रिकेल्टन-मुल्डर की शतकीय साझेदारी, साउथ अफ्रीका ने केपटाउन टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया को दिया 288 रनों का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
केपटाउन के न्यूलैंड्स क्रिकेट ग्राउंड पर 30 अक्टूबर 2026 को साउथ अफ्रीका-ऑस्ट्रेलिया तीसरे टेस्ट के चौथे दिन का खेल समाप्त होने तक साउथ अफ्रीका अपनी दूसरी पारी में 387 रन बनाकर ऑलआउट हो गई, और मेज़बान टीम ने ऑस्ट्रेलिया के सामने जीत के लिए 288 रनों का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रख दिया। पारी को जिंदगी देने का काम रयान रिकेल्टन और वियान मुल्डर की ऐतिहासिक छठी विकेट साझेदारी ने किया, जिसने डूबती हुई पारी को शानदार पलटवार में बदल दिया।
शुरुआती झटके और संघर्ष
साउथ अफ्रीका की दूसरी पारी की शुरुआत बेहद खराब रही। सलामी बल्लेबाज़ एडन मार्करम महज़ 1 रन बनाकर पवेलियन लौट गए, जबकि डेविड बेडिंगहैम भी 11 रन के स्कोर पर आउट हो गए। कप्तान टेंबा बावुमा और मार्क्वेस एकरमैन ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी कर संभलने की कोशिश की, लेकिन बावुमा 35 रन बनाकर आउट हो गए।
एकरमैन ने 80 गेंदों में 8 चौकों की मदद से 62 रन की उपयोगी पारी खेली, और मैथ्यू ब्रीत्जके ने 43 रनों का योगदान दिया। इसके बावजूद 181 रन पर 5 विकेट गिर जाने के बाद साउथ अफ्रीका का स्कोर खासा चिंताजनक था।
रिकेल्टन-मुल्डर की जीवनदायिनी साझेदारी
इस नाज़ुक मोड़ पर रयान रिकेल्टन और वियान मुल्डर ने छठे विकेट के लिए 318 गेंदों में 154 रनों की शानदार साझेदारी निभाई, जिसने पारी का रुख पूरी तरह बदल दिया। रिकेल्टन ने 12 चौकों की मदद से 101 रन बनाए, जबकि मुल्डर ने 221 गेंदों का सामना करते हुए 10 चौके और 4 छक्के लगाते हुए 115 रन की दमदार पारी खेली।
गौरतलब है कि 387 रन का यह कुल स्कोर केपटाउन के न्यूलैंड्स मैदान पर साउथ अफ्रीका का तीसरा सबसे बड़ा टोटल है। हालाँकि पारी के अंत में आखिरी 6 विकेट महज़ 53 रन के भीतर ढेर हो गए।
ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज़ों का प्रदर्शन
ऑस्ट्रेलिया की ओर से मिचेल स्टार्क ने सर्वाधिक 3 विकेट हासिल किए। पैट कमिंस और नाथन लायन ने 2-2 विकेट अपने नाम किए, जबकि जोश हेजलवुड ने 1 विकेट निकाला।
ऐतिहासिक संदर्भ और ऑस्ट्रेलिया की चुनौती
केपटाउन का न्यूलैंड्स मैदान रन-चेज़ के मामले में ऐतिहासिक रूप से कठिन साबित होता रहा है। 280 से अधिक रनों का लक्ष्य यहाँ सिर्फ एक बार ही सफलतापूर्वक हासिल किया गया है — और वह कारनामा ऑस्ट्रेलिया ने ही 2002 में किया था, जब टीम ने 331 रनों के लक्ष्य को सफलतापूर्वक भेदा था।
यह ऐसे समय में आया है जब सीरीज़ का यह तीसरा और निर्णायक मुकाबला अपने अंतिम दिन पर पहुँचने वाला है। पाँचवें दिन ऑस्ट्रेलिया को इतिहास दोहराने और दुर्लभ चेज़ को पूरा करने का मौका मिलेगा — या साउथ अफ्रीका को एक यादगार जीत।