4 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

कैस्पियन सागर हमले के बाद ईरान ने यूक्रेन के तीन ठिकानों पर हमले की बनाई थी योजना, 'गलती' की दलील पर रोकी कार्रवाई

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
कैस्पियन सागर हमले के बाद ईरान ने यूक्रेन के तीन ठिकानों पर हमले की बनाई थी योजना, 'गलती' की दलील पर रोकी कार्रवाई

सारांश

कैस्पियन सागर में ईरानी मालवाहक जहाज पर हमले के बाद तेहरान यूक्रेन के तीन ठिकानों पर हमला करने की कगार पर था — यह खुलासा स्वयं ईरान के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेजाई ने किया। कीव की 'गलती' की दलील और राजनयिक बातचीत ने बड़े टकराव को टाला, लेकिन मुआवजे की माँग अभी बाकी है।

मुख्य बातें

ईरान के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेजाई ने खुलासा किया कि तेहरान ने यूक्रेन के तीन ठिकानों पर जवाबी हमले की पूरी तैयारी की थी।
कैस्पियन सागर में ईरानी मालवाहक जहाज पर हमले में एक व्यक्ति की मौत और तीन घायल हुए।
यूक्रेन ने दावा किया कि उसने रूसी जहाजों को निशाना बनाया था, ईरानी जहाज को नहीं — हमला 'गलती से' हुआ।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची और यूक्रेनी समकक्ष के बीच फोन वार्ता के बाद सैन्य कार्रवाई रोकी गई।
रेजाई ने स्पष्ट किया कि गलती की स्थिति में भी मुआवजे की उम्मीद की जाती है।
ईरान ने यूरोपीय संघ से इस मामले में 'निर्णायक' कदम उठाने की माँग की है।

ईरान के सर्वोच्च नेता के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेजाई ने खुलासा किया है कि कैस्पियन सागर में ईरानी व्यापारी जहाज पर हमले के बाद तेहरान ने यूक्रेन के तीन ठिकानों पर जवाबी हमले की पूरी तैयारी कर ली थी। यह कार्रवाई तब रोकी गई जब कीव ने दावा किया कि हमला जानबूझकर नहीं, बल्कि गलती से हुआ था। रेजाई ने यह बात प्रेस टीवी को दिए एक साक्षात्कार में कही।

मुख्य घटनाक्रम

पिछले सप्ताह कैस्पियन सागर में ईरान के एक मालवाहक जहाज पर हमला हुआ, जो लोहे का सामान लेकर जा रहा था। इस हमले में जहाज पर तैनात एक व्यक्ति की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हो गए। ईरान ने इस हमले के लिए यूक्रेन को जिम्मेदार ठहराया।

इटली की समाचार एजेंसी एडनक्रोनोस के मुताबिक, कीव का कहना था कि उसने कैस्पियन सागर में सैन्य सामग्री ले जा रहे दो रूसी जहाजों पर ड्रोन हमले किए थे — यानी ईरानी जहाज को रूसी जहाज समझकर निशाना बनाया गया।

राजनयिक प्रतिक्रिया और तनाव में कमी

हमले के तुरंत बाद ईरान ने कड़ी जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी। इसके बाद ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची और उनके यूक्रेनी समकक्ष के बीच फोन पर बातचीत हुई। अराघची ने बताया कि यूक्रेन ने ईरान को भरोसा दिलाया है कि हमला जानबूझकर नहीं किया गया था, जिसके बाद तनाव कुछ कम हुआ।

हालाँकि, रेजाई ने स्पष्ट किया: "अगर यह गलती से भी हुआ हो, तब भी मुआवजे की उम्मीद की जाती है।" यह बयान इस बात का संकेत है कि तेहरान ने भले ही सैन्य कार्रवाई रोकी हो, कूटनीतिक दबाव जारी रखने का इरादा है।

ईरान का यूरोपीय संघ से आग्रह

25 जुलाई को ईरानी विदेश मंत्री अराघची ने यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काया कैलास से फोन पर बात की और यूक्रेन की ओर से ईरानी व्यापारिक जहाज को निशाना बनाए जाने के मामले में 'निर्णायक' कदम उठाने की माँग की। ईरानी विदेश मंत्रालय के बयान के अनुसार, दोनों नेताओं ने क्षेत्र की ताज़ा स्थिति और हालिया घटनाक्रम पर विस्तृत चर्चा की।

अराघची का एक्स पर बयान

26 जुलाई को अराघची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा: "वोलोदिमिर जेलेंस्की ने एक ईरानी व्यापारिक जहाज पर हमला किया, जिसमें एक नाविक की जान चली गई। यह संयुक्त राष्ट्र चार्टर का खुला उल्लंघन है। यह काम इजरायल के इशारे पर किया गया ताकि यूरोप को उसके युद्ध में घसीटा जा सके। यूरोपीय संघ की उच्च प्रतिनिधि काया कैलास और विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से बातचीत में मैंने साफ कर दिया है कि कीव की यह कार्रवाई बिना जवाब के नहीं छोड़ी जाएगी।"

क्या होगा आगे

यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब रूस-यूक्रेन युद्ध के प्रभाव तेज़ी से पश्चिम एशिया तक फैल रहे हैं। ईरान और यूक्रेन के बीच सीधा टकराव टल गया है, लेकिन मुआवजे और जवाबदेही को लेकर तनाव बना हुआ है। गौरतलब है कि तेहरान ने अभी तक रूस को हथियार आपूर्ति के आरोपों का भी सामना किया है, जिससे उसकी कूटनीतिक स्थिति और जटिल हो गई है। आने वाले दिनों में ईरान-यूक्रेन-यूरोपीय संघ के बीच कूटनीतिक संपर्क निर्णायक भूमिका निभाएगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन मुआवजे की माँग यह भी संकेत देती है कि ईरान इस मामले को बंद नहीं करना चाहता। यह घटना इस बात की याद दिलाती है कि जब तक रूस-यूक्रेन युद्ध जारी है, तटस्थ देशों के व्यापारिक जहाज भी अनजाने में संघर्ष की चपेट में आ सकते हैं — और उसके राजनीतिक नतीजे कहीं अधिक व्यापक हो सकते हैं।
RashtraPress
4 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कैस्पियन सागर में ईरानी जहाज पर हमला कब और कैसे हुआ?
पिछले सप्ताह कैस्पियन सागर में ईरान का एक मालवाहक जहाज, जो लोहे का सामान ले जा रहा था, हमले का शिकार हुआ। इस हमले में एक व्यक्ति की मौत हुई और तीन अन्य घायल हुए। यूक्रेन का कहना था कि उसने रूसी जहाजों को निशाना बनाया था, ईरानी जहाज गलती से चपेट में आया।
ईरान ने यूक्रेन पर हमले की योजना क्यों बनाई थी?
ईरान ने अपने व्यापारी जहाज पर हुए हमले को यूक्रेन की कार्रवाई मानते हुए जवाबी हमले की तैयारी की थी। वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेजाई के अनुसार, यूक्रेन के तीन ठिकानों पर हमले की योजना तैयार थी, लेकिन कीव की 'गलती' की दलील और राजनयिक संपर्क के बाद कार्रवाई रोकी गई।
ईरान और यूक्रेन के बीच तनाव कैसे कम हुआ?
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची और उनके यूक्रेनी समकक्ष के बीच फोन पर बातचीत हुई, जिसमें यूक्रेन ने भरोसा दिलाया कि हमला जानबूझकर नहीं किया गया था। इसके बाद ईरान ने सैन्य कार्रवाई का इरादा टाल दिया, हालाँकि मुआवजे की माँग अभी भी बनी हुई है।
ईरान ने यूरोपीय संघ से क्या माँग की?
25 जुलाई को ईरानी विदेश मंत्री अराघची ने यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काया कैलास से बात कर इस मामले में 'निर्णायक' कदम उठाने की माँग की। ईरान चाहता है कि यूरोपीय संघ यूक्रेन पर जवाबदेही सुनिश्चित करे।
इस घटना का व्यापक भू-राजनीतिक असर क्या है?
यह घटना दर्शाती है कि रूस-यूक्रेन युद्ध के प्रभाव अब पश्चिम एशिया तक फैल रहे हैं और तटस्थ देशों के व्यापारिक जहाज भी इस संघर्ष की चपेट में आ सकते हैं। ईरान ने इस हमले को इजरायल की साजिश बताया है, जिससे क्षेत्रीय तनाव और जटिल हो गया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 6 दिन पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 1 सप्ताह पहले
  5. 1 सप्ताह पहले
  6. 1 सप्ताह पहले
  7. 1 सप्ताह पहले
  8. 2 महीने पहले