क्या भगवान का नाम जपने का अभ्यास करने से जीवन में बदलाव आ सकता है?
सारांश
Key Takeaways
- भगवान का नाम जपने से जीवन में सकारात्मक बदलाव आ सकता है।
- सेवा भाव से अपने कार्यों को करने की आवश्यकता है।
- आध्यात्मिकता के प्रति गहरी इच्छा रखने से खुशियाँ प्राप्त होती हैं।
- विराट और अनुष्का ने अपने अनुभव साझा किए।
- प्रेमानंद महाराज का संदेश भारतीय संस्कृति की मर्म को उजागर करता है।
वृंदावन, 16 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय क्रिकेट टीम के महानतम बल्लेबाज विराट कोहली और उनकी पत्नी अनुष्का शर्मा ने मंगलवार को वृंदावन स्थित वराह घाट पर श्री हित राधा केली कुंज में संत प्रेमानंद महाराज से मिले। इस मुलाकात के दौरान प्रेमानंद महाराज ने विराट और अनुष्का के साथ आध्यात्मिक चर्चाएँ कीं।
सोशल मीडिया पर इस मुलाकात की तस्वीरें और वीडियो तेजी से फैल रहे हैं। वीडियो में विराट और अनुष्का भक्ति में मग्न नजर आ रहे हैं, जबकि प्रेमानंद महाराज प्रवचन दे रहे हैं और अनुष्का भावुकता से सुन रही हैं।
प्रेमानंद महाराज ने कहा, "अपने कार्य को सेवा समझो, गंभीरता से जीओ, विनम्र रहो, और भगवान का नाम जपने का अभ्यास करो। भगवान की एक झलक पाने की गहरी इच्छा होनी चाहिए। उन्हें देखने की चाह होनी चाहिए। इंसान को यह समझना चाहिए कि जीवन की सारी खुशियाँ पहले ही मिल चुकी हैं, और अब सिर्फ भगवान को चाहना है। एक बार ऐसा हो जाने पर, सारी खुशियाँ उनके चरणों में आ जाती हैं।"
विराट कोहली ध्यानपूर्वक प्रेमानंद महाराज की बात सुन रहे थे। वहीं अनुष्का ने कहा, "हम आपके हैं, महाराज जी।"
इस पर प्रेमानंद महाराज ने उत्तर दिया, "हम सब श्री जी के हैं। हम उनकी दिव्य सुरक्षा में रहते हैं। हम सब उनके बच्चे हैं।"
विराट कोहली और अनुष्का शर्मा अक्सर प्रेमानंद महाराज से मिलने आते हैं। यह उनकी 2025 में तीसरी यात्रा थी। पहले वे जनवरी में अपने बच्चों के साथ वृंदावन गए थे और फिर मई में भी प्रेमानंद महाराज का आशीर्वाद लिया था।
विराट कोहली ने टेस्ट और टी20 से संन्यास ले लिया है और उनका ध्यान वर्तमान में वनडे क्रिकेट पर है। उनका अगला लक्ष्य वनडे विश्व कप 2027 है। हाल ही में दक्षिण अफ्रीका के साथ संपन्न वनडे श्रृंखला के तीन मैचों में उन्होंने 2 शतक और 1 अर्धशतक बनाया और प्लेयर ऑफ द सीरीज बने। दूसरी ओर, अनुष्का फिलहाल फिल्मों से दूर हैं और अपने बच्चों पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं।