योगी का सपा पर हमला: 'माफिया की कब्र पर फातिहा पढ़ने वाले शिक्षकों के हितैषी नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 को वाराणसी में समाजवादी पार्टी (सपा) पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि जो दल माफिया की कब्र पर जाकर फातिहा पढ़ता है, वह शिक्षकों और युवाओं के हितों की रक्षा करने में सक्षम नहीं है। यह आरोप उन्होंने शिक्षक व स्नातक विधान परिषद चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) प्रत्याशियों के समर्थन में आयोजित महासम्मेलन को संबोधित करते हुए लगाए।
सपा पर माफिया-संरक्षण का आरोप
योगी ने कहा, 'जिन लोगों को शिक्षा से कोई लेना-देना नहीं, जो माफिया के पिछलग्गू हैं और माफिया के मरने पर उसकी कब्र पर जाकर फातिहा पढ़ते हैं, उनसे शिक्षकों के हितों की उम्मीद कैसे की जा सकती है।' उन्होंने सपा की तुलना मगरमच्छ से करते हुए कहा कि उस पर भरोसा करना नदी पार कराने के लिए मगरमच्छ पर निर्भर होने जैसा है।
सपा नेताओं पर रंग बदलने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री ने व्यंग्य किया कि 'इन्हें देखकर गिरगिट भी खुश होता होगा कि मनुष्य में उसकी जाति का कोई पैदा हो गया है।'
सपा शासन में शिक्षा की दुर्दशा के दावे
योगी ने दावा किया कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश के बेसिक और माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों के 1.60 लाख पद रिक्त थे। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासन में भर्ती आयोगों और बोर्डों पर 'सैफई सिंडिकेट' का कब्जा था और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किया जाता था। साथ ही, उन्होंने आरोप लगाया कि 2005 से 2017 तक शिक्षकों और कर्मचारियों की नई पेंशन योजना की राशि जमा नहीं की गई और खाते तक नहीं खुले।
BJP सरकार की उपलब्धियों का दावा
योगी ने कहा कि भाजपा सरकार ने 2017 के बाद साढ़े नौ लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र दिए हैं और अगले छह महीने में एक लाख और नियुक्तियाँ देने का संकल्प है। उन्होंने बताया कि बुधवार को उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती में 32 हजार युवाओं का परिणाम घोषित हुआ।
शिक्षकों के लिए सुविधाओं का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बेसिक से विश्वविद्यालय स्तर तक के शिक्षकों — स्ववित्तपोषित संस्थानों सहित — को ₹5 लाख की स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई गई है। वित्तपोषित विद्यालयों के शिक्षकों के लिए ₹40 लाख से ₹1.5 करोड़ तक का बीमा कवर भी दिया गया है।
पेंशन मसले पर उन्होंने बताया कि 2017 में सरकार बनने के बाद 14 लाख कार्मिकों के खाते खुलवाने के लिए ₹10,000 करोड़ की व्यवस्था की गई और नई पेंशन योजना में सरकार का अंशदान 10% से बढ़ाकर 14% किया गया।
PDA और राज्यसभा चुनाव पर निशाना
योगी ने हाल के राज्यसभा चुनाव का उल्लेख करते हुए कहा कि दस में से आठ सीटें BJP को और दो सपा को मिलीं। उन्होंने आरोप लगाया कि 'पीडीए' (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की बात करने वाली सपा ने एक सीट 'चाचा' रामगोपाल यादव को और दूसरी मुंबई के 'धन्नासेठ' को दे दी। उन्होंने सवाल उठाया कि काशी, गाजीपुर या बलिया का कोई यादव, दलित या मुस्लिम प्रत्याशी सपा को क्यों नहीं मिला। मुख्यमंत्री ने PDA को 'परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी' और 'पराया धन अपना' बताया।
स्टार्टअप और रोज़गार के आँकड़े
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में केवल 120 स्टार्टअप थे, जबकि आज 24,000 से अधिक काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि निजी क्षेत्र में 65 लाख युवाओं को रोजगार मिला है और 3 करोड़ से अधिक लोग रोजगार व स्वरोजगार से जुड़े हैं। प्रदेश के 62 लाख युवाओं को टैबलेट और स्मार्टफोन वितरित किए गए हैं और सरकार का लक्ष्य 2 करोड़ युवाओं तक यह सुविधा पहुँचाने का है।
वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने भी महासम्मेलन में कहा कि विधानसभा चुनाव से पहले शिक्षक और स्नातक मतदाताओं का रुख महत्वपूर्ण संकेत देगा। उन्होंने सपा प्रमुख की अयोध्या से चुनाव लड़ने की चुनौती का जिक्र करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के जवाब के बाद सपा की ओर से कोई उत्तर नहीं आया। आगामी विधान परिषद चुनाव में यह महासम्मेलन BJP के लिए मतदाताओं को एकजुट करने की बड़ी कोशिश मानी जा रही है।