17 अक्टूबर 2026
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सपा सांसदों का वार: 'योगी आदित्यनाथ पीडीए से भयभीत, चुनाव आयोग ने धांधली के सबूतों पर नहीं दिया जवाब'

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सपा सांसदों का वार: 'योगी आदित्यनाथ पीडीए से भयभीत, चुनाव आयोग ने धांधली के सबूतों पर नहीं दिया जवाब'

सारांश

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने CM योगी आदित्यनाथ पर पीडीए गठजोड़ से भयभीत होने का आरोप लगाया और चुनाव आयोग से 100 सीटों की कथित धांधली के सबूतों पर जवाब माँगा। विरोध-प्रदर्शन पर पाबंदी को 'अघोषित आपातकाल' बताते हुए पार्टी ने 2027 चुनाव के लिए बूथ स्तर पर कमर कस ली है।

मुख्य बातें

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने CM योगी आदित्यनाथ पर पीडीए गठजोड़ से भयभीत होने का आरोप लगाया।
सपा ने चुनाव आयोग पर 100 विधानसभा क्षेत्रों में कथित धांधली के सबूतों पर जवाब न देने का इल्ज़ाम लगाया।
अवधेश प्रसाद ने विरोध-प्रदर्शन पर पाबंदी को 'अघोषित आपातकाल' की संज्ञा दी।
सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने वाराणसी से कहा — पार्टी 2027 विधानसभा चुनाव के लिए बूथ स्तर पर तैयार है।
अवधेश प्रसाद ने नवरात्रि पर भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी के शीघ्र स्वास्थ्य-लाभ की कामना की।

समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद अवधेश प्रसाद और वीरेंद्र सिंह ने 17 अक्टूबर 2026 को भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार, चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर कड़े आरोप लगाए। अवधेश प्रसाद ने यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर पीडीए (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) गठजोड़ से भयभीत होने का आरोप मढ़ा, जबकि चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी सीधे सवाल उठाए।

पीडीए और अखिलेश की लोकप्रियता से 'डरी' भाजपा

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पीडीए गठजोड़ की बढ़ती ताकत को लेकर चिंतित हैं। उन्होंने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की बढ़ती जनप्रियता और आम जनता का उन पर बढ़ता विश्वास भाजपा के लिए राजनीतिक चुनौती बनता जा रहा है। उनके अनुसार, 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा की स्थिति और कमज़ोर पड़ सकती है।

यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में विपक्षी दल भाजपा के खिलाफ अपनी संगठनात्मक पकड़ को बूथ स्तर तक मज़बूत करने में जुटे हैं।

चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठे सवाल

अवधेश प्रसाद ने चुनाव आयोग पर सीधा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 100 विधानसभा क्षेत्रों में कथित धांधली के सबूत आयोग को सौंपे, लेकिन आयोग ने अब तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की मज़बूती के लिए चुनाव आयोग का निष्पक्ष एवं ईमानदार होना अनिवार्य है। उनके अनुसार, विपक्षी गठबंधन इंडी और समाजवादी पार्टी इस मुद्दे पर लगातार आवाज़ उठा रहे हैं, परंतु कोई ठोस सुधार दिखाई नहीं दिया है।

विरोध-प्रदर्शन पर पाबंदी को 'अघोषित आपातकाल' बताया

अवधेश प्रसाद ने कहा कि अन्याय के विरुद्ध आवाज़ उठाना समाजवादियों की परंपरा रही है। उनके अनुसार, यदि विरोध-प्रदर्शनों पर पाबंदियाँ लगाई जाती हैं तो नागरिकों के अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार पर सीधा असर पड़ता है। उन्होंने ऐसी स्थिति को 'अघोषित आपातकाल' जैसा बताया।

गौरतलब है कि बड़े राजनीतिक रैलियों और धरना-प्रदर्शनों पर प्रशासनिक पाबंदियों को लेकर विपक्षी दलों ने पहले भी सरकार की आलोचना की है।

आडवाणी के स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना

लखनऊ में अवधेश प्रसाद ने भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी के स्वास्थ्य को लेकर प्रार्थना की। नवरात्रि के अवसर पर उन्होंने कहा कि वे मां दुर्गा से प्रार्थना करते हैं कि आडवाणी का स्वास्थ्य बेहतर हो और वे जल्द अस्पताल से स्वस्थ होकर लौटें एवं लंबे समय तक देश की सेवा करते रहें।

वाराणसी से वीरेंद्र सिंह का संकल्प: 2027 में वोट चोरी नहीं होने देंगे

वाराणसी में सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा कि पार्टी 2027 का विधानसभा चुनाव पूरी तैयारी के साथ लड़ेगी। उन्होंने बताया कि सपा कार्यकर्ता बूथ स्तर पर सक्रिय हैं और कथित वोट चोरी को रोकने के लिए मुस्तैद रहेंगे। नेहा बोरा के बयान को लेकर भाजपा पर निशाना साधते हुए वीरेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि भाजपा शब्दों को तोड़-मरोड़कर पेश करने में माहिर है।

उन्होंने कहा कि जनांदोलन सड़कों पर लड़ा जाता है और सपा जनजागरण के लिए सड़क पर उतर रही है। उनके अनुसार, यदि सत्ताधारी दल कथित वोट चोरी का समर्थन करता है, तो उसे इसके राजनीतिक परिणाम भुगतने होंगे।

2027 का उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव अभी करीब डेढ़ साल दूर है, लेकिन सपा और भाजपा दोनों का आरोप-प्रत्यारोप यह संकेत दे रहा है कि राज्य में सियासी पारा पहले से ही चढ़ा हुआ है।

संपादकीय दृष्टिकोण

क्योंकि 2024 के लोकसभा नतीजों में इसी समीकरण ने यूपी में भाजपा को बड़ा झटका दिया था। चुनाव आयोग पर 100 सीटों की धांधली के आरोप गंभीर हैं, लेकिन सबूतों की सार्वजनिक जाँच और स्वतंत्र सत्यापन के बिना ये आरोप राजनीतिक बयानबाज़ी से आगे नहीं बढ़ते। विरोध-प्रदर्शन को 'अघोषित आपातकाल' बताना विपक्ष की पुरानी शैली है — असली परीक्षा यह होगी कि सपा बूथ स्तर की तैयारी को ज़मीनी वोट में तब्दील कर पाती है या नहीं।
RashtraPress
17 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने योगी आदित्यनाथ पर क्या आरोप लगाए?
अवधेश प्रसाद ने आरोप लगाया कि CM योगी आदित्यनाथ पीडीए (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) गठजोड़ की बढ़ती ताकत और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की लोकप्रियता से भयभीत हैं। उनके अनुसार इसी कारण 2027 के चुनाव में भाजपा की स्थिति और कमज़ोर पड़ सकती है।
सपा ने चुनाव आयोग पर क्या सवाल उठाए हैं?
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव ने 100 विधानसभा क्षेत्रों में कथित धांधली के सबूत चुनाव आयोग को सौंपे, लेकिन आयोग ने अब तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। उन्होंने लोकतंत्र की मज़बूती के लिए आयोग की पूर्ण निष्पक्षता को अनिवार्य बताया।
अवधेश प्रसाद ने विरोध-प्रदर्शन पर पाबंदी को क्या कहा?
अवधेश प्रसाद ने विरोध-प्रदर्शनों पर पाबंदी को 'अघोषित आपातकाल' जैसा बताया। उनके अनुसार, ऐसी पाबंदियाँ नागरिकों के अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार पर सीधा प्रहार हैं।
2027 यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर सपा की क्या तैयारी है?
वाराणसी से सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा कि पार्टी 2027 के चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है। सपा कार्यकर्ता बूथ स्तर पर सक्रिय हैं और कथित वोट चोरी को रोकने के लिए मुस्तैद रहेंगे।
अवधेश प्रसाद ने लालकृष्ण आडवाणी के बारे में क्या कहा?
अवधेश प्रसाद ने नवरात्रि के अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी के शीघ्र स्वास्थ्य-लाभ की कामना की। उन्होंने मां दुर्गा से प्रार्थना की कि आडवाणी जल्द अस्पताल से लौटें और लंबे समय तक देश की सेवा करते रहें।
राष्ट्र प्रेस
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