हैरी टेक्टर का 100वाँ टी20 अंतरराष्ट्रीय: फुल मेंबर देशों में तीसरे सबसे युवा खिलाड़ी बने
सारांश
मुख्य बातें
हैरी टेक्टर ने 28 जून 2026 को बेलफास्ट के सिविल सर्विस क्रिकेट क्लब में भारत के विरुद्ध टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में उतरते ही इतिहास रच दिया। 26 साल 304 दिन की उम्र में उन्होंने फुल मेंबर देश की ओर से 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले तीसरे सबसे युवा खिलाड़ी का दर्जा हासिल किया।
रिकॉर्ड की पूरी तस्वीर
इस विशेष सूची में पाकिस्तान के शादाब खान शीर्ष पर काबिज हैं, जिन्होंने 25 साल 239 दिन की उम्र में यह मुकाम हासिल किया था। दूसरे स्थान पर उन्हीं के हमवतन शाहीन अफरीदी हैं, जिन्होंने 25 साल 310 दिन की आयु में अपना 100वाँ टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेला था। टेक्टर इस प्रतिष्ठित सूची में तीसरे पायदान पर आ गए हैं।
मैच का घटनाक्रम
टॉस गंवाने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी आयरलैंड की टीम ने निर्धारित 20 ओवरों में 8 विकेट खोकर 154 रन का स्कोर खड़ा किया। शुरुआत लड़खड़ाई और टीम ने महज 48 रनों के भीतर 3 विकेट गंवा दिए।
इस संकट की घड़ी में हैरी टेक्टर ने बेंजामिन कैलिट्ज के साथ चौथे विकेट के लिए 43 गेंदों में 65 रन की साझेदारी कर पारी को संभाला। कैलिट्ज ने 23 गेंदों में 2 छक्कों और 3 चौकों की मदद से 37 रन की तेज पारी खेली।
जब स्कोर 113 पर पहुँचते-पहुँचते 5 विकेट गिर चुके थे, तब टेक्टर ने जॉर्ज डॉकरेल के साथ छठे विकेट के लिए 31 रन और जोड़े। टेक्टर अंततः 47 गेंदों में 6 बाउंड्री की मदद से 53 रन बनाकर आउट हुए, जबकि डॉकरेल ने 19 रन का योगदान दिया।
भारतीय गेंदबाजों का प्रदर्शन
भारत की ओर से प्रिंस यादव सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने सर्वाधिक 3 विकेट चटकाए। अर्शदीप सिंह और शिवम दुबे ने 2-2 विकेट अपने नाम किए, जबकि हर्षित राणा को 1 विकेट मिला।
दोनों टीमों की प्लेइंग इलेवन
भारत: अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), ईशान किशन, श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, सूर्यांश शेडगे, अक्षर पटेल, हर्षित राणा, अर्शदीप सिंह और प्रिंस यादव।
आयरलैंड: टिम टेक्टर, रॉस अडायर, हैरी टेक्टर, लोर्कन टकर (विकेटकीपर/कप्तान), बेंजामिन कैलिट्ज, गैरेथ डेलानी, जॉर्ज डॉकरेल, लियाम मैक्कार्थी, मैथ्यू हम्फ्रीज, जय मूंदड़ा और मैथ्यू होलार्ड।
यह मुकाबला आयरलैंड के घरेलू मैदान पर खेला जा रहा है और टेक्टर का यह ऐतिहासिक पड़ाव उनके करियर का एक यादगार अध्याय बन गया है।