क्या भाजपा लोकतंत्र खत्म कर देश में राजतंत्र लाना चाहती है? : तेजस्वी यादव

सारांश
Key Takeaways
- तेजस्वी यादव ने भाजपा पर लोकतंत्र खत्म करने का आरोप लगाया।
- बिहार की 20 साल पुरानी सरकार को उखाड़ने का आह्वान किया।
- महागठबंधन की सरकार बनने पर समस्याओं के समाधान का भरोसा दिलाया।
- भ्रष्टाचार और कानून व्यवस्था की स्थिति पर चिंता जताई।
- बेरोजगारी को खत्म करने की बात की।
सीतामढ़ी, 28 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी पर हमला करते हुए कहा कि भाजपा देश में लोकतंत्र खत्म कर राजतंत्र लाना चाहती है। उन्होंने इस अवसर पर लोगों से अपील की कि वे बिहार में 20 साल पुरानी सरकार को उखाड़ फेंकें।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के साथ वोटर अधिकार यात्रा में सीतामढ़ी के रीगा विधानसभा पहुंचे तेजस्वी यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का स्वास्थ्य अब ऐसा नहीं है कि वे बिहार को संभाल सकें। उनकी सरकार अब खटारा हो चुकी है और बिहार में अफसरशाही अपने चरम पर है।
तेजस्वी ने कहा कि जब बिहार में महागठबंधन की सरकार थी, तब रीगा चीनी मिल चालू हो गई थी, लेकिन अभी भी कई समस्याएं हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगर महागठबंधन की सरकार बनी तो उन समस्याओं का समाधान होगा।
राजद नेता ने कहा कि सरकार को कमाई, सिंचाई, दवाई, पढ़ाई, सुनवाई और कार्रवाई पर ध्यान देना चाहिए, लेकिन आज भ्रष्टाचार हर जगह फैला हुआ है। कानून व्यवस्था की स्थिति भी खराब है।
तेजस्वी यादव ने लोगों से अपील की कि अगर वे भ्रष्टाचार और अपराध से मुक्ति चाहते हैं तो वर्तमान सरकार को बदलें और एक नई सरकार बनाएं जो नए सोच के साथ बिहार को आगे बढ़ाए। बेरोजगारी को समाप्त करना सबसे बड़ी चुनौती है।
उन्होंने बिहार सरकार को नकलची सरकार बताया और कहा कि भाजपा केवल हिंदू-मुस्लिम के मुद्दे उठाती है, ताकि बेरोजगारी की चर्चा न हो सके। जब वे सरकार में आएंगे तो सभी धर्मों और समाज के लोगों के साथ मिलकर काम करेंगे।