क्या कनॉट प्लेस स्थित गणेश मंदिर में सीएम रेखा ने किया दर्शन?

सारांश
Key Takeaways
- गणेश चतुर्थी का पर्व 10 दिनों का होता है।
- दिल्ली की मुख्यमंत्री ने गणेश मंदिर में दर्शन किया।
- सीएम ने दिल्लीवासियों के लिए मंगलकामनाएं दी।
- गणेश जी की पूजा से सफलता और समृद्धि की प्राप्ति होती है।
- पर्व के दौरान सामाजिक समरसता का प्रतीक बनता है।
नई दिल्ली, 27 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। गणेश चतुर्थी के अवसर पर देशभर में लोगों का उत्साह देखने को मिल रहा है। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को कनॉट प्लेस स्थित श्री गणेश मंदिर में पूजा अर्चना की और दिल्लीवासियों को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दी।
सीएम रेखा गुप्ता ने मंदिर में दर्शन-पूजन किया और इस अवसर की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर साझा की। एक तस्वीर में वह गणेश जी की आरती करती हुई दिखाई दे रही हैं, वहीं दूसरी तस्वीर में वह मंदिर में स्थित शिवलिंग पर दुग्धाभिषेक कर रही हैं। एक अन्य तस्वीर में वह मंदिर के कई पुजारियों के साथ नजर आईं।
सीएम ने 'एक्स' पर लिखा, "गणेश चतुर्थी के इस पावन अवसर पर कनॉट प्लेस स्थित श्री गणेश मंदिर में पूजा एवं दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। मंगलमूर्ति गणपति के अनेक रूप जीवन में बुद्धि, विवेक, सफलता और समृद्धि का वरदान देते हैं। उनकी महिमा ऐसी है कि जहां विनायक विराजते हैं, वहां आनंद, सौभाग्य और मंगल का वास होता है।
दिल्लीवासियों के लिए मंगलकामना करते हुए उन्होंने लिखा, "हे गणपति बप्पा, दिल्ली के हर घर-आंगन को अपने आशीर्वाद से आलोकित करें और सबके जीवन में नई सफलताएं, नई खुशियां भर दें। गणपति बप्पा मोरया!"
सीएम रेखा गुप्ता ने इससे पहले एक अन्य पोस्ट में लिखा, "श्री गणेश चतुर्थी की आप सभी को मंगलमय शुभकामनाएं। विघ्नविनाशक, सिद्धिदायक, प्रथम पूज्य श्री गणपति आपके जीवन से हर विघ्न का अंत करें, सुख, शांति, समृद्धि और सौभाग्य का वरदान दें। हे सिद्धिविनायक, आपकी कृपा से हर घर आनंद से भर जाए, हर प्रयास सिद्धि पाए। गणपति बप्पा मोरया!"
ज्ञात हो कि देशभर में गणेश चतुर्थी को लेकर बहुत उत्साह है। राजनेता, एक्टर, क्रिकेटर और समाज के हर तबके के लोग गणेश जी की पूजा कर रहे हैं और देशवासियों को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दे रहे हैं। गणेश चतुर्थी 27 अगस्त से शुरू हुई है, जिसका समापन अनंत चतुर्दशी के दिन, 6 सितंबर को होगा। यह त्योहार आमतौर पर 10 दिनों तक चलता है, जिसमें गणेश जी की स्थापना और विसर्जन शामिल होता है।