राजस्थान पंचायत चुनाव: AAP ने जारी की पहली सूची, 60 उम्मीदवार घोषित
सारांश
मुख्य बातें
आम आदमी पार्टी (AAP) ने 8 अक्टूबर 2026 को राजस्थान के आगामी पंचायती राज चुनावों के लिए उम्मीदवारों की पहली सूची औपचारिक रूप से जारी की, जिसमें 15 जिला परिषद सीटों और 45 पंचायत समिति वार्डों के लिए कुल 60 उम्मीदवारों के नाम शामिल हैं। यह सूची पार्टी की राजस्थान के ग्रामीण निकाय चुनावों में सक्रिय भागीदारी की दिशा में पहला ठोस कदम है।
सूची कैसे और किसने जारी की
AAP के संगठन महासचिव विश्वेंद्र सिंह और जयपुर जिला अध्यक्ष अमित दाधीच ने गुरुवार को एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह सूची सार्वजनिक की। पार्टी ने स्पष्ट किया कि यह पहली किस्त मात्र है और आने वाले दिनों में और सीटों के लिए नामों की घोषणा की जाएगी।
झालावाड़ पर विशेष ध्यान
पहली सूची में सबसे उल्लेखनीय पहलू झालावाड़ जिले को दी गई प्राथमिकता है। पार्टी ने झालावाड़ की 18 पंचायत समिति वार्डों में उम्मीदवार उतारने की घोषणा की है। गौरतलब है कि झालावाड़ को राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का राजनीतिक गढ़ माना जाता है। यह ऐसे समय में आया है जब AAP राज्य में ग्रामीण स्तर पर अपनी जड़ें जमाने की कोशिश कर रही है।
कहाँ-कहाँ उतारे उम्मीदवार
पार्टी ने अजमेर के सावर; अलवर के रैनी, लक्ष्मणगढ़ और मालाखेड़ा; तथा भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, धौलपुर, डीडवाना-कुचामन, झुंझुनू, जोधपुर, नागौर, पाली, राजसमंद, टोंक और सवाई माधोपुर के विभिन्न वार्डों में भी उम्मीदवारों के नाम घोषित किए हैं। घोषित नामों में झुंझुनू के अलसीसर वार्ड 19 से महावीर प्रसाद और चिड़ावा के वार्ड 3 से लोकपाल शामिल हैं।
रणनीतिक संदर्भ
AAP ने सितंबर 2026 में ही यह ऐलान किया था कि वह पूरे राजस्थान में पंचायती राज चुनाव लड़ेगी। राजस्थान में ये चुनाव चरणबद्ध तरीके से होने हैं, और सभी प्रमुख राजनीतिक दल मतदान से पूर्व अपनी सूचियाँ और प्रचार अभियान तेज़ करने में जुटे हैं। AAP के लिए यह चुनाव राज्य में विधानसभा चुनाव नतीजों के बाद ग्रामीण स्तर पर संगठन खड़ा करने की परीक्षा भी है।
आगे क्या
पार्टी ने संकेत दिया है कि शेष सीटों के लिए उम्मीदवारों की अगली सूची जल्द जारी की जाएगी। ग्रामीण निकाय चुनावों में AAP की सक्रियता राजस्थान की राजनीति में एक नई प्रतिस्पर्धात्मक परत जोड़ सकती है, जहाँ परंपरागत रूप से भारतीय जनता पार्टी (BJP) और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) के बीच मुकाबला होता रहा है।