दोहा डायमंड लीग: नीरज चोपड़ा चौथे स्थान पर, रुमेश पथिरगे ने 88.68 मीटर से जीता खिताब
सारांश
मुख्य बातें
नीरज चोपड़ा 20 जून को दोहा के सुहैन बिन हमाद स्टेडियम में आयोजित डायमंड लीग में चौथे स्थान पर रहे, जबकि श्रीलंका के रुमेश पथिरगे ने 88.68 मीटर के शानदार थ्रो से खिताब अपने नाम किया। चोट से वापसी कर रहे नीरज के लिए यह सीजन का पहला डायमंड लीग इवेंट था, और हालाँकि वे पोडियम से चूक गए, उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए क्वालीफिकेशन सुरक्षित कर लिया।
मुकाबले का घटनाक्रम
नीरज की शुरुआत निराशाजनक रही — उनका पहला थ्रो फाउल रहा। दूसरे प्रयास में उन्होंने 82.77 मीटर का थ्रो किया, जो कॉमनवेल्थ गेम्स की 82.61 मीटर की क्वालीफिकेशन सीमा से ऊपर था — इस तरह उनकी जगह पक्की हो गई। तीसरे प्रयास में उन्होंने अपना सर्वश्रेष्ठ 85.69 मीटर का थ्रो फेंका और क्षणिक रूप से तीसरे स्थान पर आ गए।
पदक से कैसे चूके नीरज
तीसरे राउंड की समाप्ति के बाद ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स (86.38 मीटर) पहले, अमेरिका के कर्टिस थॉम्पसन (85.99 मीटर) दूसरे और नीरज (85.69 मीटर) तीसरे स्थान पर थे। चौथे प्रयास में नीरज केवल 83.45 मीटर ही फेंक सके। ठीक इसी राउंड में रुमेश पथिरगे ने 88.68 मीटर का विस्फोटक थ्रो फेंककर सीधे शीर्ष पर छलांग लगाई और नीरज टॉप-3 से बाहर हो गए।
अंतिम राउंड और अंतिम क्रम
नीरज का पाँचवाँ प्रयास भी फाउल रहा, जिससे वे अंतिम राउंड के लिए क्वालीफाई नहीं कर सके। अंतिम क्रम इस प्रकार रहा: रुमेश पथिरगे (88.68 मीटर) प्रथम, एंडरसन पीटर्स (86.38 मीटर) द्वितीय, कर्टिस थॉम्पसन (85.99 मीटर) तृतीय, नीरज चोपड़ा (85.69 मीटर) चतुर्थ, आर्टुर फेल्फनर (83.62 मीटर) पंचम और जूलियस येगो (82.22 मीटर) षष्ठ।
कॉमनवेल्थ गेम्स क्वालीफिकेशन की राहत
चौथे स्थान के बावजूद नीरज के लिए एक सकारात्मक पहलू यह रहा कि उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए आवश्यक मानक पार कर लिया। यह ऐसे समय में आया है जब वे चोट से उबरकर अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा में लौटे हैं, और आगामी सत्र में उनके प्रदर्शन पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।