'नारी शक्ति वंदन अधिनियम': महिलाओं का २७ वर्षों का इंतजार, शाइना एनसी का बयान
सारांश
Key Takeaways
- महिला आरक्षण बिल: महिलाओं के राजनीतिक प्रतिनिधित्व को सुनिश्चित करता है।
- २७ वर्षों का इंतजार: महिलाओं ने इस अधिनियम का लंबे समय से इंतजार किया है।
- प्रधानमंत्री का समर्थन: मोदी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम का समर्थन किया है।
- शाइना एनसी की राय: यह अधिनियम महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है।
- बारामती उपचुनाव: सुनेत्रा पवार की जीत हुई है।
मुंबई, १३ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई में विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए शाइना एनसी ने महिला आरक्षण बिल, सांस्कृतिक क्षेत्र और चुनावी राजनीति पर अपने विचार साझा किए।
शिवसेना की प्रवक्ता शाइना एनसी ने कहा, "'नारी शक्ति वंदन' आज की आवश्यकता है। इस देश की जनता, विशेष रूप से महिलाएं, २७ वर्षों१८१ सीटों पर चुनाव लड़ने में सफल होते हैं, तो यह एक बड़ी उपलब्धि होगी, क्योंकि अवसर मिलने पर ही व्यक्ति अपनी प्रतिभा प्रदर्शित कर सकता है।"
महिला आरक्षण विधेयक पर शाइना एनसी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने बिना किसी देरी के 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' का समर्थन किया है। केंद्रीय कैबिनेट के इस निर्णय और संसद में होने वाली चर्चाओं में सभी राजनीतिक दलों को अपनी राजनीतिक इच्छाशक्ति प्रदर्शित करनी चाहिए।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर के बयान पर शिवसेना नेता ने कहा कि मुझे खुशी है कि शशि थरूर और कांग्रेस के अन्य नेताओं ने इस बात की सराहना की है कि भारत ने कूटनीतिक क्षेत्र में किस प्रकार की भूमिका निभाई है। हम सभी यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि कोई भी प्रतिगामी राजनीति न हो, बल्कि एक सकारात्मक संवाद हो। हम शशि थरूर के बयान का स्वागत करते हैं।
बारामती उपचुनाव के संदर्भ में शिवसेना नेता ने कहा कि सुनेत्रा पवार की ऐतिहासिक जीत स्वाभाविक है।
शाइना एनसी ने आशा ताई के लिए कहा, "आशा भोसले, जिन्होंने १२,००० से अधिक गाने विभिन्न भारतीय भाषाओं में गाए और उनकी गायकी का दायरा न्यू एज डिस्को से लेकर भजन, शास्त्रीय संगीत और हिंदी सिनेमा तक फैला हुआ है। मुझे लगता है कि उनकी प्रतिभा इतनी बहुपरक थी कि आने वाली कई पीढ़ियां उन्हें याद रखेंगी।"
बंगाल विधानसभा चुनाव पर शाइना एनसी ने कहा कि बंगाल में भाजपा की सरकार आ रही है। जनता का विश्वास है कि भाजपा ही विकास कर सकती है, इसलिए लोग भाजपा को सत्ता में ला रहे हैं।