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क्या शुभांशु शुक्ला से प्रेरित होकर युवा 2026 में ‘विकसित भारत’ की अगुवाई करेंगे?: उपराष्ट्रपति

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क्या शुभांशु शुक्ला से प्रेरित होकर युवा 2026 में ‘विकसित भारत’ की अगुवाई करेंगे?: उपराष्ट्रपति

सारांश

उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने शुभांशु शुक्ला के अंतरिक्ष यात्रा की प्रशंसा की और युवाओं से संकल्प लेने का आह्वान किया। क्या युवा भारत को विकसित बनाने का संकल्प ले सकेंगे?

मुख्य बातें

उपराष्ट्रपति ने युवाओं से पांच महत्वपूर्ण संकल्प लेने का आह्वान किया।
भारत की अंतरिक्ष उपलब्धियां वैश्विक स्तर पर महत्वपूर्ण हैं।
खेल जगत में भी भारत ने कई उपलब्धियां हासिल की हैं।

नई दिल्ली, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। अंतरिक्ष यात्री ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला की वर्ष 2025 की अंतरिक्ष यात्रा की प्रशंसा करते हुए उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने कहा कि नए वर्ष में भारत के युवा, जो अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत में रचे-बसे हैं, देश को ‘विकसित भारत@2047’ के लक्ष्य की ओर आगे बढ़ाएंगे।

नववर्ष 2026 के अवसर पर नागरिकों के नाम संदेश में उपराष्ट्रपति ने कहा, “मैं भारत के युवाओं, जो राष्ट्र के भविष्य के संरक्षक हैं, से आह्वान करता हूं कि वे इस नए साल पर भारत माता के लिए पांच संकल्प लें।”

उन्होंने बताया कि ये संकल्प हैं- नशामुक्त जीवन अपनाना; राष्ट्र निर्माण और समावेशी विकास के लिए तकनीक का जिम्मेदारीपूर्ण और नैतिक उपयोग करना; सक्रिय जीवनशैली अपनाकर शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना; संवैधानिक मूल्यों, अखंडता और सामाजिक सौहार्द को बनाए रखना; तथा राष्ट्र की प्रगति में निःस्वार्थ योगदान देना।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि वर्ष 2025 में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने अपने नागरिकों की रक्षा के लिए भारत के दृढ़ संकल्प को दर्शाया और आतंकवादियों व उनके संरक्षकों को यह स्पष्ट संदेश दिया कि न्याय और सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी तथा देश की संप्रभुता पर किसी भी खतरे का कड़ा जवाब दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि बीते वर्ष संसद ने ऐतिहासिक कानून पारित किए, जो ‘विकसित भारत’ की दिशा में देश की दृढ़ यात्रा को दर्शाते हैं। इस दौरान वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ जैसे महत्वपूर्ण आयोजनों पर भी व्यापक चर्चा हुई।

राधाकृष्णन ने बताया कि देश ने कई ऐतिहासिक अवसरों को भी श्रद्धापूर्वक मनाया, जिनमें गुरु तेग बहादुर के शहीदी दिवस की 350वीं वर्षगांठ, भगवान बिरसा मुंडा और सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती, डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की 100वीं जयंती शामिल हैं।

उन्होंने वर्ष 2025 की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा, “विज्ञान, प्रौद्योगिकी और अंतरिक्ष के क्षेत्र में भारत की उपलब्धियों ने उसे एक वैश्विक नवाचार केंद्र के रूप में और मजबूत किया है। इसरो के नेतृत्व में सफल स्पैडेक्स मिशन ने उपग्रह डॉकिंग क्षमता का प्रदर्शन किया, जबकि एलवीएम-3 एम6 प्रक्षेपण ने भारत की भारी-भार क्षमता को प्रदर्शित किया।”

उन्होंने कहा, “भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला का अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) तक का मिशन, भारत के मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम में एक महत्वपूर्ण कदम रहा।”

खेल जगत में उपलब्धियों का जिक्र करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि 2025 भारत के लिए गौरवपूर्ण रहा। भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम ने आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी जीती, जबकि महिला क्रिकेट टीम ने पहली बार आईसीसी महिला क्रिकेट विश्व कप जीतकर इतिहास रच दिया। इसके अलावा भारत ने खो-खो विश्व कप में पुरुष और महिला दोनों खिताब अपने नाम किए।

इस बीच, उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन शुक्रवार से तमिलनाडु के दो दिवसीय दौरे पर जाएंगे। इस दौरान वे विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह, नागरिक अभिनंदन और वेल्लोर में एक मंदिर के स्वर्ण जयंती समारोह सहित कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे।

एक बयान के अनुसार, शुक्रवार को उपराष्ट्रपति चेन्नई स्थित डॉ. एमजीआर एजुकेशनल एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट विश्वविद्यालय के 34वें दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता करेंगे। इसके बाद वे ताज कोरोमंडल में रामनाथ गोयनका साहित्य सम्मान समारोह में शामिल होंगे। शाम को वे चेन्नई के कलैवनार अरंगम में सार्वजनिक स्वागत समारोह और बाद में तमिलनाडु के राज्यपाल द्वारा आयोजित नागरिक अभिनंदन में भाग लेंगे।

शनिवार को उपराष्ट्रपति वेल्लोर स्थित स्वर्ण मंदिर में श्री शक्ति अम्मा की 50वीं स्वर्ण जयंती समारोह में शामिल होंगे। दोपहर में वे चेन्नई के त्रिप्लिकेन स्थित कलैवनार अरंगम में 9वें सिद्ध दिवस समारोह में भी भाग लेंगे।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि भारत के युवाओं में अपार संभावनाएं हैं। उपराष्ट्रपति का आह्वान एक सकारात्मक दिशा में है, जो कि देश के विकास के लिए आवश्यक है। युवाओं को राष्ट्र की प्रगति में योगदान देने के लिए प्रेरित करना, आज की आवश्यकता है।
RashtraPress
9 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उपराष्ट्रपति ने युवाओं से क्या संकल्प लेने का आह्वान किया?
उपराष्ट्रपति ने युवाओं से नशामुक्त जीवन, तकनीक का नैतिक उपयोग, सक्रिय जीवनशैली, संवैधानिक मूल्यों का पालन और राष्ट्र की प्रगति में निःस्वार्थ योगदान देने के लिए संकल्प लेने का आह्वान किया।
शुभांशु शुक्ला की अंतरिक्ष यात्रा का क्या महत्व है?
शुभांशु शुक्ला की अंतरिक्ष यात्रा भारत के मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो युवा पीढ़ी को प्रेरित कर सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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