अमित शाह का 28-29 मई को गुजरात दौरा: गांधीनगर-अहमदाबाद में उद्घाटन, भुज भी जाएंगे
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह 28-29 मई को गुजरात के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस यात्रा के दौरान वे गांधीनगर लोकसभा क्षेत्र और अहमदाबाद में अनेक विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगे, साथ ही संगठनात्मक एवं समीक्षा बैठकों की अध्यक्षता भी करेंगे। दौरे के अंत में उनके कच्छ के भुज जाने की भी संभावना है।
28 मई के मुख्य कार्यक्रम
शाह अपने दौरे की शुरुआत वड्सर से करेंगे, जहाँ वे आनंदम परिवार के सीएसआर फंड के अंतर्गत विकसित नवनिर्मित जेडवा झील का उद्घाटन करेंगे। इसके बाद जालंधर और सरधव में टोयोटा किर्लोस्कर मोटर्स लिमिटेड की सीएसआर पहल के तहत स्थापित नए पुस्तकालयों का भी लोकार्पण किया जाएगा।
खतराज में शाह अरविंद फाउंडेशन द्वारा प्रस्तावित झील सौंदर्यीकरण परियोजना की आधारशिला रखेंगे और नवनिर्मित ग्राम पंचायत कार्यालय का उद्घाटन करेंगे। मोती भोयन में पे सेंटर प्राइमरी स्कूल का उद्घाटन भी कार्यक्रम में शामिल है।
सोनीपुर और पार्टी बैठक
सोनीपुर गाँव तथा कलोल एवं गांधीनगर उत्तर विधानसभा क्षेत्रों में विभिन्न विकास कार्यों का शिलान्यास एवं उद्घाटन भी निर्धारित है। सोनीपुर प्रवास के दौरान शाह पूर्व सरपंच और वरिष्ठ भारतीय जनता पार्टी (BJP) कार्यकर्ता गंडाजी ठाकोर के आवास पर दोपहर का भोजन करेंगे।
इसके उपरांत राज्य पार्टी मुख्यालय 'श्री कमलम' में BJP के वरिष्ठ पदाधिकारियों की बैठक आयोजित होगी, जिसमें शाह स्वयं उपस्थित रहेंगे। यह बैठक संगठनात्मक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अहमदाबाद के कार्यक्रम
अहमदाबाद में शाह चांदखेड़ा इलाके में CBSE के क्षेत्रीय कार्यालय और सोला के उमियाधाम परिसर में नवनिर्मित छात्रावास भवन का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा अहमदाबाद नगर निगम द्वारा न्यू वडाज में निर्मित 'भारत माता' प्रतिमा का लोकार्पण भी उनके हाथों होगा।
सर्किट हाउस में ओलंपिक, राष्ट्रमंडल और विश्व पुलिस एवं अग्निशमन खेलों की तैयारियों की समीक्षा बैठक भी शाह की अध्यक्षता में होगी। यह बैठक खेल अवसंरचना और आयोजन तैयारियों के मद्देनज़र अहम मानी जा रही है।
भुज दौरा और दूसरा दिन
28 मई के सभी निर्धारित कार्यक्रम पूरे करने के बाद शाह के कच्छ के भुज जाने की संभावना है। 29 मई को भी गुजरात में अतिरिक्त कार्यक्रम आयोजित होंगे, जो इस दो दिवसीय यात्रा का हिस्सा हैं। यह यात्रा गुजरात में BJP के जनाधार को मज़बूत करने और विकास परियोजनाओं को ज़मीन पर दिखाने की व्यापक रणनीति के रूप में देखी जा रही है।