आशा भोसले: 15 साल बड़े गणपत राव से पहली शादी और 6 साल छोटे आरडी बर्मन से दूसरी शादी
सारांश
Key Takeaways
- आशा भोसले की शादी की कहानी प्रेरणादायक है।
- उन्होंने गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में नाम दर्ज कराया।
- उनके गाने आज भी लोगों के दिलों में बसे हैं।
- व्यक्तिगत संघर्षों का सामना करते हुए उन्होंने सफलता पाई।
- उनकी आवाज़ ने भारतीय संगीत को नई ऊँचाइयों पर पहुँचाया।
मुंबई, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। गायिका आशा भोसले की मधुर आवाज ने कई वर्षों तक करोड़ों लोगों के दिलों को छुआ, लेकिन उनकी व्यक्तिगत जिंदगी विवादों और चुनौतियों से भरी रही। 92 वर्ष की आयु में इस दुनिया को अलविदा कहने वाली आशा ताई ने दो बार विवाह किया। उनकी पहली शादी गणपत राव से हुई, जो उनसे 15 साल बड़े थे, जबकि दूसरी शादी आरडी बर्मन से हुई, जो उनसे 6 साल छोटे थे और यह तलाक के लगभग 20 साल बाद हुई।
आशा भोसले की पहली शादी बहुत कम उम्र में हुई थी। वह केवल 16 साल की थीं जब उन्होंने लता मंगेशकर के सचिव गणपत राव भोसले से विवाह किया। यह लव मैरिज लता मंगेशकर और उनके परिवार द्वारा स्वीकार नहीं की गई।
कुछ वर्षों तक यह रिश्ता चला, लेकिन शादी के 11 साल बाद, 1960 में, गणपत राव और आशा भोसले अलग हो गए। इस रिश्ते से उनके तीन संतानें हुई—बेटी वर्षा भोसले, और बेटे हेमंत भोसले और आनंद भोसले। गणपत राव ने आशा को दो बच्चों के साथ तथा तीसरे बच्चे की गर्भावस्था के दौरान घर से निकाल दिया। तलाक के बाद, आशा ने अपने करियर को संवारने पर ध्यान केंद्रित किया और गाने गाकर अपनी पहचान बनाई।
उन्होंने 20 से अधिक भाषाओं में गाना गाया और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराया। लगभग 12,000 गाने रिकॉर्ड करके उन्होंने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की।
तलाक के लगभग 20 साल बाद, आशा की जिंदगी में दोबारा प्यार आया। एक गाने की रिकॉर्डिंग के दौरान उनकी मुलाकात प्रसिद्ध संगीतकार आरडी बर्मन से हुई, जो उनसे 6 साल छोटे थे। आरडी बर्मन ने पहले आशा भोसले से अपने प्यार का इजहार किया और इसके बाद दोनों ने एक साथ जीवन बिताने का निर्णय लिया, और 1980 में शादी कर ली। यह आरडी बर्मन की दूसरी शादी थी, उनकी पहली पत्नी रीता पटेल से 1971 में तलाक हो चुका था। हालाँकि, आरडी बर्मन की मां इस रिश्ते के खिलाफ थीं।
आशा और आरडी बर्मन ने मिलकर कई यादगार गाने दिए, जैसे ‘ओ हसीना जुल्फों वाली’, ‘पिया तू अब तो आजा’, ‘दम मारो दम’, ‘चुरा लिया है तुमने जो दिल को’, और ‘ये लड़का है अल्लाह’। आरडी बर्मन का निधन 1994 में हुआ।
आरडी बर्मन के जाने के बाद, आशा भोसले की जिंदगी में और भी कठिनाइयाँ आईं। 2012 में उनकी बेटी वर्षा भोसले ने आत्महत्या कर ली और 2015 में उनके बेटे हेमंत भोसले का कैंसर से निधन हो गया। ये दोनों घटनाएँ आशा भोसले को अंदर से तोड़ गईं, लेकिन उन्होंने हमेशा मुस्कराते हुए अपनी निजी समस्याओं का सामना किया।