एशियन गेम्स 2026: सुरुचि-कमलजीत ने 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्स्ड टीम में 484.6 के एशियन रिकॉर्ड के साथ गोल्ड जीता
सारांश
मुख्य बातें
नागोया में जारी एशियन गेम्स 2026 में भारत को दूसरा स्वर्ण पदक मिल गया है। निशानेबाज़ सुरुचि इंदर सिंह और कमलजीत ने 25 सितंबर को 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्स्ड टीम स्पर्धा के फाइनल में 484.6 का एशियन रिकॉर्ड स्कोर बनाते हुए गोल्ड मेडल अपने नाम किया। इस रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन ने महाद्वीपीय स्तर पर भारतीय शूटिंग की बढ़ती ताक़त को एक बार फिर रेखांकित किया।
फाइनल का पूरा स्कोरकार्ड
दबाव भरे फाइनल में सुरुचि इंदर सिंह और कमलजीत ने शुरू से ही बढ़त बनाए रखी और अंत तक कंपोज़र नहीं खोया। उनके 484.6 अंकों के सामने दक्षिण कोरिया के सुहयोन होंग और गेउन चू 478.0 के स्कोर के साथ सिल्वर पर रहे। ईरान के वाहिद गोलखंडन और हानियेह रोस्तमियान ने 415.8 अंकों के साथ ब्रॉन्ज़ मेडल जीता, जबकि इंडोनेशिया की जोड़ी डार्मोयो ए. और प्रबोवो एम. 349.4 अंकों के साथ चौथे स्थान पर रहे।
क्वालिफिकेशन में भी टूटा रिकॉर्ड
फाइनल से पहले भी दोनों निशानेबाज़ों ने कमाल किया। भारतीय जोड़ी ने क्वालिफिकेशन राउंड में 587 (29 इनर 10) का स्कोर बनाकर एशियन गेम्स क्वालिफिकेशन रिकॉर्ड तोड़ा। इससे पहले यह रिकॉर्ड हांगझोऊ 2023 में सरबजोत सिंह और दिव्या सुब्बाराजू के नाम था, जिन्होंने 577 का स्कोर बनाया था। इसके अलावा, कमलजीत और सुरुचि की क्वालिफिकेशन टैली ने उस एशियन रिकॉर्ड की बराबरी भी की जो 2021 में सौरभ चौधरी और मनु भाकर ने स्थापित किया था।
साझेदारी और रणनीति
मिक्स्ड-टीम फॉर्मेट में सुरुचि और कमलजीत की जोड़ी पूरे स्पर्धाक्रम में नियंत्रण में रही। जब प्रतिस्पर्धा सबसे तीव्र थी, तब भी दोनों ने एकाग्रता बनाए रखते हुए सटीक शॉट लगाए और अपनी बढ़त को अंत तक सुरक्षित रखा। इलेक्ट्रॉनिक स्कोरबोर्ड पर 484.6 का अंतिम स्कोर आते ही भारतीय शूटिंग दल नागोया में जश्न में डूब गया।
भारतीय शूटिंग की बढ़ती ताक़त
यह गोल्ड मेडल महाद्वीपीय स्तर पर भारतीय निशानेबाज़ी की निरंतर प्रगति की कहानी कहता है। गौरतलब है कि एशियन गेम्स और अन्य बड़े टूर्नामेंटों में भारत के शूटरों ने पिछले कुछ वर्षों में लगातार रिकॉर्ड तोड़े हैं। यह ऐसे समय में आया है जब भारत नागोया में पदक तालिका में अपनी स्थिति मज़बूत करने की कोशिश कर रहा है। आने वाले दिनों में भारतीय दल से और पदकों की उम्मीद है।