैं और उन्हें सत्ता खोने का डर सता रहा है। उन्होंने राष्ट्रपति और राज्यपाल का अपमान किया, शिकायतें दर्ज कीं और अब चुनाव आयोग में काले झंडे दिखाए। वह संवैधानिक संस्थाओं का अपमान कर रही हैं और अपनी चिंताओं में कुछ भी कह सकती हैं।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि ममता बनर्जी को लगा कि एसआईआर पर सहानुभूति घट रही है, इसलिए वे धरना समाप्त करने के लिए राजी हुईं। एसआईआर बंगाल के हित में है और जनता ने घुसपैठियों को बाहर निकालने का संकल्प लिया है। चुनाव आयोग का कदम सही है और वोटर लिस्ट को दुरुस्त किया जाना आवश्यक है।
बिहार की शिक्षा व्यवस्था पर चर्चा करते हुए उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कहा कि एनडीए सरकार के प्रयासों से बिहार में उच्च शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा और मजबूती मिल रही है। नए कॉलेजों की स्थापना, बेहतर बुनियादी सुविधाएं और आधुनिक संसाधनों के साथ विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का वातावरण उपलब्ध कराया जा रहा है।