क्या जम्मू-कश्मीर में अब तक 5000 से अधिक लोगों का रेस्क्यू हुआ?

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क्या जम्मू-कश्मीर में अब तक 5000 से अधिक लोगों का रेस्क्यू हुआ?

सारांश

जम्मू-कश्मीर में हाल की भारी बारिश ने कई निचले इलाकों को जलमग्न कर दिया है। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने राहत कार्यों की समीक्षा की और 5000 से ज्यादा लोगों के रेस्क्यू की सूचना दी। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। जानें इस संकट की पूरी कहानी।

Key Takeaways

  • 5000 से अधिक लोगों का सफल रेस्क्यू
  • राहत कार्यों में त्वरित कदम
  • सेना एवं एनडीआरएफ की सक्रियता
  • बिजली और पेयजल की आपूर्ति की प्राथमिकता
  • स्थानीय प्रशासन का सक्रिय सहयोग

जम्मू, 27 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश के कारण कई निचले क्षेत्र जलमग्न हो गए हैं। बाढ़ की स्थिति की निगरानी करते हुए, उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू के संभागीय आयुक्त रमेश कुमार सहित अन्य अधिकारियों के साथ संवाद किया और राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की। उपराज्यपाल ने निर्देश दिया कि जिन स्थानों पर पानी कम हो रहा है, वहां बिजली, संचार और पेयजल की आपूर्ति को प्राथमिकता से बहाल किया जाए।

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "5000 से अधिक लोगों को निचले बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है। सेना, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें संभागीय आयुक्त कार्यालय के साथ समन्वय करके काम कर रही हैं।"

उन्होंने यह भी कहा कि प्रभावित लोगों को पर्याप्त राहत सामग्री और हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।

इससे पहले, कटरा में हुए भूस्खलन पर मनोज सिन्हा ने दुख व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि कई मृतकों की पहचान हो गई है और उनके शवों को घर भेजने की व्यवस्था की जा रही है।

इसी बीच, जम्मू-कश्मीर के सूचना विभाग ने जानकारी दी है कि पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया और स्थानीय स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया।

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर की स्थिति के बारे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जानकारी दी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "कुछ देर पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात की। मैंने उन्हें जम्मू-कश्मीर के सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति से अवगत कराया, जहां मंगलवार को तवी नदी के किनारे काफी नुकसान हुआ था। मैं जम्मू-कश्मीर के लोगों को निरंतर सहायता प्रदान करने के उनके आश्वासन के लिए आभारी हूं।"

Point of View

लेकिन राहत कार्य तेजी से चल रहे हैं। यह महत्वपूर्ण है कि प्रशासन और स्थानीय समुदाय मिलकर नुकसान की भरपाई करें और प्रभावित लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करें। हमें एकजुट होकर इस संकट का सामना करना चाहिए।
NationPress
30/08/2025

Frequently Asked Questions

जम्मू-कश्मीर में बाढ़ से कितने लोग प्रभावित हुए हैं?
5000 से अधिक लोगों को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है।
राहत कार्यों में कौन-कौन सी एजेंसियाँ शामिल हैं?
सेना, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें राहत कार्यों में शामिल हैं।
क्या प्रशासन ने प्रभावित लोगों को सहायता प्रदान की है?
हाँ, प्रशासन प्रभावित लोगों को पर्याप्त राहत सामग्री और सहायता प्रदान कर रहा है।
उमर अब्दुल्ला ने बाढ़ स्थिति के बारे में क्या कहा?
उन्होंने प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाने का आश्वासन दिया।
कटरा में भूस्खलन पर उपराज्यपाल का क्या कहना था?
उपराज्यपाल ने कटरा में हुए भूस्खलन पर दुख व्यक्त किया और मृतकों की पहचान की गई है।