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क्या ढाका में खालिदा जिया के जनाजे में शामिल होने के लिए एस जयशंकर पहुंचे?

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क्या ढाका में खालिदा जिया के जनाजे में शामिल होने के लिए एस जयशंकर पहुंचे?

सारांश

ढाका में खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में विदेश मंत्री एस जयशंकर की उपस्थिति ने भारत-बांग्लादेश संबंधों को एक नई दिशा दी है। उनके निधन पर विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों का जुटना दर्शाता है कि बांग्लादेश की राजनीति में खालिदा जिया का योगदान महत्वपूर्ण था। जानें इस अवसर पर क्या हुआ।

मुख्य बातें

खालिदा जिया का अंतिम संस्कार ढाका में हुआ।
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शोक संदेश दिया।
अंतिम संस्कार में कई देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
खालिदा जिया का योगदान लोकतंत्र में महत्वपूर्ण था।
उनका दफन उनके पति की कब्र के पास किया जाएगा।

ढाका, 31 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। बांग्लादेश की प्रथम महिला प्रधानमंत्री खालिदा जिया का आज उनके पति और पूर्व राष्ट्रपति जियाउर रहमान के पास दफनाया जाएगा। उनके निधन पर शोक व्यक्त करने और अंतिम संस्कार में उपस्थित रहने के लिए कई देशों के प्रतिनिधि ढाका पहुंच रहे हैं। भारत की ओर से विदेश मंत्री एस जयशंकर भी इस मौके पर ढाका आए हैं।

ढाका पहुँचने के बाद एस. जयशंकर ने खालिदा जिया के बेटे और बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी के कार्यवाहक अध्यक्ष तारिक रहमान से मुलाकात की। इस अवसर पर उन्होंने पीएम मोदी का शोक संदेश भी तारिक रहमान को सौंपा।

भारत में बांग्लादेश के उच्चायुक्त रियाज हमीदुल्लाह ने इस मुलाकात की तस्वीरें साझा करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "माननीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने ढाका में लोगों की तरफ से संवेदना व्यक्त की। भारत सरकार ने बांग्लादेश में पूर्व प्रधानमंत्री बेगम खालिदा जिया के निधन पर शोक व्यक्त किया, लोकतंत्र में उनके योगदान को मान्यता दी और आने वाले चुनाव (फरवरी 2026) के माध्यम से बांग्लादेश में लोकतांत्रिक बदलाव के बाद संबंधों को मजबूत करने की उम्मीद जताई।"

वहीं, बीएसएस न्यूज के अनुसार, पाकिस्तान की नेशनल असेंबली के स्पीकर सरदार अयाज सादिक आज सुबह पूर्व प्रधानमंत्री के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए यहाँ पहुंचे।

इसके अलावा, नेपाल के विदेश मंत्री बाला नंद शर्मा अपनी सरकार की ओर से पूर्व बेगम खालिदा जिया के राजकीय अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए ढाका पहुंचे। नेपाल के विदेश मंत्री दोपहर 2 बजे माणिक मिया एवेन्यू में बेगम खालिदा जिया के जनाजे में शामिल होंगे।

बांग्लादेशी मीडिया की ओर से मिली जानकारी के अनुसार, वर्तमान में खालिदा जिया का पार्थिव शरीर मानिक मिया एवेन्यू में रखा गया है, जहाँ दोपहर 2 बजे उनकी नमाज-ए-जनाजा होगी। जिया के नमाज-ए-जनाजा में शामिल होने के लिए भारी संख्या में जनसैलाब उमड़ रहा है। सुबह करीब 11:50 बजे, बांग्लादेश के राष्ट्रीय झंडे में लिपटी एक फ्रीजर-वैन गुलशन एवेन्यू से मानिक मिया एवेन्यू पहुंची।

फ्रीजर-वैन सुबह करीब 11:02 बजे कड़ी सुरक्षा के बीच तारिक के घर से निकली। जनाजे में भाग लेने के लिए हजारों की संख्या में लोग वहाँ जमा हुए हैं। सेना, पुलिस, आरएबी, बीजीबी और अन्य कानून लागू करने वाली एजेंसियों के सदस्य तैनात हैं।

जनाजा के बाद, उन्हें शेर-ए-बांग्ला नगर के जिया उद्यान में उनके पति, दिवंगत राष्ट्रपति जियाउर रहमान की कब्र के पास दफनाया जाएगा। जियाउर रहमान की कब्र के पास एक कब्र पहले से ही तैयार कर ली गई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहाँ खालिदा जिया की विरासत और उनके योगदान को मान्यता दी जा रही है। विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों का जुटना दर्शाता है कि उनका प्रभाव केवल बांग्लादेश तक सीमित नहीं था, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी उनकी पहचान थी।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

खालिदा जिया का योगदान क्या था?
खालिदा जिया ने बांग्लादेश की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, वे देश की पहली महिला प्रधानमंत्री थीं और लोकतंत्र के लिए उनकी संघर्षशीलता को याद किया जाएगा।
एस जयशंकर ने किसके पास पीएम मोदी का शोक संदेश दिया?
एस जयशंकर ने खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान को पीएम मोदी का शोक संदेश सौंपा।
अंतिम संस्कार में कौन-कौन शामिल हुए?
अंतिम संस्कार में भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर, पाकिस्तान के नेशनल असेंबली स्पीकर और नेपाल के विदेश मंत्री शामिल हुए।
राष्ट्र प्रेस
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