17 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

आंध्र प्रदेश: श्री सत्य साई जिले के गोल्लापल्ली जलाशय में पाँच महिलाएँ डूबीं, CM नायडू ने जताया शोक

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
आंध्र प्रदेश: श्री सत्य साई जिले के गोल्लापल्ली जलाशय में पाँच महिलाएँ डूबीं, CM नायडू ने जताया शोक

सारांश

दशहरा की छुट्टियों में घर लौटी एक नवविवाहित महिला सहित पाँच महिलाएँ आंध्र प्रदेश के गोल्लापल्ली जलाशय में डूब गईं। CM नायडू और उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने शोक जताया; अब पर्यटन स्थलों पर लाइफगार्ड की तैनाती पर सवाल उठ रहे हैं।

मुख्य बातें

16 अक्टूबर 2026 को श्री सत्य साई जिले के गोल्लापल्ली जलाशय में पाँच महिलाएँ डूबकर मृत पाई गईं।
सभी पाँचों पीड़ित पेनुकोंडा मंडल के दुर्गापेट की निवासी थीं; 50 वर्षीया गायत्री , उनकी बेटी अश्विनी और तीन पड़ोसी शामिल।
अश्विनी की हाल ही में शादी हुई थी और वह दशहरा की छुट्टियों में मुंबई से माता-पिता के घर आई थीं।
DSP शिव प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस ने जाँच शुरू की; शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए।
उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने जिला कलेक्टर को कारणों की जाँच तथा पर्यटन स्थलों पर लाइफगार्ड तैनाती सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
पूर्व CM वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने परिवारों को पर्याप्त आर्थिक सहायता देने की माँग की।

आंध्र प्रदेश के श्री सत्य साई जिले में 16 अक्टूबर 2026 को एक दर्दनाक हादसे में पाँच महिलाएँ जलाशय में डूबकर जान गँवा बैठीं। पेनुकोंडा के निकट स्थित गोल्लापल्ली जलाशय में यह दुर्घटना तब हुई जब महिलाओं का एक समूह वहाँ घूमने गया था और कथित तौर पर फिसलकर गहरे पानी में जा गिरा। स्थानीय मछुआरों ने सभी पाँचों के शव बरामद किए।

मुख्य घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार, दुर्गापेट (पेनुकोंडा मंडल) निवासी 50 वर्षीया गायत्री अपनी बेटी अश्विनी और पड़ोसियों पुष्पा, हसीना तथा महीन के साथ गोल्लापल्ली जलाशय देखने गई थीं। सभी पाँचों पीड़ित पेनुकोंडा मंडल के दुर्गापेट की रहने वाली थीं।

घटना विशेष रूप से मार्मिक इसलिए भी है क्योंकि गायत्री की बेटी अश्विनी की हाल ही में शादी हुई थी और वह अपने पति के साथ मुंबई में रह रही थीं। दशहरा की छुट्टियों के उपलक्ष्य में वह माता-पिता के घर आई हुई थीं और इसी दौरान यह हादसा हो गया।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

पेनुकोंडा के पुलिस उपाधीक्षक (DSP) शिव प्रसाद ने बताया कि पुलिस ने घटना की जाँच शुरू कर दी है और सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि महिलाएँ जलाशय के किनारे घूम रही थीं, जब वे फिसलकर पानी में गिर गईं।

सरकार का शोक और निर्देश

मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने पाँचों महिलाओं की मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए शोकसंतप्त परिवारों के प्रति संवेदनाएँ प्रकट कीं। उन्होंने अधिकारियों से घटना का पूरा विवरण लिया।

उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने भी शोक व्यक्त किया और जिला कलेक्टर को दुर्घटना के कारणों की जाँच करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा, 'एक पर्यटन यात्रा के दौरान पाँच जीवन चले जाना अत्यंत पीड़ादायक है।' पवन कल्याण ने आश्वासन दिया कि तेलुगु देशम पार्टी (TDP) नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार मृतकों के परिवारों के साथ हर कदम पर खड़ी रहेगी।

उपमुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को पर्यटन क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने तथा जलाशयों और गहरे पानी वाले स्थलों पर लाइफगार्ड की तैनाती सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।

विपक्ष की प्रतिक्रिया

पूर्व मुख्यमंत्री एवं वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (YSRCP) अध्यक्ष वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने भी इस दुखद हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि परिवार के साथ सैर पर निकली महिलाओं का इस प्रकार दुखद अंत होना अत्यंत कष्टदायक है।

जगन मोहन रेड्डी ने राज्य सरकार से मृतकों के परिवारों को हर संभव सहायता और पर्याप्त आर्थिक मदद प्रदान करने का आग्रह किया।

आम जनता पर असर और आगे का रास्ता

यह हादसा उस वक्त हुआ जब पूरा देश दशहरा पर्व की खुशियाँ मना रहा था और कई परिवार पर्यटन स्थलों पर जा रहे थे। गोल्लापल्ली जलाशय में सुरक्षा उपायों की कमी अब सवालों के घेरे में है। यह घटना राज्य के पर्यटन स्थलों पर बुनियादी सुरक्षा ढाँचे की अनदेखी को रेखांकित करती है। अधिकारियों के अनुसार, जाँच रिपोर्ट और सुरक्षा समीक्षा जल्द पूरी की जाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

न चेतावनी के बोर्ड — और इसका खामियाजा पाँच परिवारों को अपनों की जान देकर चुकाना पड़ा। उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण का लाइफगार्ड तैनाती का निर्देश सही दिशा में है, लेकिन सवाल यह है कि ऐसे निर्देश हर बड़े हादसे के बाद दिए जाते हैं और फिर भुला दिए जाते हैं। दशहरा जैसे पर्व पर जब लाखों लोग पर्यटन स्थलों की ओर निकलते हैं, तब सुरक्षा ऑडिट पहले होनी चाहिए, शोक बाद में।
RashtraPress
17 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आंध्र प्रदेश के गोल्लापल्ली जलाशय में क्या हुआ?
16 अक्टूबर 2026 को श्री सत्य साई जिले के पेनुकोंडा के पास स्थित गोल्लापल्ली जलाशय में पाँच महिलाएँ घूमने के दौरान फिसलकर पानी में गिर गईं और डूब गईं। स्थानीय मछुआरों ने सभी पाँचों के शव बरामद किए।
हादसे में कौन-कौन सी महिलाएँ शामिल थीं?
50 वर्षीया गायत्री, उनकी बेटी अश्विनी और पड़ोसी पुष्पा, हसीना व महीन — सभी पेनुकोंडा मंडल के दुर्गापेट की निवासी थीं। अश्विनी हाल ही में विवाहित थीं और दशहरा की छुट्टियों में मुंबई से अपने माता-पिता के घर आई थीं।
सरकार ने इस हादसे पर क्या कदम उठाए हैं?
DSP शिव प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस ने जाँच शुरू कर दी है और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए हैं। उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने जिला कलेक्टर को दुर्घटना के कारणों की जाँच तथा पर्यटन स्थलों पर लाइफगार्ड तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
क्या मृतकों के परिवारों को सरकारी सहायता मिलेगी?
उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने आश्वासन दिया है कि TDP नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार परिवारों के साथ खड़ी रहेगी। वहीं, पूर्व CM वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने राज्य सरकार से मृतकों के परिवारों को पर्याप्त आर्थिक सहायता देने की माँग की है।
इस घटना से पर्यटन स्थलों की सुरक्षा पर क्या सवाल उठे हैं?
गोल्लापल्ली जलाशय पर लाइफगार्ड या पर्याप्त सुरक्षा संकेतों की अनुपस्थिति इस हादसे का मुख्य कारण मानी जा रही है। उपमुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को सभी पर्यटन क्षेत्रों और जलाशयों में सुरक्षा व्यवस्था की तत्काल समीक्षा का निर्देश दिया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 3 सप्ताह पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 6 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 1 साल पहले