17 सितंबर 2026
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श्रीनगर के पीरबाग में गाड़ी बिजली के खंभे से टकराई, आठ मजदूर घायल — तीन की हालत गंभीर

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श्रीनगर के पीरबाग में गाड़ी बिजली के खंभे से टकराई, आठ मजदूर घायल — तीन की हालत गंभीर

सारांश

श्रीनगर के पीरबाग इलाके में गुरुवार को एक गाड़ी बिजली के खंभे से टकरा गई, जिसमें आठ मजदूर घायल हो गए। गंभीर रूप से घायल तीन लोगों — जहूर अहमद, इश्फाक अहमद भट और तनवीर अहमद खान — को SMHS अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

मुख्य बातें

17 सितंबर 2026 को श्रीनगर के पीरबाग में गाड़ी के बिजली के खंभे से टकराने पर आठ मजदूर घायल हुए।
घायलों में से तीन की हालत गंभीर — जहूर अहमद (27) , इश्फाक अहमद भट (बडगाम-बीरवाह), और तनवीर अहमद खान (19) (कुपवाड़ा)।
सभी घायलों को SMHS अस्पताल, श्रीनगर में भर्ती कराया गया।
हादसे से पहले चालक का वाहन पर से नियंत्रण छूट जाना प्रारंभिक कारण बताया जा रहा है।
जम्मू-कश्मीर में 90% सड़क दुर्घटनाएँ मानवीय भूल के कारण होती हैं।

जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर शहर के बाहरी इलाके पीरबाग में गुरुवार, 17 सितंबर 2026 को एक गाड़ी के बिजली के खंभे से टकरा जाने से आठ मजदूर घायल हो गए। अधिकारियों के अनुसार घायलों में से तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है और उन्हें तत्काल उपचार के लिए श्रीनगर के SMHS अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

हादसे का घटनाक्रम

जानकारी के अनुसार खंभे से टकराने से ठीक पहले गाड़ी के चालक का वाहन पर से नियंत्रण छूट गया था, जिसके बाद गाड़ी सड़क किनारे खड़े बिजली के खंभे से जा भिड़ी। यह हादसा पीरबाग क्षेत्र में हुआ, जो श्रीनगर शहर की परिधि पर स्थित है। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों और राहतकर्मियों ने घायलों को SMHS अस्पताल पहुँचाया।

गंभीर रूप से घायल लोगों की पहचान

गंभीर रूप से घायल तीन लोगों की पहचान जहूर अहमद, इश्फाक अहमद भट और तनवीर अहमद खान के रूप में हुई है। 27 वर्षीय जहूर गाड़ी का चालक था और कुपवाड़ा का निवासी है। इश्फाक अहमद भट बडगाम जिले के बीरवाह का रहने वाला है, जबकि 19 वर्षीय तनवीर अहमद खान भी कुपवाड़ा निवासी बताए गए हैं।

हादसे की वजह और पुलिस कार्रवाई

हादसे के सटीक कारण और पुलिस की किसी औपचारिक कार्रवाई के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। अधिकारियों ने मामले की जाँच शुरू करने का संकेत दिया है। यह ऐसे समय में हुआ है जब जम्मू-कश्मीर में सड़क सुरक्षा एक गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है।

जम्मू-कश्मीर में सड़क हादसों की स्थिति

आँकड़ों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में 90 प्रतिशत से अधिक सड़क दुर्घटनाएँ मानवीय भूल और लापरवाह ड्राइविंग के कारण होती हैं। इनमें मोबाइल फोन के इस्तेमाल, तेज़ रफ्तार, अत्यधिक थकान और नशे में वाहन चलाने जैसी आदतें प्रमुख कारण मानी जाती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ड्राइवर का ध्यान भटकना और अनुचित गति सड़क दुर्घटनाओं को और घातक बना देती है।

आगे क्या

फिलहाल SMHS अस्पताल में भर्ती गंभीर घायलों की चिकित्सकीय निगरानी जारी है। पुलिस से मामले की विस्तृत जाँच रिपोर्ट आने की उम्मीद है। इस हादसे ने एक बार फिर श्रीनगर और आसपास के क्षेत्रों में यातायात अनुशासन और सड़क सुरक्षा उपायों की ज़रूरत को रेखांकित किया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहाँ आँकड़ों के अनुसार 90 प्रतिशत हादसे मानवीय चूक से होते हैं — फिर भी प्रवर्तन और जागरूकता अभियान अपर्याप्त बने हुए हैं। यह तथ्य कि घायल मजदूर वर्ग के लोग हैं, यह भी दर्शाता है कि सड़क दुर्घटनाओं का सबसे अधिक बोझ आर्थिक रूप से कमज़ोर तबके पर पड़ता है। हादसे की वजह और पुलिस कार्रवाई पर अभी तक कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण न आना, जवाबदेही की कमी को रेखांकित करता है।
RashtraPress
17 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

श्रीनगर पीरबाग सड़क हादसे में कितने लोग घायल हुए?
17 सितंबर 2026 को श्रीनगर के पीरबाग में हुए इस हादसे में कुल आठ मजदूर घायल हुए, जिनमें से तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को SMHS अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
गंभीर रूप से घायल लोगों की पहचान क्या है?
गंभीर रूप से घायल तीन लोगों की पहचान 27 वर्षीय जहूर अहमद (कुपवाड़ा), इश्फाक अहमद भट (बडगाम के बीरवाह) और 19 वर्षीय तनवीर अहमद खान (कुपवाड़ा) के रूप में हुई है। इनमें जहूर अहमद गाड़ी का चालक था।
घायलों को किस अस्पताल में ले जाया गया?
सभी आठ घायल मजदूरों को श्रीनगर के SMHS (सोनवर मेमोरियल हार्ट एंड सर्जिकल हॉस्पिटल) अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है।
जम्मू-कश्मीर में सड़क दुर्घटनाओं का मुख्य कारण क्या है?
आँकड़ों के अनुसार जम्मू-कश्मीर में 90 प्रतिशत सड़क हादसे मानवीय भूल और लापरवाह ड्राइविंग के कारण होते हैं। इनमें तेज़ रफ्तार, ध्यान भटकना, थकान और नशे में वाहन चलाना प्रमुख कारण हैं।
राष्ट्र प्रेस
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