क्या भारतीय सैन्य अकादमी में 157वीं पासिंग आउट परेड का आयोजन हुआ?
सारांश
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देहरादून, १३ दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) के ऐतिहासिक ड्रिल स्क्वायर में शनिवार को १५७वीं पासिंग आउट परेड का भव्य और भावनात्मक आयोजन हुआ। इस समारोह में देश-विदेश के ५५९ अधिकारी कैडेट्स को भारतीय सेना में कमीशन दिया गया, जो गौरव, परंपरा और सैन्य अनुशासन से भरपूर था।
थल सेना प्रमुख जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने परेड की समीक्षा की और नवनियुक्त अधिकारियों को राष्ट्र सेवा के लिए प्रेरित किया। यह परेड अकादमी के आदर्श वाक्य 'वीरता और विवेक' का जीवंत उदाहरण बनी। कठिन प्रशिक्षण और अनुशासन से गुजरकर निकले युवा अधिकारियों ने यह संदेश दिया कि वे देश की रक्षा के लिए हर चुनौती का सामना करने के लिए तैयार हैं।
जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने अपने संबोधन में कहा कि सेना में कमीशन मिलना केवल प्रशिक्षण की समाप्ति नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र के प्रति आजीवन कर्तव्य और निस्वार्थ सेवा का आरंभ है। 'हर काम देश के नाम' का भाव ही एक सैनिक की सबसे बड़ी पहचान होती है।
उन्होंने युवा अधिकारियों के अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सहनशक्ति की सराहना की और उन्हें भारतीय सेना की गौरवमयी परंपराओं को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित किया। १५७वें रेगुलर कोर्स, ४६वें टेक्निकल एंट्री स्कीम, १४०वें टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स, ५५वें स्पेशल कमीशंड ऑफिसर्स कोर्स और टेरिटोरियल आर्मी ऑनलाइन एंट्रेंस एग्जाम २०२३ कोर्स के तहत कुल ५२५ भारतीय अधिकारी कैडेट्स को कमीशन दिया गया।
इसके अतिरिक्त, १४ मित्र देशों के ३४ विदेशी अधिकारी कैडेट्स ने भी इस अवसर पर कमीशन प्राप्त किया। यह समारोह भारत के रक्षा नेतृत्व को मजबूत करने और मित्र देशों के साथ सैन्य सहयोग को सुदृढ़ करने का एक महत्वपूर्ण कदम है।
इस सम्मानित परेड के साक्षी कैडेट्स के गर्वित माता-पिता, परिजन, वरिष्ठ सैन्य अधिकारी और अन्य विशिष्ट अतिथि बने। परेड का सबसे भावुक क्षण तब आया जब 'अंतिम पग' की परंपरा के साथ युवा अधिकारी अकादमी से विदा हुए और देश की सेवा के संकल्प के साथ आगे बढ़े।
स्वॉर्ड ऑफ ऑनर और स्वर्ण पदक (मेरिट में प्रथम) एसीए निश्कल द्विवेदी को प्रदान किया गया। रजत पदक (द्वितीय स्थान) बीयूओ बादल यादव और कांस्य पदक (तृतीय स्थान) एसयूओ कमलजीत सिंह को मिला। टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स में प्रथम स्थान के लिए ऑफिसर कैडेट जाधव सुजीत संपत और टेक्निकल एंट्री स्कीम-४६ में प्रथम स्थान के लिए डब्ल्यूसीसी अभिनव मेहरोत्रा को रजत पदक प्रदान किया गया। स्पेशल कमीशन ऑफिसर कोर्स का रजत पदक ऑफिसर कैडेट सुनील कुमार छेत्री को मिला। विदेशी कैडेट्स में मेरिट में प्रथम स्थान का पदक बांग्लादेश के जेयूओ मोहम्मद सफीन अशरफ को दिया गया। ऑटम टर्म २०२५ में सर्वश्रेष्ठ समग्र प्रदर्शन के लिए इम्फाल कंपनी को थल सेना प्रमुख बैनर प्रदान किया गया।