क्या जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को वार्षिक रिपोर्ट सौंपी?
सारांश
मुख्य बातें
जम्मू, 29 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग (जेकेपीएससी) ने सोमवार को वर्ष 2024-2025 के लिए अपनी 66वीं वार्षिक रिपोर्ट उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को सौंपी।
प्रेस विज्ञप्ति में उल्लेख किया गया है कि जेकेपीएससी ने वर्ष 2024-25 के लिए अपनी 66वीं वार्षिक रिपोर्ट जम्मू के लोक भवन में उपराज्यपाल सिन्हा को प्रस्तुत की।
आयोग के सदस्यों राजीव सिंह, तारिक अहमद जरगर, यशपाल कोतवाल और आसफ महमूद सागर के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व जेकेपीएससी के अध्यक्ष अरुण कुमार चौधरी ने किया। यह रिपोर्ट भारत के संविधान के अनुच्छेद 323(2) के तहत प्रस्तुत की गई।
रिपोर्ट में एक वर्ष के महत्वपूर्ण प्रशासनिक सुधारों का विवरण दिया गया है और आयोग के कामकाज की व्यापक समीक्षा प्रस्तुत की गई है।
उपराज्यपाल ने ईमानदारी के उच्चतम मानकों को बनाए रखने और निष्पक्ष, योग्यता-आधारित, त्वरित और पारदर्शी चयन प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस की सराहना की।
जेकेपीएससी के अध्यक्ष चौधरी ने उपराज्यपाल सिन्हा को आगामी एसएमएस अधिसूचना पहल सहित तकनीकी उपायों के बारे में जानकारी दी, जिसका उद्देश्य उम्मीदवारों को चयन प्रक्रिया के विभिन्न चरणों में अद्यतन जानकारी प्रदान करना है।
रिपोर्ट में चयनित उम्मीदवारों, विभागीय पदोन्नति समिति की बैठकों, पदोन्नतियों और विभागों के स्वीकृत भर्ती नियमों सहित अन्य महत्वपूर्ण मामलों का विवरण प्रस्तुत किया गया है।
जेकेपीएससी जम्मू और कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश में सिविल सेवाओं और पदों के लिए अधिकारियों की भर्ती करने, प्रतिष्ठित प्रशासनिक पदों के लिए जेकेपीएससी संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा (सीसीई) जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं का संचालन करने, भर्ती प्रक्रियाओं का प्रबंधन करने, नीतियां निर्धारित करने और सेवा संबंधी मामलों पर सरकार को सलाह देने के लिए जिम्मेदार संवैधानिक निकाय है।
हाल ही में जम्मू-कश्मीर प्रशासनिक सेवा (जेकेपीएससी) केंद्र शासित प्रदेश प्रशासनिक सेवा में विभिन्न अधिकारी पदों के लिए आयोजित सीसीई परीक्षा के दौरान चर्चा में रही।