क्या परीक्षा पे चर्चा 2026 में छत्तीसगढ़ का पंजीकरण में पहला स्थान गर्व की बात है?
सारांश
Key Takeaways
- छत्तीसगढ़ ने 'परीक्षा पे चर्चा 2026' में पहले स्थान पर रहकर गर्व का अनुभव किया।
- 81,533 अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी ने सफलता में योगदान दिया।
- परीक्षा को तनाव का कारण न बनाकर उत्सव का अवसर बनाने की सोच।
रायपुर, 4 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रमुख पहल ‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ में पंजीकरण कराने में छत्तीसगढ़वासी सबसे आगे हैं। इस संबंध में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने स्वयं जानकारी साझा की है।
सीएम विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि परीक्षा को तनाव का कारण नहीं, बल्कि उत्सव का अवसर बनाने की सोच के तहत छत्तीसगढ़ ने देश के लिए एक रोल मॉडल बनने का काम किया है। ‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ में पालक सहभागिता के पंजीकरण में अब तक देश में पहले स्थान पर रहना छत्तीसगढ़वासियों के लिए गर्व का विषय है।
उन्होंने बताया कि 81,533 से अधिक अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी यह दर्शाती है कि हमारे पालक अब अंकों के दबाव से मुक्त होकर, बच्चों के आत्मविश्वास और मानसिक सशक्तिकरण से जुड़ रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए सकारात्मक अनुभव के विचार को छत्तीसगढ़ ने पूरी संवेदनशीलता के साथ अपनाया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि विद्यार्थी, शिक्षक और पालक की साझा भागीदारी से बना यह विश्वास ही हमारी सबसे बड़ी उपलब्धि है। आप भी 11 जनवरी 2026 तक पंजीकरण करा सकते हैं। आइए, मिलकर इस अभियान को और सशक्त बनाएं।
ज्ञात हो कि ‘परीक्षा पे चर्चा’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों से परीक्षा से जुड़ी तनाव, तैयारी, सीख और मानसिक दृष्टिकोण पर संवाद करते हैं। यह संवाद छात्रों को परीक्षा के भय से मुक्त करने और परीक्षा को सकारात्मक दृष्टिकोण से देखने के लिए आयोजित किया जाता है।
पिछले वर्ष की बात करें तो 'परीक्षा पे चर्चा' में 245 से अधिक देशों के छात्र शामिल हुए थे। वहीं 153 देशों के शिक्षकों और 149 देशों से बड़ी संख्या में अभिभावक भी इस कार्यक्रम का हिस्सा बने थे। तब इस व्यापक भागीदारी ने गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया था।