वर्ल्ड बॉक्सिंग अंडर-19 चैंपियनशिप 2026: आदित्य 55 किग्रा सेमीफाइनल में, पुरुष वर्ग में भारत का पहला मेडल पक्का
सारांश
मुख्य बातें
वर्ल्ड बॉक्सिंग अंडर-19 चैंपियनशिप 2026 में भारतीय मुक्केबाज़ आदित्य ने 24 अक्टूबर 2026 को मेंस 55 किलोग्राम वर्ग में इटली के टोमासो ओरलैंडो को 5:0 के सर्वसम्मत फैसले से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया। इस जीत के साथ आदित्य इस चैंपियनशिप में मेडल सुनिश्चित करने वाले पहले भारतीय पुरुष बॉक्सर बन गए। सेमीफाइनल में उनका सामना अज़रबैजान के निहात गासिमोव से होगा।
आदित्य की ऐतिहासिक जीत
मोंटेनेग्रो के बुडवा में आयोजित इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में आदित्य का प्रदर्शन पूरी तरह एकतरफा रहा। टोमासो ओरलैंडो के खिलाफ पाँचों जज ने आदित्य के पक्ष में मत दिया, जो उनकी तकनीकी श्रेष्ठता को दर्शाता है। यह जीत इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पुरुष वर्ग में भारत के लिए यह टूर्नामेंट का पहला गारंटीड मेडल है।
भारतीय महिला बॉक्सरों का दमदार प्रदर्शन
आदित्य से पहले भारतीय महिला बॉक्सरों ने मेडल की राह खोली थी। प्राची टोकस ने विमेंस 57 किलोग्राम वर्ग में कनाडा की एली चार्टियर को रेफरी स्टॉप कॉन्टेस्ट (RSC) के जरिये पराजित कर भारत के लिए इस चैंपियनशिप का पहला मेडल सुनिश्चित किया था। एशियन अंडर-19 चैंपियन प्राची ने दोनों राउंड में अपना दबदबा बनाए रखा — पहले राउंड में चार्टियर को एक बार और दूसरे राउंड में दो बार 'काउंट' मिला।
मेघा श्योकंद ने विमेंस 80 किलोग्राम वर्ग में तुर्की की मेलिसा एरोग्लू को 5:0 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई और मेडल की दावेदार बनीं। गौरतलब है कि इससे पहले प्राची ने समोआ की कीली पेरेज को भी क्वार्टर फाइनल में हराया था — वही पेरेज जिन्होंने इस वर्ष बैंकॉक, थाईलैंड में आयोजित अंडर-19 वर्ल्ड बॉक्सिंग फ्यूचर्स कप के 80 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीता था।
पुरुष वर्ग में निराशाजनक परिणाम
मेंस 65 किलोग्राम वर्ग में मौसम सुहाग को क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड के यशुआ फ्लेमिंग से 0:5 से हार झेलनी पड़ी। मेंस 50 किलोग्राम में अमन देव जॉर्जिया के शालवा बेरिद्जे से 0:5 से हारे, और लक्षु को यूएसए के मार्ले मैकनीली के खिलाफ भी 0:5 से शिकस्त मिली।
महिला वर्ग में शुरुआती विदाई
महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग के प्री-क्वार्टर फाइनल में हिमांशी आयरलैंड की एलेन जॉयस से 1:4 से हार गईं। महिलाओं के 75 किलोग्राम वर्ग में अंशिका का अभियान भी प्री-क्वार्टर फाइनल में ही समाप्त हो गया, जो चीन की शेंगजी गोंग के खिलाफ RSC से पराजित हुईं।
आगे क्या
अब सभी की नज़रें आदित्य के अज़रबैजान के गासिमोव से होने वाले सेमीफाइनल मुकाबले पर टिकी हैं। साथ ही मेघा श्योकंद और प्राची टोकस के सेमीफाइनल मुकाबले भी भारत को संभावित गोल्ड की उम्मीद दे रहे हैं। यह चैंपियनशिप भारतीय मुक्केबाज़ी के युवा भविष्य की झलक पेश कर रही है।