क्या लुटनिक की टिप्पणी सही है? विदेश मंत्रालय ने दी सफाई, '2025 में पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच आठ बार हुई बात'
सारांश
Key Takeaways
- 2025 में पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच आठ बार बातचीत हुई।
- द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत की जा रही है।
- विदेश मंत्रालय ने लुटनिक की टिप्पणियों को गैरजरूरी बताया।
नई दिल्ली, 9 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय विदेश मंत्रालय ने जानकारी दी है कि 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच लगभग आठ बार बातचीत हुई। दोनों देशों ने द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर चर्चा करने का आश्वासन दिया और कई अवसरों पर समझौता होने की संभावना भी बनी।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक प्रेस ब्रीफिंग में यह जानकारी साझा की। मीडिया द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में, जिसमें अमेरिकी अधिकारियों और मंत्री हॉवर्ड लुटनिक की टिप्पणियों पर चर्चा की गई थी, उन्होंने कहा, "हमने इन टिप्पणियों का अवलोकन किया है। भारत और अमेरिका पिछले साल 13 फरवरी से द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर चर्चा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। तब से, दोनों पक्षों ने एक संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी व्यापारिक समझौते की दिशा में बातचीत की है।"
जायसवाल ने टिप्पणी करते हुए कहा, "रिपोर्ट की गई टिप्पणियों में चर्चा का विवरण गलत है। हम दो पूरक अर्थव्यवस्थाओं के बीच पारस्परिक लाभकारी व्यापार में रुचि रखते हैं और इसकी उम्मीद करते हैं। संयोगवश, प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति ट्रंप ने 2025 में आठ मौकों पर फोन पर बातचीत की है, जिसमें व्यापक साझेदारी पर चर्चा की गई है।"
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच एक मित्रवत संबंध है और उन्होंने हमेशा एक-दूसरे को राजनयिक नियमों के अनुसार सम्मानपूर्वक संबोधित किया है।
असल में, अमेरिका के वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लुटनिक ने एक पॉडकास्ट में कहा था कि भारत और अमेरिका के बीच डील होने वाली थी। सब कुछ तय हो गया था, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति ट्रंप को फोन नहीं किया, जिससे डील नहीं हो सकी। उनके इस बयान को गैरजरूरी टिप्पणी माना जा रहा है।