गाजीपुर मुठभेड़: नाबालिग अपहरण का ₹50,000 इनामी संजय बिन्द गिरफ्तार, पैर में लगी गोली
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में सैदपुर पुलिस ने 13 अगस्त 2026 को नाबालिग बच्चियों के अपहरण मामले में वांछित ₹50,000 के इनामी अभियुक्त संजय बिन्द उर्फ बुझारत बिन्द को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ में अभियुक्त के पैर में गोली लगी और उसे तत्काल अस्पताल भेजा गया। उसके कब्जे से अवैध हथियार और कारतूस भी बरामद किए गए हैं।
मुठभेड़ का घटनाक्रम
12 अगस्त की रात सैदपुर के प्रभारी निरीक्षक को मुखबिर से सूचना मिली कि इनामी अपराधी सादात की दिशा से गाजीपुर की ओर आ रहा है। सूचना पर पुलिस टीम ने अहिरौली गाँव के निकट प्राइवेट आईटीआई पुरानी पिच रोड पर घेराबंदी की।
पुलिस के अनुसार, मोटरसाइकिल पर आ रहे अभियुक्त को रोकने का प्रयास किया गया, जिस पर उसकी मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर गिर गई। पुलिस का दावा है कि खुद को घिरा देख अभियुक्त ने पुलिस टीम पर 5-6 राउंड फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली उसके पैर में लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा।
अभियुक्त की पहचान और आपराधिक पृष्ठभूमि
सैदपुर क्षेत्राधिकारी शुभम वर्मा ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान संजय बिन्द, निवासी अकटहिया, थाना मुहम्मदाबाद, हालपता बाकरबाद महराजगंज, थाना कोतवाली गाजीपुर, उम्र करीब 38 वर्ष, के रूप में हुई है। उसके विरुद्ध पहले से 14 मुकदमे दर्ज हैं — जिनमें चोरी, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट जैसी गंभीर धाराएँ शामिल हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश पुलिस नाबालिगों से जुड़े अपराधों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए दबाव में है। गौरतलब है कि अभियुक्त लंबे समय से फरार था और उस पर ₹50,000 का इनाम घोषित था।
बरामदगी
पुलिस ने अभियुक्त के कब्जे से निम्नलिखित सामग्री बरामद की:
.315 बोर का तमंचा, एक कारतूस, दो मोटरसाइकिल और ₹1,300 नकद।
आगे की कार्रवाई
पुलिस के अनुसार अभियुक्त के विरुद्ध आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। उपचाराधीन संजय बिन्द के ठीक होने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेजे जाने की संभावना है। अधिकारियों ने संकेत दिया है कि उसके नेटवर्क से जुड़े अन्य अभियुक्तों की तलाश भी जारी है।