राज्यसभा में तरुण चुघ का आरोप: पाकिस्तान से ड्रोन द्वारा पंजाब में हथियार-नशा तस्करी, 6,060 मामले दर्ज
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राज्यसभा सांसद तरुण चुघ ने 10 अगस्त 2026 को संसद के उच्च सदन में पंजाब की बिगड़ती कानून-व्यवस्था और नशे के बढ़ते अवैध कारोबार का मुद्दा तीखे तेवरों के साथ उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि पाकिस्तान से ड्रोन के ज़रिए पंजाब में लगातार हथियार और मादक पदार्थ भेजे जा रहे हैं, जिससे राज्य के युवा और समाज दोनों गंभीर संकट में हैं। उल्लेखनीय है कि सोमवार को राज्यसभा में विपक्ष की नारेबाज़ी के बीच सदन की कार्यवाही कुछ ही देर बाद दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
मुख्य आरोप और आँकड़े
चुघ ने वर्ष 2024 की अपराध रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि एक ही वर्ष में पंजाब में मादक पदार्थों से जुड़े 6,060 मामले सामने आए। उनके अनुसार, मादक पदार्थ रखने के मामलों में पंजाब पूरे देश में सबसे आगे रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि नशे के अत्यधिक सेवन के कारण एक साल में 89 लोगों की मौत हुई, जबकि अगले वर्ष यह आँकड़ा बढ़कर 106 तक पहुँच गया।
सीमापार तस्करी और सुरक्षा चिंताएँ
BJP सांसद ने कहा कि सीमावर्ती पंजाब में लंबे समय से नशे का एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है और पाकिस्तान की ओर से ड्रोन के माध्यम से हथियार तथा मादक पदार्थ राज्य में पहुँचाए जा रहे हैं। उन्होंने पंजाब के पुलिस थानों पर करीब 21 बम धमाकों का उल्लेख किया और पंजाब पुलिस मुख्यालय पर रॉकेट लांचर से हुए हमले का भी ज़िक्र किया। चुघ के अनुसार, राज्य में गोलीबारी, झपटमारी और हत्या जैसी गंभीर वारदातें लगातार सामने आ रही हैं।
पंजाब सरकार पर निशाना
चुघ ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार न तो नशे पर लगाम लगाने में सफल रही है और न ही अपराध नियंत्रण में। उन्होंने कहा कि राज्य में माफिया का प्रभाव बढ़ गया है और स्थिति इस हद तक बिगड़ी है कि पंजाब की जेलें 'स्टूडियो' बन चुकी हैं — जहाँ से कथित तौर पर आपराधिक गतिविधियाँ संचालित होती हैं। गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब संसद में पंजाब की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठे हों; पिछले कई सत्रों में भी यह मुद्दा गूँजता रहा है।
आम जनता पर असर
चुघ ने कहा कि पंजाब के गाँवों और शहरों में नशे का असर गंभीर रूप से दिखाई दे रहा है और राज्य के युवा लगातार नशे की गिरफ्त में आ रहे हैं। यह ऐसे समय में आया है जब पंजाब में रोज़गार और शिक्षा की चुनौतियाँ भी बनी हुई हैं, जिससे युवाओं की संवेदनशीलता और बढ़ जाती है। अपराध की बढ़ती घटनाओं ने आम नागरिकों में असुरक्षा का माहौल पैदा किया है।
आगे क्या
राज्यसभा में उठाए गए इस मुद्दे के बाद केंद्र सरकार और पंजाब सरकार दोनों पर दबाव बढ़ने की संभावना है। सीमापार ड्रोन तस्करी के मामले में केंद्रीय एजेंसियों की भूमिका और राज्य-केंद्र समन्वय पर आगे बहस होने की उम्मीद है।