क्या छत्तीसगढ़ के सुकमा में विस्फोटक के साथ पांच नक्सली गिरफ्तार हुए?

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क्या छत्तीसगढ़ के सुकमा में विस्फोटक के साथ पांच नक्सली गिरफ्तार हुए?

सारांश

सुकमा में सुरक्षा बलों ने नक्सल विरोधी अभियान के दौरान पांच नक्सलियों को गिरफ्तार किया। उनके पास से विस्फोटक सामग्री भी बरामद की गई। यह सफलता सुकमा में नक्सली हिंसा के खिलाफ चल रहे अभियान की महत्वपूर्ण उपलब्धि है। जानिए इस अभियान के बारे में विस्तार से।

मुख्य बातें

सुरक्षा बलों ने 5 नक्सलियों को गिरफ्तार किया।
विस्फोटक सामग्री का भंडार बरामद किया गया।
यह अभियान नक्सलवाद के खिलाफ चलाए जा रहे प्रयासों का हिस्सा है।

सुकमा, 1 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। छत्तीसगढ़ में नक्सल विरोधी अभियानों के अंतर्गत सुरक्षा बलों ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की। सुरक्षा बलों ने सुकमा जिले में एक समन्वित अभियान के दौरान प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) के पांच सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया और विस्फोटकों का एक बड़ा जखीरा बरामद किया।

पुलिस अधिकारी के अनुसार, एक स्थानीय मुखबिर की खुफिया जानकारी के आधार पर, छत्तीसगढ़ पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 74वीं और 226वीं बटालियन के जवानों की एक संयुक्त टीम ने जगरगुंडा थाने के प्रभारी (एसएचओ) के नेतृत्व में गुरुवार को अचकट गांव के निकट घने जंगल में तलाशी अभियान आरंभ किया।

अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों की उपस्थिति का आभास पाकर संदिग्धों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन उन्हें तत्परता से पकड़ लिया गया। इन गिरफ्तार व्यक्तियों की पहचान हेमला पाला (35), हेमला हुंगा (35), सोडी देवा (25), नुप्पो (20) और कुंजम मासा (28) के रूप में हुई है। ये सभी चिंतलनार क्षेत्र के निवासी हैं और जगरगुंडा-पामेड़ क्षेत्र समिति के अंतर्गत सुरपांगुडा में सक्रिय थे।

उनके पास से दो देसी बैरल ग्रेनेड लॉन्चर (बीजीएल) के गोले, एक टिफिन बम, सात जिलेटिन रॉड, नौ डेटोनेटर, विस्फोटक पाउडर और इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) बनाने के लिए आवश्यक अन्य सामग्रियां बरामद की गईं। ये गिरफ्तारियां सुकमा जिले में लंबे समय से चल रहे नक्सली हिंसा के खिलाफ अभियान में एक महत्वपूर्ण सफलता हैं।

यह अभियान बस्तर क्षेत्र में उग्रवादी नेटवर्क को ध्वस्त करने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा बलों द्वारा किए जा रहे गहन प्रयासों को प्रदर्शित करता है।

पिछले हमलों में संदिग्धों की संलिप्तता के स्तर का पता लगाने और बरामद विस्फोटकों की आपूर्ति श्रृंखला का पता लगाने के लिए आगे की जांच जारी है।

मंगलवार को सुकमा-दंतेवाड़ा सीमा के निकट जंगली इलाके में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में एक उग्रवादी मारा गया और जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) के तीन जवान घायल हुए।

तीन दिन पहले, विशेष कार्य बल (एसटीएफ), डीआरजी और सीआरपीएफ की एक संयुक्त टीम ने इलाके में नक्सलियों की मौजूदगी की खुफिया जानकारी के आधार पर तलाशी अभियान शुरू किया था। इस अभियान के दौरान 29 जुलाई को कई बार गोलीबारी हुई।

संपादकीय दृष्टिकोण

और इस प्रकार की कार्रवाइयाँ उन प्रयासों का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं जो नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सुकमा में नक्सलियों की गिरफ्तारी कब हुई?
सुकमा में नक्सलियों की गिरफ्तारी 1 अगस्त को हुई।
गिरफ्तार नक्सलियों के पास क्या बरामद किया गया?
गिरफ्तार नक्सलियों के पास विस्फोटक सामग्री, जैसे कि टिफिन बम, जिलेटिन रॉड और डेटोनेटर बरामद किए गए।
इस अभियान का उद्देश्य क्या था?
इस अभियान का उद्देश्य नक्सलवादी नेटवर्क को ध्वस्त करना और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना था।
राष्ट्र प्रेस