क्या भारतीय खिलाड़ियों ने दुबई एशियन यूथ पैरा गेम्स 2025 में 8 स्वर्ण पदक जीते?
सारांश
Key Takeaways
- भारतीय खिलाड़ियों ने 17 पदक जीते, जिनमें 8 स्वर्ण हैं।
- जतिन आजाद ने एसयू5 श्रेणी में 2 स्वर्ण पदक जीते।
- यह इवेंट लॉस एंजेलेस 2028 पैरालिंपिक के लिए महत्वपूर्ण था।
- भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ियों का प्रदर्शन लगातार उत्कृष्ट बना हुआ है।
नई दिल्ली, 16 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। दुबई में 7 से 14 दिसंबर तक आयोजित युवा एशियाई पैरा गेम्स में भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 17 पदक जीते। इनमें 8 स्वर्ण, 3 रजत और 6 कांस्य पदक शामिल थे।
भारत की ओर से जतिन आजाद ने एसयू5 श्रेणी में 2 स्वर्ण पदक जीते। उन्होंने पहले पुरुष एकल में खिताब हासिल किया और फिर शिवम यादव के साथ मिलकर पुरुष डबल्स में भी स्वर्ण पदक जीता।
जतिन आजाद ने कहा, "मैं हर चैंपियनशिप में भाग लेना चाहता हूं, और अधिक अनुभव और एक्सपोजर प्राप्त करना चाहता हूं। मुझे विश्वास है कि मुझे लॉस एंजेलेस 28 पैरालिंपिक के लिए चुना जाएगा।"
उन्होंने आगे कहा, "हर किसी में शुरू करने की हिम्मत नहीं होती, लेकिन बस खेलो, अपना सर्वश्रेष्ठ दो, अच्छी ट्रेनिंग करो, नतीजे मिलेंगे।"
हर्षित चौधरी ने भी एक स्वर्ण पदक जीता।
हर्षित ने कहा, "मुझे बहुत अच्छा लग रहा है क्योंकि हम हर चीज के लिए तैयार थे। मैं और मेरे साझीदार सकारात्मक बने रहे।"
दुबई 2025 सभी भारतीय पैरा बैडमिंटन खिलाड़ियों के लिए पहला एशिया युवा खेल था। इस इवेंट ने खिलाड़ियों को एक बड़ा मंच प्रदान किया है। लॉस एंजेलेस 2028 पैरालिंपिक के पहले पैरा बैडमिंटन खिलाड़ियों के लिए यह एक महत्वपूर्ण इवेंट था। भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी ऐतिहासिक सफलता का जश्न मनाया।
भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। चाहे कॉमनवेल्थ गेम्स हों या ओलंपिक, भारत के बैडमिंटन खिलाड़ी दुनिया के शीर्ष खिलाड़ियों को चुनौती दे रहे हैं और पदक जीत रहे हैं। ऐसे में पैरा बैडमिंटन खिलाड़ियों का दुबई में शानदार प्रदर्शन भारतीय बैडमिंटन की मजबूती और गहराई को दर्शाता है। एशियाई पैरा गेम्स में भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ियों का प्रदर्शन देखने के बाद इस बात की आशा की जा सकती है कि लॉस एंजेलेस 2028 पैरालिंपिक में भी बैडमिंटन में भारतीय टीम का प्रदर्शन उत्कृष्ट रहेगा।