क्या अनियमित कॉलोनियों में नालियों की निकासी को लेकर विभाग मिलकर काम करेंगे?
सारांश
Key Takeaways
- अनियमित कॉलोनियों में नालियों की सफाई
- जल निकासी व्यवस्था को मजबूत करना
- अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई
- पार्कों का विकास और रखरखाव
- स्थायी समाधान सुनिश्चित करना
नई दिल्ली, 26 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली सरकार के समाज कल्याण मंत्री और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के प्रभारी मंत्री रविन्द्र इंद्राज सिंह ने शुक्रवार को सभी संबंधित विभागों के साथ जन शिकायतों के आधार पर रोहिणी के सेक्टर-21 और सेक्टर-22 का निरीक्षण किया। स्थानीय नागरिकों की जनसमस्याओं, चल रहे विकास कार्यों और बुनियादी सुविधाओं की स्थिति का निरीक्षण करते समय आवश्यक निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान, कैबिनेट मंत्री ने अनियमित कॉलोनियों में नालियों की निकासी और उन्हें ड्रेनेज सिस्टम से जोड़ने के लिए विभागों को मिलकर कार्य करने और स्थायी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करने और गलत तरीके से पार्क वाहनों और कामर्शियल वाहनों के खिलाफ कार्रवाई के भी निर्देश दिए।
समाज कल्याण मंत्री ने अनियमित कॉलोनियों में नालियों की सफाई, मरम्मत और जल निकासी व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीवर लाइनों और ड्रेनेज सिस्टम को जोड़ने के लिए विभाग समन्वय बनाकर कार्य करें। मंत्री ने पिछले मानसून में जिन स्थानों पर जलभराव की समस्या आई थी, वहां का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि नालों की सफाई और अतिक्रमण हटाकर यह सुनिश्चित करें कि आगामी मानसून में जलभराव न हो।
रविन्द्र इंद्राज सिंह ने अतिक्रमण पर भी सख्त रुख अपनाते हुए विशेष निर्देश जारी किए। उन्होंने सेक्टर-22 से सुल्तानपुरी की ओर जाने वाली 10 फुट की सड़क पर अवैध अतिक्रमण हटाने और सड़क किनारे गलत तरीके से पार्क किए गए वाहनों तथा व्यावसायिक वाहनों पर कार्रवाई करने को कहा। कैबिनेट मंत्री ने स्पष्ट किया कि अतिक्रमण और अव्यवस्थित पार्किंग के कारण यातायात बाधित होता है और आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है, जिसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मंत्री ने जन शिकायतों के आधार पर अधिकारियों से क्षेत्र में पिछले 10 वर्षों में हुए कार्यों की विस्तृत जानकारी मांगी। उन्होंने निर्देश दिए कि नए कार्य पूरी गुणवत्ता के साथ तय समय पर पूरे करें।
समाज कल्याण मंत्री ने सभी पुरानी और क्षतिग्रस्त सीवर लाइनों को चरणबद्ध तरीके से बदलने तथा नई आबादी और बढ़ते दबाव को ध्यान में रखते हुए नई सीवर लाइन की योजनाओं पर कार्य करने के निर्देश दिए।
इसके अतिरिक्त, उन्होंने अनियमित कॉलोनियों में नियमित साफ-सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने, नागरिकों की शिकायतों के आधार पर जिन क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइट की कमी है, वहां शीघ्र नई स्ट्रीट लाइट लगाने के निर्देश दिए।
पार्कों के विकास पर विशेष जोर देते हुए कैबिनेट मंत्री ने पार्कों में बाउंड्री वॉल निर्माण, बच्चों के लिए झूले लगाने, पर्याप्त हरियाली विकसित करने तथा उनके नियमित रखरखाव को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही, समाज कल्याण मंत्री ने क्षेत्र में मौजूद वाटर बॉडीज और जलाशयों के संरक्षण और सौंदर्यीकरण पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए, ताकि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ क्षेत्र की सुंदरता और नागरिकों की जीवन गुणवत्ता में सुधार किया जा सके।
निरीक्षण के दौरान, एमसीडी, डीएसआईआईडीसी, डीडीए, दिल्ली जल बोर्ड, पीडब्ल्यूडी और सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
समाज कल्याण मंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि विकास कार्यों में लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ तय समयसीमा में कार्यों को पूरा करें।