10 अक्टूबर 2026
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दमोह बस हादसा: कक्षा 8 की दो छात्राओं की मौत, एक घायल; ग्रामीणों ने किया राजमार्ग जाम

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दमोह बस हादसा: कक्षा 8 की दो छात्राओं की मौत, एक घायल; ग्रामीणों ने किया राजमार्ग जाम

सारांश

मध्य प्रदेश के दमोह में स्कूल जा रही कक्षा 8 की दो छात्राओं — दासोदा पटेल और आरुषि ठाकुर — की बस की टक्कर से मौत हो गई। हादसे के बाद ग्रामीणों ने राजमार्ग जाम कर दिया और बसों पर पत्थर फेंके। प्रशासन ने बस जब्त कर जाँच शुरू की है।

मुख्य बातें

दमोह-जबलपुर राज्य राजमार्ग पर 10 अक्टूबर 2026 को यात्री बस की टक्कर से कक्षा 8 की दो छात्राओं की मौत।
मृतकों की पहचान दासोदा पटेल (14) और आरुषि ठाकुर (14) के रूप में हुई; घायल नित्या सेन जिला अस्पताल में भर्ती।
हादसे के बाद ग्रामीणों ने राजमार्ग जाम किया और बसों पर पत्थरबाजी की; भारी पुलिस बल तैनात।
दमोह कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने बस तत्काल जब्त करने के निर्देश दिए।
एसडीओपी अर्चना अहीर ने मौतों की पुष्टि की; अधिकारियों ने परिवारों को माँगें पूरी करने का आश्वासन दिया।

मध्य प्रदेश के दमोह-जबलपुर राज्य राजमार्ग पर शनिवार, 10 अक्टूबर 2026 को एक यात्री बस की चपेट में आने से कक्षा 8 की दो छात्राओं की मौत हो गई और एक अन्य छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गई। यह दर्दनाक हादसा नोहता पुलिस थाना क्षेत्र के आभाना गांव के समीप हुआ, जब तीनों लड़कियाँ स्कूल जाने के लिए निकली थीं।

हादसे का घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार, तीनों छात्राएं सुबह स्कूल जा रही थीं, तभी एक यात्री बस ने उन्हें टक्कर मार दी। मृत छात्राओं की पहचान दासोदा पटेल (14 वर्ष) और आरुषि ठाकुर (14 वर्ष) के रूप में हुई है। घायल छात्रा नित्या सेन को तत्काल जिला अस्पताल भेजा गया, जहाँ उनका उपचार जारी है।

रिपोर्टों के अनुसार, घटना में कुछ अन्य स्कूली छात्राएं भी प्रभावित हुई हैं, हालाँकि कुल घायलों की संख्या को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है।

ग्रामीणों का आक्रोश और सड़क जाम

हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों और स्थानीय निवासियों का आक्रोश फूट पड़ा। गुस्साई भीड़ ने दमोह-जबलपुर राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया। कुछ प्रदर्शनकारियों ने बसों पर पत्थर भी फेंके। स्थिति को काबू में लाने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया और अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर सड़क खाली कराई।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

तेंदूखेड़ा की सब-डिविजनल पुलिस अधिकारी (एसडीओपी) अर्चना अहीर ने पुष्टि की कि दो लड़कियों की मौत हुई और एक घायल है। उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने परिजनों को आश्वस्त किया है कि उनकी माँगों पर शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।

दमोह कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने जिला अस्पताल का दौरा कर घायल छात्रा का हाल जाना। उन्होंने जिला परिवहन अधिकारी को बस को तत्काल जब्त करने के निर्देश दिए। नायब तहसीलदार रघुनांदन चतुर्वेदी भी शोकाकुल परिवारों से मिलने अस्पताल पहुँचे।

आम जनता और सड़क सुरक्षा पर असर

यह हादसा ऐसे समय में आया है जब मध्य प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं में स्कूली बच्चों की मौत की घटनाएँ चिंताजनक रूप से सामने आती रही हैं। गाँव के पास राजमार्ग पर वाहनों की बेलगाम रफ्तार और स्कूल रूट पर सुरक्षित पैदल मार्ग की अनुपस्थिति को लेकर स्थानीय लोगों में गहरा रोष है।

गौरतलब है कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूली बच्चों की सड़क सुरक्षा को लेकर बार-बार सवाल उठते रहे हैं, लेकिन ठोस नीतिगत कदम अब भी अपर्याप्त बताए जाते हैं।

आगे क्या होगा

पुलिस ने बस जब्त कर ली है और आगे की जाँच जारी है। चालक के विरुद्ध कार्रवाई अपेक्षित है। प्रशासन द्वारा दिए गए आश्वासनों के बाद सड़क पर यातायात आंशिक रूप से बहाल हुआ, लेकिन क्षेत्र में तनाव बना हुआ है। परिवारों की माँगों पर अधिकारियों की आगामी प्रतिक्रिया इस मामले की दिशा तय करेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि ग्रामीण मध्य प्रदेश में स्कूल मार्गों पर बुनियादी सुरक्षा ढाँचे की विफलता का प्रतीक है। राजमार्गों से सटे गाँवों में पैदल पारपथ, स्पीड ब्रेकर और बस-चालक जवाबदेही के अभाव में ऐसी त्रासदियाँ बार-बार दोहराई जाती हैं, फिर भी नीतिगत सुधार ठोस रूप नहीं ले पाते। प्रशासन का 'आश्वासन देकर भीड़ हटाओ' वाला पुराना फॉर्मूला इस बार भी दिखा, लेकिन असली सवाल यह है कि बस जब्ती और जाँच के आगे क्या होगा। बिना संरचनात्मक बदलाव के, अगली त्रासदी सिर्फ समय की बात है।
RashtraPress
10 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दमोह बस हादसे में कौन-सी छात्राएं मारी गईं?
हादसे में कक्षा 8 की छात्राएं दासोदा पटेल (14 वर्ष) और आरुषि ठाकुर (14 वर्ष) की मौत हो गई। तीसरी छात्रा नित्या सेन गंभीर रूप से घायल हैं और जिला अस्पताल में उपचाराधीन हैं।
दमोह बस दुर्घटना कहाँ और कब हुई?
यह हादसा 10 अक्टूबर 2026 को मध्य प्रदेश के दमोह जिले में नोहता पुलिस थाना क्षेत्र के आभाना गांव के पास दमोह-जबलपुर राज्य राजमार्ग पर हुआ।
हादसे के बाद ग्रामीणों ने क्या किया?
हादसे के बाद क्रोधित ग्रामीणों और परिजनों ने दमोह-जबलपुर राजमार्ग को जाम कर दिया और कुछ प्रदर्शनकारियों ने बसों पर पत्थर फेंके। स्थिति संभालने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया और अधिकारियों ने माँगें पूरी करने का आश्वासन दिया।
दमोह प्रशासन ने हादसे पर क्या कार्रवाई की?
दमोह कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने जिला अस्पताल पहुँचकर घायल छात्रा का हाल जाना और जिला परिवहन अधिकारी को बस तत्काल जब्त करने के निर्देश दिए। एसडीओपी अर्चना अहीर ने मौतों की पुष्टि की और पुलिस जाँच जारी है।
घायल छात्रा नित्या सेन की स्थिति क्या है?
घायल छात्रा नित्या सेन को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहाँ उनका इलाज चल रहा है। उनकी हालत गंभीर बताई गई है, हालाँकि ताज़ा अपडेट अधिकारियों की ओर से प्रतीक्षित है।
राष्ट्र प्रेस
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