वनडे वर्ल्ड कप 2027 के लिए BCCI का रोडमैप तैयार, सचिव देवजीत सैकिया बोले — पर्याप्त 50-ओवर अभ्यास होगा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने ICC मेंस वनडे वर्ल्ड कप 2027 की तैयारियों के लिए एक सुव्यवस्थित रोडमैप तैयार करना शुरू कर दिया है। गुवाहाटी में 21 जून को BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने स्पष्ट किया कि बोर्ड यह सुनिश्चित करेगा कि अक्टूबर 2027 में होने वाले इस वैश्विक टूर्नामेंट से पहले भारतीय टीम को 50-ओवर प्रारूप में पर्याप्त मुकाबलों का अनुभव मिले। यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब भारत 2023 वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल तक पहुँचने के बाद अगले चक्र की तैयारी में जुट गया है।
सैकिया ने क्या कहा
सैकिया ने गुवाहाटी में पत्रकारों से बात करते हुए कहा, 'BCCI वनडे वर्ल्ड कप 2027 के लिए एक स्पष्ट रास्ता तैयार कर रहा है। हमारे पास अभी से लेकर अक्टूबर 2027 में टूर्नामेंट शुरू होने तक पर्याप्त वनडे मैच होंगे।' उन्होंने यह भी बताया कि इंग्लैंड में 14 से 19 जुलाई के बीच खेली जाने वाली तीन वनडे मुकाबलों की सीरीज के लिए टीम की घोषणा पहले ही की जा चुकी है।
योजना में कौन शामिल है
BCCI सचिव के अनुसार, इस दीर्घकालिक योजना प्रक्रिया में चयनकर्ता, सपोर्ट स्टाफ और हेड कोच — तीनों मिलकर काम कर रहे हैं। सैकिया ने कहा, 'सेलेक्टर, सपोर्ट स्टाफ और हेड कोच सभी एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं।' यह समन्वित दृष्टिकोण दर्शाता है कि BCCI इस बार तैयारी को अंतिम क्षण पर नहीं छोड़ना चाहता।
इंग्लैंड सीरीज का महत्व
14 से 19 जुलाई के बीच इंग्लैंड में होने वाली तीन वनडे मैचों की सीरीज को टीम प्रबंधन के लिए संयोजन परखने का अहम अवसर माना जा रहा है। गौरतलब है कि भारत ने 2023 वनडे वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल तक का सफर तय किया था और 50-ओवर प्रारूप में दुनिया की सबसे मजबूत टीमों में अपनी जगह बनाए रखी है। ऐसे में इंग्लैंड दौरा नए खिलाड़ियों को आज़माने और टीम संतुलन खोजने का पहला बड़ा मौका होगा।
आगे की राह
वर्ल्ड कप चक्र के निर्णायक चरण में प्रवेश करने में अभी एक वर्ष से अधिक का समय शेष है। BCCI यह सुनिश्चित करने को लेकर सतर्क दिख रहा है कि खिलाड़ियों को 50-ओवर क्रिकेट की कमी न हो और टूर्नामेंट से पहले टीम में जगह के दावेदारों के पास पर्याप्त अवसर हों। आने वाले महीनों में BCCI का फोकस वनडे कैलेंडर को इस तरह से व्यवस्थित करने पर रहेगा कि 2027 तक भारत एक बार फिर खिताब का प्रबल दावेदार बनकर उभरे।