क्या विजय हजारे ट्रॉफी में केएल राहुल का बल्ला लगातार दूसरी बार नहीं चला?
सारांश
Key Takeaways
- केएल राहुल का प्रदर्शन विजय हजारे ट्रॉफी में निराशाजनक रहा है।
- राहुल का फॉर्म आगामी न्यूजीलैंड सीरीज के लिए चिंता का विषय है।
- राहुल को मध्यक्रम को मजबूत बनाने की जिम्मेदारी दी गई है।
नई दिल्ली, 6 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय क्रिकेट टीम के प्रमुख बल्लेबाज केएल राहुल विजय हजारे ट्रॉफी में अपनी घरेलू टीम कर्नाटक के लिए खेल रहे हैं। विराट कोहली और रोहित शर्मा जैसे दिग्गज खिलाड़ियों के विपरीत, राहुल का प्रदर्शन इस टूर्नामेंट में निराशाजनक साबित हुआ है। वह लगातार दो मैचों में रन बनाने में असफल रहे हैं।
केएल राहुल ने 3 जनवरी को त्रिपुरा के खिलाफ खेलते हुए 35 रन बनाए। इसके बाद 6 जनवरी को राजस्थान के खिलाफ खेलते हुए, वह मात्र 25 रन पर आउट हो गए। उनका यह फॉर्म न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी वनडे सीरीज से पहले भारतीय टीम के लिए चिंता का विषय बन गया है।
राहुल न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली वनडे सीरीज के लिए चयनित टीम में शामिल हैं। उन्हें विकेटकीपर बल्लेबाज के रूप में रखा गया है, जिससे उनका खेलना सुनिश्चित है। इस स्थिति में उनके बल्ले से रन न निकलना भारतीय टीम के लिए चिंताजनक है।
भारत ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अपनी आखिरी वनडे सीरीज में राहुल की कप्तानी में खेला था, जिसमें टीम इंडिया ने 2-1 से जीत हासिल की थी। न्यूजीलैंड सीरीज में शुभमन गिल की वापसी हो रही है। इस स्थिति में राहुल को मध्यक्रम को मजबूत बनाने की जिम्मेदारी दी गई है।
33 वर्षीय राहुल ने अपने वनडे करियर की शुरुआत जून 2016 में जिम्बाब्वे के खिलाफ की थी। उन्होंने अब तक खेले गए 91 वनडे में 83 पारियों में 18 बार नाबाद रहकर 7 शतक और 20 अर्धशतक के साथ कुल 3,218 रन बनाए हैं। उनका औसत 49.50 है।
पिछले 10 वनडे मैचों में राहुल का प्रदर्शन देखकर पता चलता है कि उन्होंने दो अर्धशतक बनाए हैं। दक्षिण अफ्रीका सीरीज के पहले दो मैचों में उन्होंने क्रमशः 60 और 66 रन की पारियां खेली थीं। हालांकि, तीसरे मैच में उन्हें बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला।