हेमा मालिनी का नवरात्र पर डांस बैले 'दुर्गा', तेलंगाना में पार्वती के रूप में जीवंत किया किरदार
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेत्री और भारतीय जनता पार्टी (BJP) सांसद हेमा मालिनी ने 11 अक्टूबर 2026 को नवरात्र के पहले दिन तेलंगाना के क्लासिक कन्वेंशन सेंटर में अपने प्रसिद्ध डांस बैले 'दुर्गा' की शानदार प्रस्तुति दी, जिसमें उन्होंने पार्वती माता का किरदार निभाते हुए भारतीय शास्त्रीय नृत्य के माध्यम से मां दुर्गा की शक्ति और भक्ति को मंच पर जीवंत किया। यह आयोजन अग्रवाल समाज द्वारा प्रस्तुत 'अग्र दांडिया नवरात्रि सेलिब्रेशन' का हिस्सा था, जिसके साथ महाराजा अग्रसेन जयंती भी मनाई गई।
मुख्य घटनाक्रम
हेमा मालिनी ने मंगलवार को इंस्टाग्राम पर अपनी परफॉर्मेंस की झलकियाँ साझा करते हुए इस अनुभव को 'खुशी की बात' बताया। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा, 'नवरात्र के पहले दिन तेलंगाना के अग्रवाल समाज के 'अग्र दांडिया नवरात्रि सेलिब्रेशन' में क्लासिक कन्वेंशन सेंटर पर अपने सबसे पॉपुलर बैले 'दुर्गा' की प्रस्तुति देना मेरे लिए खुशी की बात थी।' अपनी पोस्ट के साथ उन्होंने परफॉर्मेंस का वीडियो भी जोड़ा।
वीडियो में वह पार्वती माता के परिधान में नज़र आ रही हैं। अपने भाव-भंगिमाओं और क्लासिकल मुद्राओं के माध्यम से उन्होंने इस पौराणिक किरदार को असाधारण जीवंतता के साथ प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का संदर्भ
यह आयोजन अग्रवाल समाज की ओर से किया गया था और इसी दिन महाराजा अग्रसेन जयंती भी मनाई गई, जिससे इस कार्यक्रम का सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व और अधिक बढ़ गया। हेमा मालिनी ने अपनी शुभकामनाएँ भी दीं — 'इस शुभ अवसर पर आप सभी को नवरात्र और दुर्गा पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं।'
कला और अध्यात्म का संगम
गौरतलब है कि हेमा मालिनी भारतीय सिनेमा में अपनी अमिट पहचान के साथ-साथ शास्त्रीय नृत्य की दुनिया में भी एक सम्मानित स्थान रखती हैं। उनके डांस बैले में कला, आध्यात्मिकता और भक्ति का अनूठा मेल देखने को मिलता है। वह पहले भी कह चुकी हैं कि नृत्य उनके लिए एक गहरा आध्यात्मिक अनुभव है और इसी के माध्यम से वह भारतीय परंपराओं से जुड़ी रहती हैं।
आगे की संभावनाएँ
नवरात्र उत्सव के इस शुभारंभ के साथ, उम्मीद है कि हेमा मालिनी इस पर्व के दौरान अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी अपनी कला का प्रदर्शन जारी रखेंगी। उनकी प्रस्तुतियाँ वर्षों से भारतीय शास्त्रीय नृत्य को नई पीढ़ी तक पहुँचाने का माध्यम बनती रही हैं।