क्या सचिन तेंदुलकर ने दिव्या देशमुख की ऐतिहासिक जीत की सराहना की?

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क्या सचिन तेंदुलकर ने दिव्या देशमुख की ऐतिहासिक जीत की सराहना की?

सारांश

महान क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर ने दिव्या देशमुख को उनके द्वारा एफआईडीई महिला विश्व कप 2025 जीतने पर बधाई दी। दिव्या ने इस जीत के साथ भारत की पहली महिला विश्व कप चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया। आइए जानें इस जीत के पीछे की कहानी।

मुख्य बातें

दिव्या देशमुख ने एफआईडीई महिला विश्व कप 2025 जीता।
वह पहली भारतीय महिला हैं जिन्होंने यह खिताब जीता।
सचिन तेंदुलकर ने उनकी जीत की सराहना की।
दिव्या ने रैपिड टाई-ब्रेक में कोनेरू हम्पी को हराया।
भारत का शतरंज में एक नया अध्याय शुरू हुआ।

नई दिल्ली, 29 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। महान क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर ने मंगलवार को दिव्या देशमुख को बधाई दी, जिन्होंने जॉर्जिया के बाटूमी शहर में आयोजित एफआईडीई महिला विश्व कप 2025 जीतकर इतिहास रच दिया। दिव्या यह खिताब जीतने वाली पहली भारतीय महिला बन गई हैं।

19 वर्षीय दिव्या देशमुख ने एफआईडीई महिला विश्व कप 2025 में सोमवार को हुए ऑल-इंडियन फाइनल में रैपिड टाई-ब्रेक में अपने सह-देशवासी कोनेरू हम्पी को 1.5-0.5 से हराकर शतरंज जगत को चौंका दिया।

सचिन तेंदुलकर ने 'एक्स' पर लिखा, "एक ऑल-इंडियन फ़ाइनल। एक ऐतिहासिक जीत। बधाई हो दिव्या देशमुख – भारत की पहली महिला विश्व कप चैंपियन और नई ग्रैंडमास्टर। कल के रोमांचक मुकाबले का क्रेडिट कोनेरू हम्पी को भी जाता है।"

शनिवार और रविवार को खेले गए क्लासिकल मुकाबले बेहद रोमांचक रहे। पहले मैच में दिव्या ने सफेद मोहरों से शुरुआत करते हुए बेहतर स्थिति बना ली थी, लेकिन हम्पी ने खेल के अंत में बराबरी कर ली। दूसरे मैच में मुकाबला संतुलित रहा, हालाँकि दिव्या ने माना कि उन्होंने बिना कारण खुद को मुश्किल में डाल दिया था, लेकिन अंत तक डटी रहीं।

इन खेलों ने दोनों खिलाड़ियों की रणनीतिक गहराई और मानसिक मजबूती को उजागर किया, जिसने रैपिड टाई-ब्रेक के लिए मंच तैयार किया। निर्णायक खेल रैपिड टाई-ब्रेकर में हुआ, जहाँ दिव्या ने अद्भुत प्रदर्शन किया। पहला रैपिड गेम बराबरी पर समाप्त हुआ, लेकिन दूसरे में हम्पी समय के दबाव में चूक गईं और दिव्या ने उस मौके का फायदा उठाकर जीत दर्ज की।

इसके साथ ही दिव्या 2025 महिला विश्व कप चैंपियन, ग्रैंडमास्टर का खिताब जीतने वाली चौथी भारतीय महिला और देश की कुल 88वीं ग्रैंडमास्टर (जीएम) बन गईं।

दिव्या की यह शानदार जीत यह साबित करती है कि भारत अब शतरंज की दुनिया में मजबूती से खड़ा है। इससे पहले पिछले साल डी गुकेश ने चीन के डिंग लिरेन को हराकर एफआईडीई विश्व चैंपियनशिप जीती थी, और भारत का नाम दुनिया भर में रोशन किया था।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि समस्त भारत के लिए गर्व का विषय है। यह जीत दर्शाती है कि भारत शतरंज के क्षेत्र में एक मजबूत दावेदार बन चुका है। यह उपलब्धि भारतीय खेलों में एक नई दिशा दिखाती है, जहाँ महिलाएं भी अब विश्व मंच पर अपनी पहचान बना रही हैं।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिव्या देशमुख ने कब और कहाँ एफआईडीई महिला विश्व कप जीता?
दिव्या देशमुख ने 29 जुलाई 2025 को जॉर्जिया के बाटूमी शहर में एफआईडीई महिला विश्व कप जीता।
सचिन तेंदुलकर ने दिव्या को किस प्लेटफॉर्म पर बधाई दी?
सचिन तेंदुलकर ने 'एक्स' पर दिव्या को बधाई दी।
दिव्या देशमुख की उम्र क्या है?
दिव्या देशमुख की उम्र 19 वर्ष है।
दिव्या ने किस खिलाड़ी को हराकर विश्व कप जीता?
दिव्या ने कोनेरू हम्पी को हराकर विश्व कप जीता।
दिव्या की यह जीत भारत के लिए क्या मायने रखती है?
यह जीत भारत को शतरंज की दुनिया में एक मजबूत दावेदार के रूप में स्थापित करती है।
राष्ट्र प्रेस