9 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

'बा बा ब्लैक शीप' में मालवी मल्होत्रा: 'भाषा बदलती है भावनाएँ व्यक्त करने का तरीका'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
'बा बा ब्लैक शीप' में मालवी मल्होत्रा: 'भाषा बदलती है भावनाएँ व्यक्त करने का तरीका'

सारांश

मालवी मल्होत्रा तेलुगु क्राइम-कॉमेडी 'बा बा ब्लैक शीप' में रमा के किरदार के साथ साउथ की दुनिया में कदम रख रही हैं। उनका कहना है कि भाषा सिर्फ उच्चारण नहीं — यह भावनाओं को व्यक्त करने का पूरा ढाँचा बदल देती है, और यही समझ उन्हें बहुमुखी कलाकार बनाती है।

मुख्य बातें

मालवी मल्होत्रा तेलुगु क्राइम-कॉमेडी फिल्म 'बा बा ब्लैक शीप' में रमा का किरदार निभा रही हैं।
उन्होंने कहा कि भाषा केवल शब्दों तक नहीं, बल्कि सीन की लय और भावनाओं की अभिव्यक्ति तक फैली होती है।
रमा का किरदार स्वतंत्र पहचान और भावनात्मक सफर वाला है — महज नायक की कहानी का सहारा नहीं।
मालवी की थिएटर ट्रेनिंग उनके अभिनय दृष्टिकोण की नींव है — हावभाव को कृत्रिम नहीं, स्वाभाविक रखना।
वे पैमाने या ग्लैमर से अधिक मजबूत पटकथा और पात्रों की यात्रा को प्राथमिकता देती हैं।

तेलुगु क्राइम-कॉमेडी फिल्म 'बा बा ब्लैक शीप' में अभिनेत्री मालवी मल्होत्रा रमा के किरदार में दिखाई देंगी। मुंबई में अभिनेत्री ने 9 अक्टूबर 2026 को साउथ इंडस्ट्री में काम करने के अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि भाषा केवल शब्दों तक सीमित नहीं है — यह यह भी तय करती है कि आप अपनी भावनाओं को पर्दे पर किस तरह उतारते हैं। यह उनकी पहली प्रमुख तेलुगु परियोजना है और उन्होंने किरदार की गहराई को लेकर विस्तार से बात की।

भाषा और अभिनय का परस्पर संबंध

मालवी ने कहा, 'हर इंडस्ट्री की काम करने की संस्कृति, लय और कहानी कहने की भाषा होती है और मेरे लिए इससे परिचित होना मददगार है।' उन्होंने जोड़ा कि भाषा सिर्फ उच्चारण के बारे में नहीं है, बल्कि यह सीन की लय, सह-कलाकार को सुनने की क्षमता और मन की भावनाओं को व्यक्त करने के तरीके को भी प्रभावित करती है।

उनके शब्दों में, 'आखिरकार, भावनाएँ सार्वभौमिक होती हैं। चाहे आप हिंदी, तेलुगु, तमिल या मलयालम बोल रहे हों, किरदार की सच्चाई सामने आनी चाहिए। इस समझ ने मुझे और अधिक सहज और बहुमुखी कलाकार बना दिया है।' गौरतलब है कि हिंदी पट्टी की कई अभिनेत्रियाँ अब दक्षिण भारतीय फिल्मों में बड़ी भूमिकाएँ निभा रही हैं, जो पैन-इंडिया सिनेमा के बढ़ते दायरे को दर्शाता है।

रमा का किरदार: एक स्वतंत्र पहचान

अभिनेत्री ने रमा के किरदार के बारे में बताया कि उसे महज नायक की कहानी को आगे बढ़ाने के लिए नहीं लिखा गया। उन्होंने कहा, 'रमा की अपनी अलग पहचान और इमोशनल सफर है। उसके कई पहलू हैं — जहाँ कुछ पहलू वास्तविकता के करीब थे, वहीं कुछ ने मुझे अपने व्यक्तित्व से बाहर ला दिया।'

मालवी के अनुसार, इस किरदार में उन्हें सबसे अधिक आकर्षित किया उसे एक वास्तविक इंसान की तरह प्रस्तुत करने का अवसर — अपने विचारों, कमजोरियों और ताकतों के साथ। यह एक ऐसी भूमिका है जो मुख्यधारा की व्यावसायिक फिल्मों में अक्सर महिला किरदारों को नहीं मिलती।

तैयारी का तरीका: थिएटर की नींव

अपनी भूमिका की तैयारी पर बात करते हुए मालवी ने बताया कि वे किसी भी किरदार के लिए पहले उसकी दुनिया, इच्छाओं, डर और प्रतिक्रियाओं को समझती हैं। उन्होंने कहा, 'मैंने स्पष्ट हावभाव बनाने के बजाय अपने अभिनय को सहज बनाने की कोशिश की।'

उन्होंने अपनी थिएटर ट्रेनिंग को इसका श्रेय दिया: 'थिएटर ने मुझे सिखाया है कि छोटी-छोटी बातें किसी किरदार को विश्वसनीय बना सकती हैं, इसलिए मैंने उसके आंतरिक जीवन पर अधिक ध्यान दिया और हावभाव को स्वाभाविक रूप से उभरने दिया।' यह दृष्टिकोण उन्हें मेथड एक्टिंग की परंपरा के करीब ले जाता है।

प्रोजेक्ट चुनाव की कसौटी

मालवी ने स्पष्ट किया कि वे किसी भी प्रोजेक्ट में पैमाने या ग्लैमर से अधिक कहानी और पात्रों की यात्रा को प्राथमिकता देती हैं। उन्होंने कहा, 'जब मैंने पटकथा पढ़ी, तो मुझे लगा कि पात्र और उनकी भावनाएँ कहानी को चला रही हैं।'

यह ऐसे समय में आया है जब हिंदी और दक्षिण भारतीय सिनेमा के बीच सहयोग तेज़ी से बढ़ रहा है, और अभिनेत्रियाँ अब भाषाई सीमाओं से परे अपना करियर बना रही हैं। 'बा बा ब्लैक शीप' इस बदलाव की एक और कड़ी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि किरदार-केंद्रित भूमिकाओं में जगह बना रही हैं। हालाँकि, यह भी ध्यान देने योग्य है कि अधिकांश साक्षात्कारों में अभिनेत्रियाँ भाषाई समायोजन की बात करती हैं, लेकिन दक्षिण उद्योग में उनकी भूमिकाओं की वास्तविक गहराई अक्सर स्क्रीन पर परखी जाती है, साक्षात्कार में नहीं। 'बा बा ब्लैक शीप' के रिलीज़ होने पर ही यह तय होगा कि रमा का किरदार उतना ही बहुआयामी है जितना वर्णित किया गया है।
RashtraPress
9 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

तेलुगु फिल्म 'बा बा ब्लैक शीप' में मालवी मल्होत्रा कौन सा किरदार निभा रही हैं?
मालवी मल्होत्रा इस तेलुगु क्राइम-कॉमेडी फिल्म में रमा का किरदार निभा रही हैं। उनके अनुसार, रमा की अपनी स्वतंत्र पहचान और भावनात्मक यात्रा है, जो उसे केवल नायक-केंद्रित किरदार से अलग बनाती है।
मालवी मल्होत्रा के अनुसार भाषा और अभिनय में क्या संबंध है?
मालवी के अनुसार, भाषा सिर्फ शब्दों या उच्चारण तक सीमित नहीं है — यह भावनाओं को व्यक्त करने के तरीके, सीन की लय और सह-कलाकार को सुनने की क्षमता को भी प्रभावित करती है। उन्होंने कहा कि भावनाएँ सार्वभौमिक होती हैं और किरदार की सच्चाई हर भाषा में सामने आनी चाहिए।
मालवी मल्होत्रा ने रमा के किरदार की तैयारी कैसे की?
उन्होंने पहले किरदार की दुनिया, इच्छाओं, डर और प्रतिक्रियाओं को समझा। थिएटर ट्रेनिंग से सीखे सबक को आधार बनाकर उन्होंने हावभाव को कृत्रिम रूप से गढ़ने के बजाय किरदार के आंतरिक जीवन पर ध्यान केंद्रित किया।
मालवी मल्होत्रा साउथ इंडस्ट्री में काम करने का अनुभव कैसा बताती हैं?
उनके अनुसार, हर इंडस्ट्री की अपनी काम करने की संस्कृति और कहानी कहने की शैली होती है। साउथ इंडस्ट्री से परिचित होने से उन्हें अधिक सहज और बहुमुखी कलाकार बनने में मदद मिली है।
मालवी मल्होत्रा प्रोजेक्ट चुनते समय किस बात को प्राथमिकता देती हैं?
वे पैमाने या ग्लैमर के बजाय मजबूत पटकथा और किरदारों की अपनी यात्रा को प्राथमिकता देती हैं। 'बा बा ब्लैक शीप' में उन्हें पटकथा पढ़ते समय लगा कि पात्र और उनकी भावनाएँ कहानी को आगे ले जा रही हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 दिन पहले
  2. 5 महीने पहले
  3. 10 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 11 महीने पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले