छत्तीसगढ़: वेदांता पावर प्लांट में विस्फोट से मृतकों की संख्या बढ़कर २४ हुई

Click to start listening
छत्तीसगढ़: वेदांता पावर प्लांट में विस्फोट से मृतकों की संख्या बढ़कर २४ हुई

सारांश

छत्तीसगढ़ के वेदांता पावर प्लांट में हुए विस्फोट ने झारखंड के एक और श्रमिक की जान ले ली, जिससे मृतकों की संख्या २४ हो गई। गंभीर रूप से घायल तीन श्रमिकों की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियां जांच में जुटी हैं।

Key Takeaways

  • विस्फोट की घटना 14 अप्रैल को हुई।
  • मृतकों की कुल संख्या अब 24 है।
  • 36 श्रमिक गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
  • जांच में तकनीकी खामियों का पता चला है।
  • भविष्य में सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कड़े उपायों की आवश्यकता है।

रायपुर/सक्ति, १९ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। छत्तीसगढ़ के शक्ति जिले के सिंघीतराई गांव में स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए बॉयलर विस्फोट में झारखंड के एक और श्रमिक की, जिसका नाम मनीष कुमार है, मौत हो गई। यह दुःखद घटना १४ अप्रैल को हुई थी, जिसके बाद मृतकों की कुल संख्या अब २४ हो गई है।

इस विस्फोट में कुल ३६ मजदूर गंभीर रूप से घायल हुए थे। सूत्रों के अनुसार, तीन घायलों की स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है।

अधिकारियों ने बताया है कि सभी घायल श्रमिकों को उच्च गुणवत्ता का इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है और मृतकों के परिवारों को सहायता प्रदान की जा रही है। लगभग १२ घायलों का उपचार चल रहा है।

यह विस्फोट बॉयलर से टरबाइन तक उच्च दबाव वाली भाप ले जाने वाली नली में हुआ था।

मुख्य बॉयलर निरीक्षक की प्रारंभिक जांच में संभावित कमियों का संकेत मिला है, जिसमें अत्यधिक ईंधन का जमा होना और इसके कारण दबाव में वृद्धि शामिल है।

प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियों ने मामले की जांच को तेज कर दिया है। केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की आठ सदस्यीय टीम १८ अप्रैल को संयंत्र पहुंची और पिछले १४ दिनों के उत्पादन लॉगबुक की जांच की।

टीम ने पिछले महीने तकनीकी खराबी की आवृत्ति के बारे में भी जानकारी जुटाई।

सूत्रों के अनुसार, संयंत्र में पिछले एक वर्ष में कई बार तकनीकी खराबी आई थी, जिसमें दुर्घटना के लगभग १० दिन पहले की एक संक्षिप्त खराबी भी शामिल है।

जांच दल ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए हैं और प्रबंधन, कर्मचारियों और अधिकारियों से पूछताछ की है। प्रशासन का कहना है कि अंतिम रिपोर्ट प्रस्तुत होने के बाद ही सटीक कारणों का पता चलेगा।

इस घटना ने क्षेत्र में औद्योगिक सुरक्षा और रखरखाव प्रक्रियाओं को लेकर गंभीर चिंताएं बढ़ा दी हैं।

कई एजेंसियां ​​घटनाक्रम का सटीक पता लगाने और त्रासदी में योगदान देने वाली किसी भी चूक की जांच करने के लिए कार्य कर रही हैं। जांच में भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं से बचने के लिए कड़े निवारक उपायों की सिफारिश किए जाने की उम्मीद है।

Point of View

NationPress
21/04/2026

Frequently Asked Questions

विस्फोट कब हुआ था?
विस्फोट १४ अप्रैल को हुआ था।
मृतकों की संख्या कितनी है?
मृतकों की संख्या अब २४ हो गई है।
घायलों की स्थिति क्या है?
तीन घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है।
जांच किसने की है?
केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की टीम ने जांच की है।
क्या प्रशासन ने कोई मदद प्रदान की है?
हाँ, प्रशासन ने सभी घायलों को इलाज और मृतकों के परिवारों को सहायता देने का आश्वासन दिया है।
Nation Press